मुंडन मुहूर्त 2026 — शुभ दिन
आगे 233 शुभ दिन · न्यूयॉर्क · आज से आगे
पूरा साल एक नज़र में
जिन दिनों पर निशान है वे शुभ हैं, और रंग जितना गहरा दिन उतना अच्छा। जिस महीने में एक भी नहीं, उसके नीचे वजह लिखी है — खाली नहीं छोड़ा जाता।
सितंबर 2026
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सूर्य दक्षिणायन में
अक्तूबर 2026
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सूर्य दक्षिणायन में
नवंबर 2026
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सूर्य दक्षिणायन में
दिसंबर 2026
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खरमास
अगस्त 2027
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सूर्य दक्षिणायन में
सितंबर 2027
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सूर्य दक्षिणायन में
अक्तूबर 2027
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सूर्य दक्षिणायन में
नवंबर 2027
| र | सो | मं | बु | गु | शु | श |
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सूर्य दक्षिणायन में
दिसंबर 2027
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खरमास
अगस्त 2028
| र | सो | मं | बु | गु | शु | श |
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सूर्य दक्षिणायन में
सितंबर 2028
| र | सो | मं | बु | गु | शु | श |
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सूर्य दक्षिणायन में
जनवरी 2027
लाभ 9:29 रात – 11:17 रात7 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 4
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त6:22 सुबह – 7:20 सुबह58मिचर4:41 शाम – 5:53 शाम1घं 12मिगोधूलि मुहूर्त5:53 शाम – 6:22 शाम29मिलाभ9:29 रात – 11:17 रात1घं 48मिशुभ1:05 रात – 2:53 रात, 16 जनवरी1घं 48मिअमृत2:53 रात – 4:41 सुबह, 16 जनवरी1घं 48मिचर4:41 सुबह – 6:29 सुबह, 16 जनवरी1घं 48मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 7 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 5:56 शाम – 7:43 शाम12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- भरणीपाद 4
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:22 सुबह – 7:19 सुबह57मिचर9:29 सुबह – 10:42 सुबह1घं 12मिलाभ10:42 सुबह – 11:54 सुबह1घं 12मिअमृत11:54 सुबह – 1:06 दोपहर1घं 12मिशुभ2:19 दोपहर – 3:31 दोपहर1घं 12मिविजय मुहूर्त2:43 दोपहर – 3:21 दोपहर39मिगोधूलि मुहूर्त5:56 शाम – 6:24 शाम29मिशुभ5:56 शाम – 7:43 शाम1घं 48मिअमृत7:43 शाम – 9:31 रात1घं 48मिचर9:31 रात – 11:18 रात1घं 48मिलाभ2:54 रात – 4:41 सुबह, 18 जनवरी1घं 48मिशुभ6:29 सुबह – 8:16 सुबह, 18 जनवरी1घं 48मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
लाभ 11:19 रात – 1:06 रात, 19 जनवरी7 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- कृत्तिकापाद 4
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त6:22 सुबह – 7:19 सुबह57मिअमृत8:16 सुबह – 9:29 सुबह1घं 13मिशुभ10:41 सुबह – 11:43 सुबह1घं 2मिलाभ11:19 रात – 1:06 रात, 19 जनवरी1घं 47मिशुभ2:54 रात – 4:41 सुबह, 19 जनवरी1घं 47मिअमृत4:41 सुबह – 6:28 सुबह, 19 जनवरी1घं 47मिचर6:28 सुबह – 8:16 सुबह, 19 जनवरी1घं 47मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + कृत्तिका नक्षत्र (साफ़ फ़ैसले लेने वाला)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- कृत्तिका नक्षत्र — साफ़ फ़ैसले लेने वाला+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 7 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 1:07 रात – 2:54 रात, 20 जनवरी8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- रोहिणीपाद 4
