माया से पूछें
होम / शुभ मुहूर्त / गृह प्रवेश गृह प्रवेश मुहूर्त 2026 — शुभ दिन आगे 35 शुभ दिन · दिल्ली · आज से आगे
पूरा साल एक नज़र में जिन दिनों पर निशान है वे शुभ हैं, और रंग जितना गहरा दिन उतना अच्छा। जिस महीने में एक भी नहीं, उसके नीचे वजह लिखी है — खाली नहीं छोड़ा जाता।
सितंबर 2026 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14
ये दिन कैसे चुने जाते हैं दिन किस बात से तय होता है पहले सौर मास — कुछ राशियों में सूर्य हो तो विवाह नहीं होता। फिर उस दिन के सूर्योदय का नक्षत्र। फिर वे समय जिनमें कोई शुभ काम शुरू नहीं होता: चातुर्मास, अधिक मास, पितृ पक्ष।
दर्जा किस बात से वार और तिथि पसंद की बात हैं, रोक की नहीं। शास्त्र इन्हें सौर मास और नक्षत्र से नीचे रखते हैं, और जिन पंचांगों से हम मिलान करते हैं वे ऐसे दिन भी छापते हैं। इसलिए ऐसा दिन हम देते हैं और साथ में लिख देते हैं कि क्या कम है — फ़ैसला आपका।
समय कौन-सा वही नाम वाले मुहूर्त जो परंपरा में हैं — अभिजित, ब्रह्म मुहूर्त, गोधूलि, और शुभ चौघड़िया — उनमें से राहु काल, गुलिक, यमगंड और भद्रा काट कर। बीच के बचे हुए ख़ाली समय नहीं, जिनका कोई उपयोग नहीं।
पंचांगों से कितना मिलता है 2026 के लिए दिल्ली में दृक पंचांग जो 59 विवाह तिथियाँ छापता है, वे सब हमारे पास हैं। कुछ और भी हैं जो उनके पास नहीं — उनकी सूची चुनी हुई है, महीने में पाँच के आसपास; हमारी में हर वह दिन है जो नियमों पर खरा उतरता है। हर दिन के साथ उसका दर्जा लिखा है।
यह क्या नहीं है तारीख़ और जगह से निकला मुहूर्त सबके लिए एक जैसा है। किसी ख़ास जोड़े के लिए इनमें से दिन चुनना सलाह का काम है, और यह पन्ना वह होने का दावा नहीं करता — यहाँ किसी की जन्म कुंडली नहीं ली गई।
Muhurta Chintamani (Rama Daivajna) · Drik Panchang, "Griha Pravesh Muhurat — auspicious dates for house warming"
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भाद्रपद में गृह प्रवेश नहीं
अक्तूबर 2026 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31
आश्विन में गृह प्रवेश नहीं
जनवरी 2027 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31
1 2
मार्च 2027 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31
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नवंबर 2026 अमृत 8:47 रात – 10:26 रात10 समय
वार बुधवार
तिथि शुक्ल द्वितीया
नक्षत्र अनुराधापाद 4
योग अतिगण्ड इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 4:55 सुबह – 5:48 सुबह 53मि लाभ 6:40 सुबह – 8:01 सुबह 1घं 21मि विजय मुहूर्त 1:53 दोपहर – 2:36 दोपहर 43मि चर 2:47 दोपहर – 4:08 शाम 1घं 21मि लाभ 4:08 शाम – 5:30 शाम 1घं 21मि गोधूलि मुहूर्त 5:30 शाम – 5:56 शाम 26मि शुभ 7:09 शाम – 8:47 रात 1घं 39मि अमृत 8:47 रात – 10:26 रात 1घं 39मि चर 10:26 रात – 12:05 रात, 12 नवंबर 1घं 39मि लाभ 3:23 रात – 5:02 सुबह, 12 नवंबर 1घं 39मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18 द्वितीया — पसंदीदा तिथि+12 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 10 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चुनने से पहले यह जान लें Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 अमृत 10:26 रात – 12:06 रात, 15 नवंबर11 समय
वार शनिवार
तिथि शुक्ल पंचमी
नक्षत्र पूर्वाषाढ़ापाद 2
योग शूल इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 4:57 सुबह – 5:50 सुबह 53मि शुभ 8:03 सुबह – 9:24 सुबह 1घं 21मि अभिजित मुहूर्त 11:44 सुबह – 12:27 दोपहर 43मि चर 12:05 दोपहर – 1:26 दोपहर 1घं 21मि अमृत 2:47 दोपहर – 4:07 शाम 1घं 21मि गोधूलि मुहूर्त 5:28 शाम – 5:55 शाम 27मि लाभ 5:28 शाम – 7:08 शाम 1घं 39मि
अमृत 5:26 शाम – 7:06 शाम11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल नवमी
नक्षत्र पूर्व भाद्रपदपाद 1
योग व्याघात इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:00 सुबह – 5:53 सुबह 53मि चर 10:46 सुबह – 12:06 दोपहर 1घं 20मि अभिजित मुहूर्त 11:45 सुबह – 12:28 दोपहर 43मि लाभ 12:06 दोपहर – 1:26 दोपहर 1घं 20मि शुभ 4:06 शाम – 5:26 शाम 1घं 20मि गोधूलि मुहूर्त 5:26 शाम – 5:53 शाम 27मि अमृत 5:26 शाम – 7:06 शाम 1घं 40मि
