पापमोचनी एकादशी 2027 — शुक्रवार, 02-04-2027
पापमोचनी एकादशी 2027: शुक्रवार, 02-04-2027। दिल्ली में पारण (व्रत खोलना): शनिवार, 03-04-2027, 1:40 दोपहर से 4:09 शाम तक।
चैत्र कृष्ण एकादशी (अमांत पंचांग में फाल्गुन)।
तिथि आरंभ12:46 रात02-04-2027
तिथि समाप्त2:52 रात, 3 अप्रैल03-04-2027
पारण (व्रत खोलने का समय)1:40 दोपहर – 4:09 शामशनिवार, 03-04-2027 · दिल्ली में
क्या किया जाता है
पापमोचनी का मतलब है पापों से छुड़ाने वाली। यह हिंदू नव वर्ष से पहले की आख़िरी एकादशी है। इसकी कथा ऋषि मेधावी की है, जिन्होंने अपनी एक भूल को मिटाने के लिए पिता के कहने पर यह व्रत रखा। हर एकादशी की तरह यह भगवान विष्णु के लिए रखी जाती है: चावल और अनाज नहीं खाए जाते, और व्रत अगले दिन द्वादशी को, इस पन्ने पर दिए पारण के समय खोला जाता है।
पापमोचनी एकादशी की आरती और कथा
दिल्ली में दिन के मुहूर्त
| नाम | समय |
|---|---|
| Brahma Muhurta | 4:38 सुबह – 5:24 सुबह |
| Pratah Sandhya | 5:01 सुबह – 6:10 सुबह |
| Gulika | 7:44 सुबह – 9:18 सुबह |
| Rahu Kaal | 10:51 सुबह – 12:25 दोपहर |
| Abhijit | 12:00 दोपहर – 12:50 दोपहर |
| Vijaya Muhurta | 2:30 दोपहर – 3:20 दोपहर |
| Yamaganda | 3:32 दोपहर – 5:06 शाम |
| Godhuli Muhurta | 6:40 शाम – 7:03 शाम |
| Sayahna Sandhya | 6:40 शाम – 7:49 शाम |
| Nishita Muhurta | 12:01 रात – 12:47 रात, 3 अप्रैल |
पापमोचनी एकादशी दूसरे सालों में
| 2026 | रविवार, 15-03-2026 |
| 2027 | शुक्रवार, 02-04-2027 |
| 2028 | मंगलवार, 21-03-2028 |
| 2029 | शनिवार, 10-03-2029 |
| 2030 | शुक्रवार, 29-03-2030 |
| 2031 | बुधवार, 19-03-2031 |