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त6:21 सुबह – 7:19 सुबह57मिलाभ11:54 सुबह – 1:07 दोपहर1घं 13मिविजय मुहूर्त2:44 दोपहर – 3:23 दोपहर39मिगोधूलि मुहूर्त5:58 शाम – 6:27 शाम29मिलाभ7:45 शाम – 9:32 रात1घं 47मिशुभ11:19 रात – 1:07 रात, 20 जनवरी1घं 47मिअमृत1:07 रात – 2:54 रात, 20 जनवरी1घं 47मिचर2:54 रात – 4:41 सुबह, 20 जनवरी1घं 47मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
शुभ 7:46 शाम – 9:33 रात10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 1
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त6:21 सुबह – 7:18 सुबह57मिलाभ8:15 सुबह – 9:28 सुबह1घं 13मिविजय मुहूर्त2:45 दोपहर – 3:23 दोपहर39मिचर3:33 दोपहर – 4:46 शाम1घं 13मिलाभ4:46 शाम – 5:59 शाम1घं 13मिगोधूलि मुहूर्त5:59 शाम – 6:28 शाम29मिशुभ7:46 शाम – 9:33 रात1घं 47मिअमृत9:33 रात – 11:20 रात1घं 47मिचर11:20 रात – 1:07 रात, 21 जनवरी1घं 47मिलाभ4:41 सुबह – 6:28 सुबह, 21 जनवरी1घं 47मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
अमृत 2:54 रात – 4:40 सुबह, 23 जनवरी11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- पुष्यपाद 2
- योग
- प्रीति
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:20 सुबह – 7:17 सुबह57मिचर8:14 सुबह – 9:27 सुबह1घं 13मिअमृत10:41 सुबह – 11:54 सुबह1घं 13मिशुभ1:08 दोपहर – 2:21 दोपहर1घं 13मिविजय मुहूर्त2:46 दोपहर – 3:25 दोपहर39मिचर4:48 शाम – 6:02 शाम1घं 13मिगोधूलि मुहूर्त6:02 शाम – 6:30 शाम28मिलाभ9:34 रात – 11:21 रात1घं 46मिशुभ1:07 रात – 2:54 रात, 23 जनवरी1घं 46मिअमृत2:54 रात – 4:40 सुबह, 23 जनवरी1घं 46मिचर4:40 सुबह – 6:27 सुबह, 23 जनवरी1घं 46मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पुष्य नक्षत्र (पोषण — सबसे टिकाऊ तारा)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुष्य नक्षत्र — पोषण — सबसे टिकाऊ तारा+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 6:03 शाम – 7:49 शाम11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 2
- योग
- आयुष्मान
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:20 सुबह – 7:17 सुबह57मिशुभ9:27 सुबह – 10:41 सुबह1घं 14मिअभिजित मुहूर्त12:48 दोपहर – 1:28 दोपहर39मिचर1:08 दोपहर – 2:22 दोपहर1घं 14मिअमृत3:35 दोपहर – 4:49 शाम1घं 14मिगोधूलि मुहूर्त6:03 शाम – 6:31 शाम28मिलाभ6:03 शाम – 7:49 शाम1घं 46मिशुभ9:35 रात – 11:21 रात1घं 46मिअमृत11:21 रात – 1:08 रात, 24 जनवरी1घं 46मिचर1:08 रात – 2:54 रात, 24 जनवरी1घं 46मिलाभ6:26 सुबह – 8:13 सुबह, 24 जनवरी1घं 46मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 2:54 रात – 4:40 सुबह, 25 जनवरी6 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- मघापाद 3
- योग
- सौभाग्य
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त6:19 सुबह – 7:16 सुबह57मिचर9:27 सुबह – 10:40 सुबह1घं 14मिलाभ10:40 सुबह – 11:54 सुबह1घं 14मिचर10:41 रात – 11:22 रात41मिलाभ2:54 रात – 4:40 सुबह, 25 जनवरी1घं 46मिशुभ6:26 सुबह – 8:12 सुबह, 25 जनवरी1घं 46मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मघा नक्षत्र (पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मघा नक्षत्र — पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं+18
- चुनने के लिए 6 समय+8
शुभ 11:23 रात – 1:08 रात, 27 जनवरी8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 3
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त6:18 सुबह – 7:15 सुबह56मिलाभ11:54 सुबह – 1:09 दोपहर1घं 14मिविजय मुहूर्त2:48 दोपहर – 3:28 दोपहर40मिगोधूलि मुहूर्त6:06 शाम – 6:35 शाम28मिलाभ7:52 शाम – 9:37 रात1घं 45मिशुभ11:23 रात – 1:08 रात, 27 जनवरी1घं 45मिअमृत1:08 रात – 2:54 रात, 27 जनवरी1घं 45मिचर2:54 रात – 4:39 सुबह, 27 जनवरी1घं 45मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 8:10 सुबह – 9:25 सुबह5 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- हस्तपाद 3