चर 6:47 सुबह – 8:07 सुबह8 समय
वार शुक्रवार
तिथि शुक्ल दशमी
नक्षत्र पूर्व भाद्रपदपाद 4
योग वज्र इस दिन का समय (8) ब्रह्म मुहूर्त 5:00 सुबह – 5:54 सुबह 53मि चर 6:47 सुबह – 8:07 सुबह 1घं 20मि अमृत 9:27 सुबह – 10:47 सुबह 1घं 20मि अभिजित मुहूर्त 12:07 दोपहर – 12:28 दोपहर 21मि शुभ 12:07 दोपहर – 1:26 दोपहर 1घं 20मि विजय मुहूर्त
शुभ 8:46 रात – 10:27 रात11 समय
वार शनिवार
तिथि शुक्ल द्वादशी
नक्षत्र उत्तर भाद्रपदपाद 4
योग सिद्धि इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:01 सुबह – 5:55 सुबह 53मि शुभ 8:08 सुबह – 9:27 सुबह 1घं 20मि अभिजित मुहूर्त 11:46 सुबह – 12:28 दोपहर 42मि चर 12:07 दोपहर – 1:26 दोपहर 1घं 20मि अमृत 2:46 दोपहर – 4:06 शाम 1घं 20मि गोधूलि मुहूर्त 5:25 शाम – 5:52 शाम 27मि लाभ 5:25 शाम – 7:06 शाम 1घं 40मि
शुभ 7:05 शाम – 8:46 रात10 समय
वार बुधवार
तिथि कृष्ण प्रतिपदा
नक्षत्र रोहिणीपाद 2
योग शिव इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 5:04 सुबह – 5:57 सुबह 54मि लाभ 6:51 सुबह – 8:10 सुबह 1घं 19मि विजय मुहूर्त 1:53 दोपहर – 2:36 दोपहर 42मि चर 2:46 दोपहर – 4:05 शाम 1घं 19मि लाभ 4:05 शाम – 5:25 शाम 1घं 19मि गोधूलि मुहूर्त 5:25 शाम – 5:51 शाम 27मि शुभ 7:05 शाम – 8:46 रात 1घं 41मि
चर 7:05 शाम – 8:46 रात8 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण द्वितीया
नक्षत्र मृगशिरापाद 2
योग सिद्ध इस दिन का समय (8) ब्रह्म मुहूर्त 5:04 सुबह – 5:58 सुबह 54मि चर 10:49 सुबह – 12:08 दोपहर 1घं 19मि अभिजित मुहूर्त 11:47 सुबह – 12:29 दोपहर 42मि लाभ 12:08 दोपहर – 1:27 दोपहर 1घं 19मि शुभ 4:05 शाम – 5:24 शाम 1घं 19मि गोधूलि मुहूर्त
दिसंबर 2026 चर 10:29 रात – 12:11 रात, 3 दिसंबर10 समय
वार बुधवार
तिथि कृष्ण नवमी
नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनीपाद 4
योग विष्कम्भ इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 5:08 सुबह – 6:03 सुबह 54मि लाभ 6:57 सुबह – 8:15 सुबह 1घं 18मि विजय मुहूर्त 1:55 दोपहर – 2:37 दोपहर 42मि चर 2:47 दोपहर – 4:05 शाम 1घं 18मि लाभ 4:05 शाम – 5:24 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:24 शाम – 5:51 शाम
जनवरी 2027 लाभ 9:00 रात – 10:42 रात10 समय
वार शुक्रवार
तिथि कृष्ण नवमी
नक्षत्र चित्रापाद 3
योग अतिगण्ड इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 5:24 सुबह – 6:19 सुबह 55मि चर 7:14 सुबह – 8:31 सुबह 1घं 18मि अमृत 9:49 सुबह – 11:07 सुबह 1घं 18मि अभिजित मुहूर्त 12:24 दोपहर – 12:45 दोपहर 21मि शुभ 12:24 दोपहर – 1:42 दोपहर 1घं 18मि विजय मुहूर्त 2:08 दोपहर – 2:50 दोपहर
फ़रवरी 2027 लाभ 3:49 रात – 5:26 सुबह, 11 फ़रवरी4 समय
वार बुधवार
तिथि शुक्ल चतुर्थी
नक्षत्र उत्तर भाद्रपदपाद 1
योग सिद्ध इस दिन का समय (4) ब्रह्म मुहूर्त 5:20 सुबह – 6:12 सुबह 52मि लाभ 7:04 सुबह – 8:26 सुबह 1घं 23मि विजय मुहूर्त 2:26 दोपहर – 2:46 दोपहर 20मि लाभ 3:49 रात – 5:26 सुबह, 11 फ़रवरी 1घं 37मि
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यह दिन क्यों शुभ — उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
मार्च 2027 अमृत 9:27 रात – 11:00 रात10 समय
वार बुधवार
तिथि कृष्ण एकादशी
नक्षत्र पूर्वाषाढ़ापाद 2
योग व्यतीपात इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 5:05 सुबह – 5:55 सुबह 50मि लाभ 6:44 सुबह – 8:12 सुबह 1घं 27मि विजय मुहूर्त 2:30 दोपहर – 3:16 दोपहर 47मि चर 3:28 दोपहर – 4:55 शाम 1घं 27मि
जिन महीनों में मुहूर्त है शुभ
8:47 रात – 10:26 रात
1घं 39मि
अमृत 10:26 रात – 12:06 रात, 15 नवंबर 1घं 39मि
चर 12:06 रात – 1:45 रात, 15 नवंबर 1घं 39मि
लाभ 5:04 सुबह – 6:43 सुबह, 15 नवंबर 1घं 39मि
यह दिन क्यों शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
68 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18 पंचमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 चर
7:06 शाम – 8:46 रात
1घं 40मि
लाभ 12:07 रात – 1:47 रात, 20 नवंबर 1घं 40मि
शुभ 3:27 रात – 5:07 सुबह, 20 नवंबर 1घं 40मि
अमृत 5:07 सुबह – 6:47 सुबह, 20 नवंबर 1घं 40मि
यह दिन क्यों शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