- योग
- सुकर्मा
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त6:18 सुबह – 7:14 सुबह56मिलाभ8:10 सुबह – 9:25 सुबह1घं 15मिविजय मुहूर्त2:48 दोपहर – 3:28 दोपहर40मिचर3:38 दोपहर – 4:53 शाम1घं 15मिलाभ4:53 शाम – 6:08 शाम1घं 15मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 5 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 6:09 शाम – 7:54 शाम11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- चित्रापाद 3
- योग
- शूल
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:17 सुबह – 7:13 सुबह56मिचर11:54 सुबह – 1:09 दोपहर1घं 15मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:29 दोपहर40मिलाभ1:09 दोपहर – 2:24 दोपहर1घं 15मिशुभ4:54 शाम – 6:09 शाम1घं 15मिगोधूलि मुहूर्त6:09 शाम – 6:37 शाम28मिअमृत6:09 शाम – 7:54 शाम1घं 45मिचर7:54 शाम – 9:39 रात1घं 45मिलाभ1:09 रात – 2:54 रात, 29 जनवरी1घं 45मिशुभ4:39 सुबह – 6:24 सुबह, 29 जनवरी1घं 45मिअमृत6:24 सुबह – 8:09 सुबह, 29 जनवरी1घं 45मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 9:39 रात – 11:24 रात12 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 3
- योग
- गण्ड
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:17 सुबह – 7:13 सुबह56मिचर8:09 सुबह – 9:24 सुबह1घं 15मिअमृत10:39 सुबह – 11:54 सुबह1घं 15मिअभिजित मुहूर्त1:09 दोपहर – 1:29 दोपहर20मिशुभ1:09 दोपहर – 2:25 दोपहर1घं 15मिविजय मुहूर्त2:50 दोपहर – 3:30 दोपहर40मिचर4:55 शाम – 6:10 शाम1घं 15मिगोधूलि मुहूर्त6:10 शाम – 6:38 शाम28मिलाभ9:39 रात – 11:24 रात1घं 45मिशुभ1:09 रात – 2:54 रात, 30 जनवरी1घं 45मिअमृत2:54 रात – 4:38 सुबह, 30 जनवरी1घं 45मिचर4:38 सुबह – 6:23 सुबह, 30 जनवरी1घं 45मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 6:22 सुबह – 8:06 सुबह, 1 फ़रवरी4 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 3
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (4)
ब्रह्म मुहूर्त6:15 सुबह – 7:11 सुबह56मिचर9:23 सुबह – 10:05 सुबह42मिलाभ2:53 रात – 4:38 सुबह, 1 फ़रवरी1घं 44मिशुभ6:22 सुबह – 8:06 सुबह, 1 फ़रवरी1घं 44मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- चुनने के लिए 4 समय+8
फ़रवरी 2027
चर 6:14 शाम – 7:58 शाम12 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 2
- योग
- व्याघात
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:15 सुबह – 7:10 सुबह56मिअमृत8:06 सुबह – 9:22 सुबह1घं 16मिशुभ10:38 सुबह – 11:54 सुबह1घं 16मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:30 दोपहर20मिलाभ3:42 दोपहर – 4:58 शाम1घं 16मिअमृत4:58 शाम – 6:14 शाम1घं 16मिगोधूलि मुहूर्त6:14 शाम – 6:41 शाम28मिचर6:14 शाम – 7:58 शाम1घं 44मिलाभ11:25 रात – 1:09 रात, 2 फ़रवरी1घं 44मिशुभ2:53 रात – 4:37 सुबह, 2 फ़रवरी1घं 44मिअमृत4:37 सुबह – 6:21 सुबह, 2 फ़रवरी1घं 44मिचर6:21 सुबह – 8:05 सुबह, 2 फ़रवरी1घं 44मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 7:59 शाम – 9:42 रात9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- मूलपाद 2
- योग
- व्याघात
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त6:14 सुबह – 7:09 सुबह55मिलाभ11:54 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 16मिअभिजित मुहूर्त12:50 दोपहर – 1:10 दोपहर20मिविजय मुहूर्त2:52 दोपहर – 3:32 दोपहर41मिगोधूलि मुहूर्त6:15 शाम – 6:43 शाम28मिलाभ7:59 शाम – 9:42 रात1घं 44मिशुभ11:26 रात – 1:09 रात, 3 फ़रवरी1घं 44मिअमृत1:09 रात – 2:53 रात, 3 फ़रवरी1घं 44मिचर2:53 रात – 4:37 सुबह, 3 फ़रवरी1घं 44मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 8:00 रात – 9:43 रात10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 1
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त6:13 सुबह – 7:09 सुबह55मिलाभ8:04 सुबह – 9:20 सुबह1घं 17मिविजय मुहूर्त2:52 दोपहर – 3:33 दोपहर41मिचर3:43 दोपहर – 5:00 शाम1घं 17मिलाभ5:00 शाम – 6:16 शाम1घं 17मिगोधूलि मुहूर्त6:16 शाम – 6:44 शाम28मिशुभ8:00 रात – 9:43 रात1घं 43मिअमृत9:43 रात – 11:26 रात1घं 43मिचर11:26 रात – 1:10 रात, 4 फ़रवरी1घं 43मिलाभ4:36 सुबह – 6:20 सुबह, 4 फ़रवरी1घं 43मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
अमृत 8:03 रात – 9:45 रात13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- धनिष्ठापाद 4
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त6:10 सुबह – 7:05 सुबह55मिचर9:17 सुबह – 10:35 सुबह1घं 18मिलाभ10:35 सुबह – 11:53 सुबह1घं 18मिअमृत11:53 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 18मिअभिजित मुहूर्त12:50 दोपहर – 1:10 दोपहर21मिशुभ2:28 दोपहर – 3:46 दोपहर1घं 18मिविजय मुहूर्त2:54 दोपहर – 3:35 दोपहर41मिगोधूलि मुहूर्त6:21 शाम – 6:48 शाम27मिशुभ6:21 शाम – 8:03 रात1घं 42मिअमृत8:03 रात – 9:45 रात1घं 42मिचर9:45 रात – 11:28 रात1घं 42मिलाभ2:52 रात – 4:34 सुबह, 8 फ़रवरी1घं 42मिशुभ6:16 सुबह – 7:58 सुबह, 8 फ़रवरी1घं 42मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — धनिष्ठा नक्षत्र (धन और लय — व्यवस्था से बरकत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- धनिष्ठा नक्षत्र — धन और लय — व्यवस्था से बरकत+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
लाभ 11:28 रात – 1:10 रात, 9 फ़रवरी12 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 3
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:09 सुबह – 7:04 सुबह54मिअमृत7:58 सुबह – 9:16 सुबह1घं 18मिशुभ10:34 सुबह – 11:52 सुबह1घं 18मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:31 दोपहर21मिलाभ3:46 दोपहर – 5:04 शाम1घं 18मिअमृत5:04 शाम – 6:22 शाम1घं 18मिगोधूलि मुहूर्त6:22 शाम – 6:50 शाम27मिचर6:22 शाम – 8:04 रात1घं 42मिलाभ11:28 रात – 1:10 रात, 9 फ़रवरी1घं 42मिशुभ2:52 रात – 4:34 सुबह, 9 फ़रवरी1घं 42मिअमृत4:34 सुबह – 6:15 सुबह, 9 फ़रवरी1घं 42मिचर6:15 सुबह – 7:57 सुबह, 9 फ़रवरी1घं 42मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 8:05 रात – 9:47 रात9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 3
- योग
- शिव
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त6:09 सुबह – 7:03 सुबह54मिलाभ11:52 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 18मिअभिजित मुहूर्त12:50 दोपहर – 1:10 दोपहर21मिविजय मुहूर्त2:55 दोपहर – 3:37 दोपहर42मिगोधूलि मुहूर्त6:24 शाम – 6:51 शाम27मिलाभ8:05 रात – 9:47 रात1घं 42मिशुभ11:28 रात – 1:10 रात, 10 फ़रवरी1घं 42मिअमृत1:10 रात – 2:51 रात, 10 फ़रवरी1घं 42मिचर2:51 रात – 4:33 सुबह, 10 फ़रवरी1घं 42मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 4:32 सुबह – 6:13 सुबह, 12 फ़रवरी11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 3
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:07 सुबह – 7:01 सुबह54मिचर11:52 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 19मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:32 दोपहर42मिलाभ1:10 दोपहर – 2:29 दोपहर1घं 19मिशुभ5:07 शाम – 6:26 शाम1घं 19मिगोधूलि मुहूर्त6:26 शाम – 6:53 शाम27मिअमृत6:26 शाम – 8:07 रात1घं 41मिचर8:07 रात – 9:48 रात1घं 41मिलाभ1:10 रात – 2:51 रात, 12 फ़रवरी1घं 41मिशुभ4:32 सुबह – 6:13 सुबह, 12 फ़रवरी1घं 41मिअमृत6:13 सुबह – 7:54 सुबह, 12 फ़रवरी1घं 41मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 9:49 रात – 11:29 रात12 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- अश्विनीपाद 2