68 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 11 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 1:53 दोपहर – 2:35 दोपहर
43मि
चर 4:06 शाम – 5:26 शाम 1घं 20मि
गोधूलि मुहूर्त 5:26 शाम – 5:53 शाम 27मि
यह दिन क्यों अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
80 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18 दशमी — पसंदीदा तिथि+12 शुक्रवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 8 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Vajra योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 शुभ
8:46 रात – 10:27 रात
1घं 40मि
अमृत 10:27 रात – 12:07 रात, 22 नवंबर 1घं 40मि
चर 12:07 रात – 1:48 रात, 22 नवंबर 1घं 40मि
लाभ 5:08 सुबह – 6:49 सुबह, 22 नवंबर 1घं 40मि
यह दिन क्यों शुभ — उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
78 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18 द्वादशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 अमृत
8:46 रात – 10:27 रात
1घं 41मि
चर 10:27 रात – 12:08 रात, 26 नवंबर 1घं 41मि
लाभ 3:30 रात – 5:11 सुबह, 26 नवंबर 1घं 41मि
यह दिन क्यों शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
88 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 10 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 5:24 शाम – 5:51 शाम
27मि
अमृत 5:24 शाम – 7:05 शाम 1घं 41मि
चर 7:05 शाम – 8:46 रात 1घं 41मि
यह दिन क्यों अति शुभ — मृगशिरा नक्षत्र (कोमलता — नरम शुरुआत)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है मृगशिरा नक्षत्र — कोमलता — नरम शुरुआत+18 द्वितीया — पसंदीदा तिथि+12 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 8 समय+8 27मि
शुभ 7:06 शाम – 8:47 रात 1घं 42मि
अमृत 8:47 रात – 10:29 रात 1घं 42मि
चर 10:29 रात – 12:11 रात, 3 दिसंबर 1घं 42मि
लाभ 3:34 रात – 5:16 सुबह, 3 दिसंबर 1घं 42मि
यह दिन क्यों शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
68 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 10 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 लाभ 12:11 रात – 1:53 रात, 4 दिसंबर4 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण दशमी
नक्षत्र उत्तरा फाल्गुनीपाद 4
योग प्रीति इस दिन का समय (4) ब्रह्म मुहूर्त 5:09 सुबह – 6:03 सुबह 54मि लाभ 12:11 रात – 1:53 रात, 4 दिसंबर 1घं 42मि शुभ 3:35 रात – 5:16 सुबह, 4 दिसंबर 1घं 42मि अमृत 5:16 सुबह – 6:58 सुबह, 4 दिसंबर 1घं 42मि
समय IST में ▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों अति शुभ — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18 दशमी — पसंदीदा तिथि+12 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 4 समय+8 लाभ 8:48 रात – 10:30 रात12 समय
वार शुक्रवार
तिथि कृष्ण एकादशी
नक्षत्र हस्तपाद 4
योग आयुष्मान इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:10 सुबह – 6:04 सुबह 54मि चर 6:58 सुबह – 8:16 सुबह 1घं 18मि अमृत 9:35 सुबह – 10:53 सुबह 1घं 18मि अभिजित मुहूर्त 12:11 दोपहर – 12:32 दोपहर 21मि शुभ 12:11 दोपहर – 1:29 दोपहर 1घं 18मि विजय मुहूर्त 1:55 दोपहर – 2:37 दोपहर 42मि चर 4:06 शाम – 5:24 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:24 शाम – 5:51 शाम 27मि लाभ 8:48 रात – 10:30 रात 1घं 42मि शुभ 12:11 रात – 1:53 रात, 5 दिसंबर 1घं 42मि अमृत 1:53 रात – 3:35 रात, 5 दिसंबर 1घं 42मि चर 3:35 रात – 5:17 सुबह, 5 दिसंबर 1घं 42मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18 एकादशी — पसंदीदा तिथि+12 शुक्रवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 12 समय+8 अमृत 10:30 रात – 12:12 रात, 6 दिसंबर11 समय
वार शनिवार
तिथि कृष्ण द्वादशी
नक्षत्र चित्रापाद 4
योग सौभाग्य इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:10 सुबह – 6:05 सुबह 54मि शुभ 8:17 सुबह – 9:35 सुबह 1घं 18मि अभिजित मुहूर्त 11:51 सुबह – 12:32 दोपहर 42मि चर 12:12 दोपहर – 1:30 दोपहर 1घं 18मि अमृत 2:48 दोपहर – 4:06 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:24 शाम – 5:51 शाम 27मि लाभ 5:24 शाम – 7:06 शाम 1घं 42मि शुभ 8:48 रात – 10:30 रात 1घं 42मि अमृत 10:30 रात – 12:12 रात, 6 दिसंबर 1घं 42मि चर 12:12 रात – 1:54 रात, 6 दिसंबर 1घं 42मि लाभ 5:18 सुबह – 7:00 सुबह, 6 दिसंबर 1घं 42मि