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:06 सुबह – 7:00 सुबह54मिचर7:54 सुबह – 9:13 सुबह1घं 19मिअमृत10:32 सुबह – 11:51 सुबह1घं 19मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:32 दोपहर21मिशुभ1:10 दोपहर – 2:30 दोपहर1घं 19मिविजय मुहूर्त2:56 दोपहर – 3:38 दोपहर42मिचर5:08 शाम – 6:27 शाम1घं 19मिगोधूलि मुहूर्त6:27 शाम – 6:54 शाम27मिलाभ9:49 रात – 11:29 रात1घं 41मिशुभ1:10 रात – 2:51 रात, 13 फ़रवरी1घं 41मिअमृत2:51 रात – 4:31 सुबह, 13 फ़रवरी1घं 41मिचर4:31 सुबह – 6:12 सुबह, 13 फ़रवरी1घं 41मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अश्विनी नक्षत्र (तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अश्विनी नक्षत्र — तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 6:11 सुबह – 7:51 सुबह, 14 फ़रवरी6 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- भरणीपाद 2
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त6:05 सुबह – 6:59 सुबह54मिशुभ9:12 सुबह – 10:31 सुबह1घं 20मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:32 दोपहर42मिचर1:10 दोपहर – 2:30 दोपहर1घं 20मिअमृत3:49 दोपहर – 4:37 शाम48मिलाभ6:11 सुबह – 7:51 सुबह, 14 फ़रवरी1घं 40मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- चुनने के लिए 6 समय+8
शुभ 6:30 शाम – 8:10 रात13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- कृत्तिकापाद 3
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त6:04 सुबह – 6:58 सुबह54मिचर9:11 सुबह – 10:31 सुबह1घं 20मिलाभ10:31 सुबह – 11:51 सुबह1घं 20मिअमृत11:51 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 20मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:10 दोपहर21मिशुभ2:30 दोपहर – 3:50 दोपहर1घं 20मिविजय मुहूर्त2:57 दोपहर – 3:39 दोपहर43मिगोधूलि मुहूर्त6:30 शाम – 6:56 शाम27मिशुभ6:30 शाम – 8:10 रात1घं 40मिअमृत8:10 रात – 9:50 रात1घं 40मिचर9:50 रात – 11:30 रात1घं 40मिलाभ2:50 रात – 4:30 सुबह, 15 फ़रवरी1घं 40मिशुभ6:10 सुबह – 7:50 सुबह, 15 फ़रवरी1घं 40मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — कृत्तिका नक्षत्र (साफ़ फ़ैसले लेने वाला)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- कृत्तिका नक्षत्र — साफ़ फ़ैसले लेने वाला+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
लाभ 11:50 सुबह – 1:10 दोपहर6 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- मृगशिरापाद 3
- योग
- विष्कम्भ
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त6:02 सुबह – 6:55 सुबह53मिलाभ11:50 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 20मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:10 दोपहर21मिविजय मुहूर्त2:58 दोपहर – 3:41 दोपहर43मिगोधूलि मुहूर्त6:32 शाम – 6:59 शाम27मिलाभ8:12 रात – 9:29 रात1घं 17मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मृगशिरा नक्षत्र (कोमलता — नरम शुरुआत)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मृगशिरा नक्षत्र — कोमलता — नरम शुरुआत+18
- चुनने के लिए 6 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 8:12 रात – 9:51 रात10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 3
- योग
- प्रीति
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त6:01 सुबह – 6:54 सुबह53मिलाभ8:02 सुबह – 9:08 सुबह1घं 6मिविजय मुहूर्त2:58 दोपहर – 3:41 दोपहर43मिचर3:52 दोपहर – 5:13 शाम1घं 21मिलाभ5:13 शाम – 6:33 शाम1घं 21मिगोधूलि मुहूर्त6:33 शाम – 7:00 शाम26मिशुभ8:12 रात – 9:51 रात1घं 39मिअमृत9:51 रात – 11:31 रात1घं 39मिचर11:31 रात – 1:10 रात, 18 फ़रवरी1घं 39मिलाभ4:28 सुबह – 6:07 सुबह, 18 फ़रवरी1घं 39मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