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यह दिन क्यों शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
88 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18 द्वादशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चर 5:24 शाम – 7:06 शाम9 समय
वार सोमवार
तिथि कृष्ण चतुर्दशी
नक्षत्र विशाखापाद 3
योग अतिगण्ड इस दिन का समय (9) ब्रह्म मुहूर्त 5:12 सुबह – 6:06 सुबह 54मि लाभ 3:15 दोपहर – 4:06 शाम 51मि अमृत 4:06 शाम – 5:24 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:24 शाम – 5:52 शाम 27मि चर 5:24 शाम – 7:06 शाम 1घं 42मि लाभ 10:31 रात – 12:13 रात, 8 दिसंबर 1घं 42मि शुभ 1:55 रात – 3:37 रात, 8 दिसंबर 1घं 42मि अमृत 3:37 रात – 5:19 सुबह, 8 दिसंबर 1घं 42मि चर 5:19 सुबह – 7:01 सुबह, 8 दिसंबर 1घं 42मि
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यह दिन क्यों शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
78 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18 सोमवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 9 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चुनने से पहले यह जान लें Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 लाभ 8:50 रात – 10:32 रात12 समय
वार शुक्रवार
तिथि शुक्ल द्वितीया
नक्षत्र पूर्वाषाढ़ापाद 2
योग गण्ड इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:14 सुबह – 6:09 सुबह 55मि चर 7:03 सुबह – 8:21 सुबह 1घं 18मि अमृत 9:39 सुबह – 10:56 सुबह 1घं 18मि अभिजित मुहूर्त 12:14 दोपहर – 12:35 दोपहर 21मि शुभ 12:14 दोपहर – 1:32 दोपहर 1घं 18मि विजय मुहूर्त 1:58 दोपहर – 2:39 दोपहर 41मि चर 4:07 शाम – 5:25 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:25 शाम – 5:52 शाम 27मि लाभ 8:50 रात – 10:32 रात 1घं 42मि शुभ 12:14 रात – 1:57 रात, 12 दिसंबर 1घं 42मि अमृत 1:57 रात – 3:39 रात, 12 दिसंबर 1घं 42मि चर 3:39 रात – 5:22 सुबह, 12 दिसंबर 1घं 42मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
80 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18 द्वितीया — पसंदीदा तिथि+12 शुक्रवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 12 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 लाभ 5:25 शाम – 7:08 शाम10 समय
वार शनिवार
तिथि शुक्ल तृतीया
नक्षत्र उत्तराषाढ़ापाद 1
योग वृद्धि इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 5:15 सुबह – 6:09 सुबह 55मि शुभ 8:22 सुबह – 9:39 सुबह 1घं 18मि अभिजित मुहूर्त 11:54 सुबह – 12:35 दोपहर 41मि चर 12:15 दोपहर – 1:32 दोपहर 1घं 18मि अमृत 2:50 दोपहर – 4:08 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:25 शाम – 5:53 शाम 27मि लाभ 5:25 शाम – 7:08 शाम 1घं 42मि शुभ 8:50 रात – 10:33 रात 1घं 42मि अमृत 10:33 रात – 12:15 रात, 13 दिसंबर 1घं 42मि चर 12:15 रात – 1:57 रात, 13 दिसंबर 1घं 42मि
समय IST में ▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
88 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18 तृतीया — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 10 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 अमृत 5:27 शाम – 7:10 शाम11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल अष्टमी
नक्षत्र पूर्व भाद्रपदपाद 3
योग सिद्धि इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:18 सुबह – 6:12 सुबह 55मि चर 11:13 सुबह – 12:17 दोपहर 1घं 4मि अभिजित मुहूर्त 11:56 सुबह – 12:38 दोपहर 41मि लाभ 12:17 दोपहर – 1:35 दोपहर 1घं 18मि शुभ 4:10 शाम – 5:27 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:27 शाम – 5:54 शाम 27मि अमृत 5:27 शाम – 7:10 शाम 1घं 43मि चर 7:10 शाम – 8:52 रात 1घं 43मि लाभ 12:17 रात – 2:00 रात, 18 दिसंबर 1घं 43मि शुभ 3:42 रात – 5:25 सुबह, 18 दिसंबर 1घं 43मि अमृत 5:25 सुबह – 7:08 सुबह, 18 दिसंबर 1घं 43मि
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यह दिन क्यों शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
78 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 11 समय+8 लाभ 8:53 रात – 10:35 रात12 समय
वार शुक्रवार
तिथि शुक्ल नवमी
नक्षत्र उत्तर भाद्रपदपाद 3
योग व्यतीपात इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:18 सुबह – 6:13 सुबह 55मि चर 7:08 सुबह – 8:25 सुबह 1घं 17मि अमृत 9:43 सुबह – 11:00 सुबह 1घं 17मि अभिजित मुहूर्त 12:18 दोपहर – 12:38 दोपहर 21मि शुभ 12:18 दोपहर – 1:35 दोपहर 1घं 17मि विजय मुहूर्त 2:01 दोपहर – 2:42 दोपहर 41मि चर 4:10 शाम – 5:27 शाम 1घं 17मि गोधूलि मुहूर्त 5:27 शाम – 5:55 शाम 27मि लाभ 8:53 रात – 10:35 रात 1घं 43मि शुभ 12:18 रात – 2:00 रात, 19 दिसंबर 1घं 43मि अमृत 2:00 रात – 3:43 रात, 19 दिसंबर 1घं 43मि चर 3:43 रात – 5:26 सुबह, 19 दिसंबर 1घं 43मि
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यह दिन क्यों शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
78 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18 शुक्रवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 12 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चुनने से पहले यह जान लें Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 शुभ 8:53 रात – 10:36 रात11 समय
वार शनिवार
तिथि शुक्ल दशमी
नक्षत्र रेवतीपाद 3
योग वरीयान इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:19 सुबह – 6:13 सुबह 55मि शुभ 8:26 सुबह – 9:43 सुबह 1घं 17मि अभिजित मुहूर्त 11:57 सुबह – 12:39 दोपहर 41मि चर 12:18 दोपहर – 1:35 दोपहर 1घं 17मि अमृत 2:53 दोपहर – 4:10 शाम 1घं 17मि गोधूलि मुहूर्त 5:28 शाम – 5:55 शाम 27मि लाभ 5:28 शाम – 7:10 शाम 1घं 43मि शुभ 8:53 रात – 10:36 रात 1घं 43मि अमृत 10:36 रात – 12:18 रात, 20 दिसंबर 1घं 43मि चर 12:18 रात – 2:01 रात, 20 दिसंबर 1घं 43मि लाभ 5:26 सुबह – 7:09 सुबह, 20 दिसंबर 1घं 43मि
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यह दिन क्यों शुभ — रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
78 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18 दशमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 चर 10:38 रात – 12:20 रात, 24 दिसंबर5 समय
वार बुधवार
तिथि शुक्ल चतुर्दशी
नक्षत्र रोहिणीपाद 4
योग शुभ इस दिन का समय (5) ब्रह्म मुहूर्त 5:21 सुबह – 6:15 सुबह 55मि लाभ 7:10 सुबह – 8:28 सुबह 1घं 17मि अमृत 8:55 रात – 10:38 रात 1घं 43मि चर 10:38 रात – 12:20 रात, 24 दिसंबर 1घं 43मि लाभ 3:45 रात – 5:28 सुबह, 24 दिसंबर 1घं 43मि
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यह दिन क्यों शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
88 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 5 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 अमृत 8:59 रात – 10:41 रात10 समय
वार बुधवार
तिथि कृष्ण सप्तमी
नक्षत्र उत्तरा फाल्गुनीपाद 3
योग सौभाग्य इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 5:24 सुबह – 6:18 सुबह 55मि लाभ 7:13 सुबह – 8:31 सुबह 1घं 18मि विजय मुहूर्त 2:07 दोपहर – 2:48 दोपहर 41मि चर 2:59 दोपहर – 4:16 शाम 1घं 18मि लाभ 4:16 शाम – 5:34 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:34 शाम – 6:01 शाम 27मि शुभ 7:16 शाम – 8:59 रात 1घं 42मि अमृत 8:59 रात – 10:41 रात 1घं 42मि चर 10:41 रात – 12:24 रात, 31 दिसंबर 1घं 42मि लाभ 3:48 रात – 5:31 सुबह, 31 दिसंबर 1घं 42मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
100 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18 सप्तमी — पसंदीदा तिथि+12 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 10 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 अमृत 5:35 शाम – 7:17 शाम11 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण अष्टमी
नक्षत्र हस्तपाद 3