लाभ 1:10 रात – 2:48 रात, 19 फ़रवरी11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- पुनर्वसुपाद 4
- योग
- आयुष्मान
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:00 सुबह – 6:53 सुबह53मिचर11:49 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 21मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:32 दोपहर43मिलाभ1:10 दोपहर – 2:31 दोपहर1घं 21मिशुभ5:13 शाम – 6:35 शाम1घं 21मिगोधूलि मुहूर्त6:35 शाम – 7:01 शाम26मिअमृत6:35 शाम – 8:13 रात1घं 39मिचर8:13 रात – 9:52 रात1घं 39मिलाभ1:10 रात – 2:48 रात, 19 फ़रवरी1घं 39मिशुभ4:27 सुबह – 6:06 सुबह, 19 फ़रवरी1घं 39मिअमृत6:06 सुबह – 7:45 सुबह, 19 फ़रवरी1घं 39मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 6:37 शाम – 8:15 रात11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- मघापाद 1
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:58 सुबह – 6:51 सुबह52मिशुभ9:05 सुबह – 10:27 सुबह1घं 22मिअभिजित मुहूर्त12:48 दोपहर – 1:32 दोपहर44मिचर1:10 दोपहर – 2:32 दोपहर1घं 22मिअमृत3:53 दोपहर – 5:15 शाम1घं 22मिगोधूलि मुहूर्त6:37 शाम – 7:03 शाम26मिलाभ6:37 शाम – 8:15 रात1घं 38मिशुभ9:53 रात – 11:31 रात1घं 38मिअमृत11:31 रात – 1:09 रात, 21 फ़रवरी1घं 38मिचर1:09 रात – 2:47 रात, 21 फ़रवरी1घं 38मिलाभ6:04 सुबह – 7:42 सुबह, 21 फ़रवरी1घं 38मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मघा नक्षत्र (पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मघा नक्षत्र — पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 6:38 शाम – 8:16 रात13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण प्रतिपदा
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 1
- योग
- सुकर्मा
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त5:57 सुबह – 6:49 सुबह52मिचर9:04 सुबह – 10:26 सुबह1घं 22मिलाभ10:26 सुबह – 11:48 सुबह1घं 22मिअमृत11:48 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 22मिअभिजित मुहूर्त12:48 दोपहर – 1:10 दोपहर22मिशुभ2:32 दोपहर – 3:54 दोपहर1घं 22मिविजय मुहूर्त2:59 दोपहर – 3:43 दोपहर44मिगोधूलि मुहूर्त6:38 शाम – 7:04 शाम26मिशुभ6:38 शाम – 8:16 रात1घं 38मिअमृत8:16 रात – 9:54 रात1घं 38मिचर9:54 रात – 11:31 रात1घं 38मिलाभ2:47 रात – 4:25 सुबह, 22 फ़रवरी1घं 38मिशुभ6:03 सुबह – 7:40 सुबह, 22 फ़रवरी1घं 38मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 6:39 शाम – 8:17 रात9 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 1
- योग
- धृति
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त5:56 सुबह – 6:48 सुबह52मिअमृत7:40 सुबह – 9:03 सुबह1घं 22मिशुभ10:25 सुबह – 11:47 सुबह1घं 22मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:32 दोपहर22मिलाभ3:55 दोपहर – 5:17 शाम1घं 22मिअमृत5:17 शाम – 6:39 शाम1घं 22मिगोधूलि मुहूर्त6:39 शाम – 7:05 शाम26मिचर6:39 शाम – 8:17 रात1घं 37मिलाभ11:32 रात – 1:09 रात, 23 फ़रवरी1घं 37मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
शुभ 11:32 रात – 1:09 रात, 24 फ़रवरी9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- हस्तपाद 2
- योग
- शूल
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त5:55 सुबह – 6:47 सुबह52मिलाभ12:19 दोपहर – 1:10 दोपहर50मिअभिजित मुहूर्त12:48 दोपहर – 1:10 दोपहर22मिविजय मुहूर्त3:00 दोपहर – 3:44 दोपहर44मिगोधूलि मुहूर्त6:40 शाम – 7:06 शाम26मिलाभ8:18 रात – 9:55 रात1घं 37मिशुभ11:32 रात – 1:09 रात, 24 फ़रवरी1घं 37मिअमृत1:09 रात – 2:46 रात, 24 फ़रवरी1घं 37मिचर2:46 रात – 4:23 सुबह, 24 फ़रवरी1घं 37मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 6:43 शाम – 8:19 रात11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 2