योग शोभन इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:24 सुबह – 6:19 सुबह 55मि चर 11:06 सुबह – 12:24 दोपहर 1घं 18मि अभिजित मुहूर्त 12:03 दोपहर – 12:45 दोपहर 41मि लाभ 12:24 दोपहर – 1:42 दोपहर 1घं 18मि शुभ 4:17 शाम – 5:35 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:35 शाम – 6:02 शाम 27मि अमृत 5:35 शाम – 7:17 शाम 1घं 42मि चर 7:17 शाम – 8:59 रात 1घं 42मि लाभ 12:24 रात – 2:06 रात, 1 जनवरी 1घं 42मि शुभ 3:49 रात – 5:31 सुबह, 1 जनवरी 1घं 42मि अमृत 5:31 सुबह – 7:14 सुबह, 1 जनवरी 1घं 42मि
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यह दिन क्यों शुभ — हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
78 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 11 समय+8 41मि
चर 4:18 शाम – 5:35 शाम 1घं 18मि
गोधूलि मुहूर्त 5:35 शाम – 6:03 शाम 27मि
लाभ 9:00 रात – 10:42 रात 1घं 42मि
शुभ 12:25 रात – 1:43 रात, 2 जनवरी 1घं 19मि
यह दिन क्यों शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
68 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18 शुक्रवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 10 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 चर 5:37 शाम – 7:20 शाम12 समय
वार सोमवार
तिथि कृष्ण द्वादशी
नक्षत्र अनुराधापाद 2
योग शूल इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:25 सुबह – 6:20 सुबह 54मि अमृत 7:14 सुबह – 8:32 सुबह 1घं 18मि शुभ 9:50 सुबह – 11:08 सुबह 1घं 18मि अभिजित मुहूर्त 12:26 दोपहर – 12:47 दोपहर 21मि लाभ 3:02 दोपहर – 4:20 शाम 1घं 18मि अमृत 4:20 शाम – 5:37 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:37 शाम – 6:05 शाम 27मि चर 5:37 शाम – 7:20 शाम 1घं 42मि लाभ 10:44 रात – 12:26 रात, 5 जनवरी 1घं 42मि शुभ 2:08 रात – 3:50 रात, 5 जनवरी 1घं 42मि अमृत 3:50 रात – 5:32 सुबह, 5 जनवरी 1घं 42मि चर 5:32 सुबह – 7:14 सुबह, 5 जनवरी 1घं 42मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18 द्वादशी — पसंदीदा तिथि+12 सोमवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 12 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चुनने से पहले यह जान लें Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 अमृत 5:40 शाम – 7:22 शाम11 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण अमावस्या
नक्षत्र पूर्वाषाढ़ापाद 1
योग ध्रुव इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:26 सुबह – 6:20 सुबह 54मि चर 11:09 सुबह – 12:27 दोपहर 1घं 18मि अभिजित मुहूर्त 12:06 दोपहर – 12:48 दोपहर 42मि लाभ 12:27 दोपहर – 1:45 दोपहर 1घं 18मि शुभ 4:22 शाम – 5:40 शाम 1घं 18मि गोधूलि मुहूर्त 5:40 शाम – 6:07 शाम 27मि अमृत 5:40 शाम – 7:22 शाम 1घं 42मि चर 7:22 शाम – 9:03 रात 1घं 42मि लाभ 12:27 रात – 2:09 रात, 8 जनवरी 1घं 42मि शुभ 3:51 रात – 5:33 सुबह, 8 जनवरी 1घं 42मि अमृत 5:33 सुबह – 7:15 सुबह, 8 जनवरी 1घं 42मि
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यह दिन क्यों शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
78 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 11 समय+8 यह दिन अच्छा क्यों है उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 4 समय+8 चर 7:45 शाम – 9:22 रात11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल पंचमी
नक्षत्र रेवतीपाद 1
योग साध्य इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:19 सुबह – 6:11 सुबह 52मि चर 11:12 सुबह – 12:35 दोपहर 1घं 23मि अभिजित मुहूर्त 12:13 दोपहर – 12:58 दोपहर 44मि लाभ 12:35 दोपहर – 1:59 दोपहर 1घं 23मि शुभ 4:45 शाम – 6:08 शाम 1घं 23मि गोधूलि मुहूर्त 6:08 शाम – 6:34 शाम 26मि अमृत 6:08 शाम – 7:45 शाम 1घं 37मि चर 7:45 शाम – 9:22 रात 1घं 37मि लाभ 12:35 रात – 2:12 रात, 12 फ़रवरी 1घं 37मि शुभ 3:49 रात – 5:25 सुबह, 12 फ़रवरी 1घं 37मि अमृत 5:25 सुबह – 7:02 सुबह, 12 फ़रवरी 1घं 37मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
100 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18 पंचमी — पसंदीदा तिथि+12 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 11 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चर 6:11 शाम – 7:47 शाम12 समय
वार सोमवार
तिथि शुक्ल नवमी
नक्षत्र रोहिणीपाद 1