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:53 सुबह – 6:44 सुबह52मिचर11:46 सुबह – 1:09 दोपहर1घं 23मिअभिजित मुहूर्त12:47 दोपहर – 1:32 दोपहर44मिलाभ1:09 दोपहर – 2:33 दोपहर1घं 23मिशुभ5:19 शाम – 6:43 शाम1घं 23मिगोधूलि मुहूर्त6:43 शाम – 7:08 शाम26मिअमृत6:43 शाम – 8:19 रात1घं 36मिचर8:19 रात – 9:56 रात1घं 36मिलाभ1:09 रात – 2:45 रात, 26 फ़रवरी1घं 36मिशुभ4:22 सुबह – 5:58 सुबह, 26 फ़रवरी1घं 36मिअमृत5:58 सुबह – 7:34 सुबह, 26 फ़रवरी1घं 36मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चर 4:21 सुबह – 5:57 सुबह, 27 फ़रवरी6 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- विशाखापाद 2
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त5:52 सुबह – 6:43 सुबह51मिचर7:34 सुबह – 8:58 सुबह1घं 24मिअमृत10:22 सुबह – 11:14 सुबह52मिशुभ1:08 रात – 2:45 रात, 27 फ़रवरी1घं 36मिअमृत2:45 रात – 4:21 सुबह, 27 फ़रवरी1घं 36मिचर4:21 सुबह – 5:57 सुबह, 27 फ़रवरी1घं 36मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 6 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 6:45 शाम – 8:21 रात11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 1
- योग
- व्याघात
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:50 सुबह – 6:42 सुबह51मिशुभ8:57 सुबह – 10:21 सुबह1घं 24मिअभिजित मुहूर्त12:47 दोपहर – 1:31 दोपहर45मिचर1:09 दोपहर – 2:33 दोपहर1घं 24मिअमृत3:57 दोपहर – 5:21 शाम1घं 24मिगोधूलि मुहूर्त6:45 शाम – 7:11 शाम26मिलाभ6:45 शाम – 8:21 रात1घं 36मिशुभ9:57 रात – 11:32 रात1घं 36मिअमृत11:32 रात – 1:08 रात, 28 फ़रवरी1घं 36मिचर1:08 रात – 2:44 रात, 28 फ़रवरी1घं 36मिलाभ5:56 सुबह – 7:31 सुबह, 28 फ़रवरी1घं 36मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 9:57 रात – 11:33 रात13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 1
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त5:49 सुबह – 6:40 सुबह51मिचर8:56 सुबह – 10:20 सुबह1घं 24मिलाभ10:20 सुबह – 11:44 सुबह1घं 24मिअमृत11:44 सुबह – 1:09 दोपहर1घं 24मिअभिजित मुहूर्त12:46 दोपहर – 1:09 दोपहर22मिशुभ2:33 दोपहर – 3:58 दोपहर1घं 24मिविजय मुहूर्त3:01 दोपहर – 3:46 दोपहर45मिगोधूलि मुहूर्त6:46 शाम – 7:12 शाम25मिशुभ6:46 शाम – 8:22 रात1घं 35मिअमृत8:22 रात – 9:57 रात1घं 35मिचर9:57 रात – 11:33 रात1घं 35मिलाभ2:44 रात – 4:19 सुबह, 1 मार्च1घं 35मिशुभ5:54 सुबह – 7:30 सुबह, 1 मार्च1घं 35मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
मार्च 2027
लाभ 8:23 रात – 9:58 रात5 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- मूलपाद 4
- योग
- सिद्धि
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त5:47 सुबह – 6:38 सुबह51मिलाभ8:23 रात – 9:58 रात1घं 35मिशुभ11:33 रात – 1:08 रात, 3 मार्च1घं 35मिअमृत1:08 रात – 2:42 रात, 3 मार्च1घं 35मिचर2:42 रात – 4:17 सुबह, 3 मार्च1घं 35मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- चुनने के लिए 5 समय+8
शुभ 8:24 रात – 9:59 रात10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 4
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त5:46 सुबह – 6:36 सुबह51मिलाभ7:27 सुबह – 8:52 सुबह1घं 25मिविजय मुहूर्त3:02 दोपहर – 3:48 दोपहर46मिचर3:59 दोपहर – 5:24 शाम1घं 25मिलाभ5:24 शाम – 6:50 शाम1घं 25मिगोधूलि मुहूर्त6:50 शाम – 7:15 शाम25मिशुभ8:24 रात – 9:59 रात1घं 34मिअमृत9:59 रात – 11:33 रात1घं 34मिचर11:33 रात – 1:07 रात, 4 मार्च1घं 34मिलाभ4:16 सुबह – 5:51 सुबह, 4 मार्च1घं 34मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 6:51 शाम – 8:25 रात11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 3