योग इन्द्र इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:17 सुबह – 6:08 सुबह 51मि अमृत 7:00 सुबह – 8:24 सुबह 1घं 24मि शुभ 9:47 सुबह – 11:11 सुबह 1घं 24मि अभिजित मुहूर्त 12:35 दोपहर – 12:58 दोपहर 22मि लाभ 3:23 दोपहर – 4:47 शाम 1घं 24मि अमृत 4:47 शाम – 6:11 शाम 1घं 24मि गोधूलि मुहूर्त 6:11 शाम – 6:37 शाम 26मि चर 6:11 शाम – 7:47 शाम 1घं 36मि लाभ 10:59 रात – 12:35 रात, 16 फ़रवरी 1घं 36मि शुभ 2:11 रात – 3:47 रात, 16 फ़रवरी 1घं 36मि अमृत 3:47 रात – 5:23 सुबह, 16 फ़रवरी 1घं 36मि चर 5:23 सुबह – 6:59 सुबह, 16 फ़रवरी 1घं 36मि
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यह दिन क्यों शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
88 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18 सोमवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 12 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चर 6:16 शाम – 7:51 शाम12 समय
वार सोमवार
तिथि कृष्ण द्वितीया
नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनीपाद 4
योग सुकर्मा इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:12 सुबह – 6:03 सुबह 51मि अमृत 6:53 सुबह – 8:19 सुबह 1घं 25मि शुभ 9:44 सुबह – 11:09 सुबह 1घं 25मि अभिजित मुहूर्त 12:35 दोपहर – 12:58 दोपहर 23मि लाभ 3:25 दोपहर – 4:51 शाम 1घं 25मि अमृत 4:51 शाम – 6:16 शाम 1घं 25मि गोधूलि मुहूर्त 6:16 शाम – 6:41 शाम 25मि चर 6:16 शाम – 7:51 शाम 1घं 35मि लाभ 11:00 रात – 12:34 रात, 23 फ़रवरी 1घं 35मि शुभ 2:09 रात – 3:43 रात, 23 फ़रवरी 1घं 35मि अमृत 3:43 रात – 5:18 सुबह, 23 फ़रवरी 1घं 35मि चर 5:18 सुबह – 6:52 सुबह, 23 फ़रवरी 1घं 35मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18 द्वितीया — पसंदीदा तिथि+12 सोमवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 12 समय+8 शुभ 7:52 शाम – 9:26 रात10 समय
वार बुधवार
तिथि कृष्ण चतुर्थी
नक्षत्र हस्तपाद 4
योग गण्ड इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 5:11 सुबह – 6:01 सुबह 50मि लाभ 6:51 सुबह – 8:17 सुबह 1घं 26मि विजय मुहूर्त 2:29 दोपहर – 3:15 दोपहर 46मि चर 3:26 दोपहर – 4:52 शाम 1घं 26मि लाभ 4:52 शाम – 6:18 शाम 1घं 26मि गोधूलि मुहूर्त 6:18 शाम – 6:43 शाम 25मि शुभ 7:52 शाम – 9:26 रात 1घं 34मि अमृत 9:26 रात – 11:00 रात 1घं 34मि चर 11:00 रात – 12:34 रात, 25 फ़रवरी 1घं 34मि लाभ 3:42 रात – 5:16 सुबह, 25 फ़रवरी 1घं 34मि
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यह दिन क्यों शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
78 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 10 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चुनने से पहले यह जान लें Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 अमृत 6:18 शाम – 7:52 शाम11 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण पंचमी
नक्षत्र चित्रापाद 4
योग वृद्धि इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:10 सुबह – 6:00 सुबह 50मि चर 11:08 सुबह – 12:34 दोपहर 1घं 26मि अभिजित मुहूर्त 12:11 दोपहर – 12:57 दोपहर 46मि लाभ 12:34 दोपहर – 2:00 दोपहर 1घं 26मि शुभ 4:52 शाम – 6:18 शाम 1घं 26मि गोधूलि मुहूर्त 6:18 शाम – 6:43 शाम 25मि अमृत 6:18 शाम – 7:52 शाम 1घं 34मि चर 7:52 शाम – 9:26 रात 1घं 34मि लाभ 12:34 रात – 2:08 रात, 26 फ़रवरी 1घं 34मि शुभ 3:42 रात – 5:16 सुबह, 26 फ़रवरी 1घं 34मि अमृत 5:16 सुबह – 6:50 सुबह, 26 फ़रवरी 1घं 34मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18 पंचमी — पसंदीदा तिथि+12 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 11 समय+8 लाभ 6:20 शाम – 7:53 शाम11 समय
वार शनिवार
तिथि कृष्ण सप्तमी
नक्षत्र विशाखापाद 4
योग व्याघात इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:09 सुबह – 5:59 सुबह 50मि शुभ 9:14 सुबह – 9:41 सुबह 27मि अभिजित मुहूर्त 12:11 दोपहर – 12:57 दोपहर 46मि चर 12:34 दोपहर – 2:00 दोपहर 1घं 26मि अमृत 3:27 दोपहर – 4:53 शाम 1घं 26मि गोधूलि मुहूर्त 6:20 शाम – 6:44 शाम 25मि लाभ 6:20 शाम – 7:53 शाम 1घं 33मि शुभ 9:27 रात – 11:00 रात 1घं 33मि अमृत 11:00 रात – 12:34 रात, 28 फ़रवरी 1घं 33मि चर 12:34 रात – 2:07 रात, 28 फ़रवरी 1घं 33मि लाभ 5:14 सुबह – 6:48 सुबह, 28 फ़रवरी 1घं 33मि
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यह दिन क्यों शुभ — विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
68 /100 शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18 सप्तमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 लाभ 4:55 शाम – 6:22 शाम 1घं 27मि
गोधूलि मुहूर्त 6:22 शाम – 6:47 शाम 25मि
शुभ 7:55 शाम – 9:27 रात 1घं 33मि
अमृत 9:27 रात – 11:00 रात 1घं 33मि
चर 11:00 रात – 12:33 रात, 4 मार्च 1घं 33मि
लाभ 3:38 रात – 5:11 सुबह, 4 मार्च 1घं 33मि
यह दिन क्यों अति शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
80 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18 एकादशी — पसंदीदा तिथि+12 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 10 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 लाभ 12:33 रात – 2:05 रात, 5 मार्च11 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण एकादशी
नक्षत्र उत्तराषाढ़ापाद 2
योग वरीयान इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:05 सुबह – 5:54 सुबह 49मि चर 11:06 सुबह – 12:33 दोपहर 1घं 27मि अभिजित मुहूर्त 12:10 दोपहर – 12:56 दोपहर 47मि लाभ 12:33 दोपहर – 2:00 दोपहर 1घं 27मि शुभ 4:55 शाम – 6:23 शाम 1घं 27मि गोधूलि मुहूर्त 6:23 शाम – 6:47 शाम 25मि अमृत 6:23 शाम – 7:55 शाम 1घं 32मि चर 7:55 शाम – 9:28 रात 1घं 32मि लाभ 12:33 रात – 2:05 रात, 5 मार्च 1घं 32मि शुभ 3:37 रात – 5:10 सुबह, 5 मार्च 1घं 32मि अमृत 5:10 सुबह – 6:42 सुबह, 5 मार्च 1घं 32मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18 एकादशी — पसंदीदा तिथि+12 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 11 समय+8 शुभ 7:58 शाम – 9:29 रात10 समय
वार बुधवार
तिथि शुक्ल द्वितीया
नक्षत्र उत्तर भाद्रपदपाद 4
योग शुक्ल इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 4:59 सुबह – 5:48 सुबह 49मि लाभ 6:37 सुबह – 8:06 सुबह 1घं 29मि विजय मुहूर्त 2:30 दोपहर – 3:17 दोपहर 47मि चर 3:29 दोपहर – 4:58 शाम 1घं 29मि लाभ 4:58 शाम – 6:26 शाम 1घं 29मि गोधूलि मुहूर्त 6:26 शाम – 6:51 शाम 24मि शुभ 7:58 शाम – 9:29 रात 1घं 31मि अमृत 9:29 रात – 11:00 रात 1घं 31मि चर 11:00 रात – 12:31 रात, 11 मार्च 1घं 31मि लाभ 3:33 रात – 5:05 सुबह, 11 मार्च 1घं 31मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
90 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18 द्वितीया — पसंदीदा तिथि+12 बुधवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 10 समय+8 चर 7:58 शाम – 9:29 रात9 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल तृतीया
नक्षत्र रेवतीपाद 4
योग ब्रह्म इस दिन का समय (9) ब्रह्म मुहूर्त 4:58 सुबह – 5:47 सुबह 49मि चर 11:02 सुबह – 12:31 दोपहर 1घं 29मि अभिजित मुहूर्त 12:08 दोपहर – 12:55 दोपहर 47मि लाभ 12:31 दोपहर – 2:00 दोपहर 1घं 29मि शुभ 4:58 शाम – 6:27 शाम 1घं 29मि गोधूलि मुहूर्त 6:27 शाम – 6:51 शाम 24मि अमृत 6:27 शाम – 7:58 शाम 1घं 31मि चर 7:58 शाम – 9:29 रात 1घं 31मि लाभ 12:31 रात – 2:02 रात, 12 मार्च 1घं 31मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
100 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18 तृतीया — पसंदीदा तिथि+12 गुरुवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 9 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 लाभ 11:00 रात – 12:30 रात, 16 मार्च7 समय
वार सोमवार
तिथि शुक्ल सप्तमी
नक्षत्र रोहिणीपाद 4
योग प्रीति इस दिन का समय (7) ब्रह्म मुहूर्त 4:55 सुबह – 5:43 सुबह 48मि अमृत 6:31 सुबह – 8:01 सुबह 1घं 30मि शुभ 9:31 सुबह – 10:52 सुबह 1घं 21मि लाभ 11:00 रात – 12:30 रात, 16 मार्च 1घं 30मि शुभ 2:00 रात – 3:30 रात, 16 मार्च 1घं 30मि अमृत 3:30 रात – 5:00 सुबह, 16 मार्च 1घं 30मि चर 5:00 सुबह – 6:30 सुबह, 16 मार्च 1घं 30मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
100 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18 सप्तमी — पसंदीदा तिथि+12 सोमवार — पसंदीदा वार+12 चुनने के लिए 7 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10