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:45 सुबह – 6:35 सुबह50मिचर11:42 सुबह – 1:08 दोपहर1घं 26मिअभिजित मुहूर्त12:45 दोपहर – 1:31 दोपहर46मिलाभ1:08 दोपहर – 2:34 दोपहर1घं 26मिशुभ5:25 शाम – 6:51 शाम1घं 26मिगोधूलि मुहूर्त6:51 शाम – 7:16 शाम25मिअमृत6:51 शाम – 8:25 रात1घं 34मिचर8:25 रात – 9:59 रात1घं 34मिलाभ1:07 रात – 2:41 रात, 5 मार्च1घं 34मिशुभ4:16 सुबह – 5:50 सुबह, 5 मार्च1घं 34मिअमृत5:50 सुबह – 7:24 सुबह, 5 मार्च1घं 34मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 9:59 रात – 11:33 रात10 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- श्रवणपाद 3
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त5:43 सुबह – 6:34 सुबह50मिचर7:24 सुबह – 8:50 सुबह1घं 26मिअमृत10:16 सुबह – 11:42 सुबह1घं 26मिअभिजित मुहूर्त1:08 दोपहर – 1:31 दोपहर23मिशुभ1:08 दोपहर – 2:34 दोपहर1घं 26मिविजय मुहूर्त3:02 दोपहर – 3:48 दोपहर46मिचर5:26 शाम – 6:52 शाम1घं 26मिगोधूलि मुहूर्त6:52 शाम – 7:17 शाम25मिलाभ9:59 रात – 11:33 रात1घं 34मिशुभ1:07 रात – 2:34 रात, 6 मार्च1घं 27मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + श्रवण नक्षत्र (सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- श्रवण नक्षत्र — सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 6:55 शाम – 8:28 रात12 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 2
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त5:40 सुबह – 6:29 सुबह50मिअमृत7:19 सुबह – 8:46 सुबह1घं 27मिशुभ10:13 सुबह – 11:40 सुबह1घं 27मिअभिजित मुहूर्त1:07 दोपहर – 1:30 दोपहर23मिलाभ4:01 शाम – 5:28 शाम1घं 27मिअमृत5:28 शाम – 6:55 शाम1घं 27मिगोधूलि मुहूर्त6:55 शाम – 7:20 शाम25मिचर6:55 शाम – 8:28 रात1घं 33मिलाभ11:34 रात – 1:06 रात, 9 मार्च1घं 33मिशुभ2:39 रात – 4:12 सुबह, 9 मार्च1घं 33मिअमृत4:12 सुबह – 5:45 सुबह, 9 मार्च1घं 33मिचर5:45 सुबह – 7:17 सुबह, 9 मार्च1घं 33मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
लाभ 8:29 रात – 10:01 रात9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 2
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त5:38 सुबह – 6:28 सुबह49मिलाभ11:40 सुबह – 1:07 दोपहर1घं 27मिअभिजित मुहूर्त12:44 दोपहर – 1:07 दोपहर23मिविजय मुहूर्त3:03 दोपहर – 3:50 दोपहर47मिगोधूलि मुहूर्त6:56 शाम – 7:21 शाम25मिलाभ8:29 रात – 10:01 रात1घं 32मिशुभ11:34 रात – 1:06 रात, 10 मार्च1घं 32मिअमृत1:06 रात – 2:39 रात, 10 मार्च1घं 32मिचर2:39 रात – 4:11 सुबह, 10 मार्च1घं 32मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 8:30 रात – 10:02 रात10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 1
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त5:37 सुबह – 6:27 सुबह49मिलाभ7:16 सुबह – 8:44 सुबह1घं 28मिविजय मुहूर्त3:04 दोपहर – 3:50 दोपहर47मिचर4:02 शाम – 5:30 शाम1घं 28मिलाभ5:30 शाम – 6:57 शाम1घं 28मिगोधूलि मुहूर्त6:57 शाम – 7:22 शाम25मिशुभ8:30 रात – 10:02 रात1घं 32मिअमृत10:02 रात – 11:34 रात1घं 32मिचर11:34 रात – 1:06 रात, 11 मार्च1घं 32मिलाभ4:10 सुबह – 5:42 सुबह, 11 मार्च1घं 32मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
लाभ 10:02 रात – 11:34 रात12 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- भरणीपाद 1
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त5:35 सुबह – 6:24 सुबह49मिचर7:13 सुबह – 8:41 सुबह1घं 28मिअमृत10:09 सुबह – 11:38 सुबह1घं 28मिअभिजित मुहूर्त1:06 दोपहर – 1:30 दोपहर24मिशुभ1:06 दोपहर – 2:34 दोपहर1घं 28मिविजय मुहूर्त3:04 दोपहर – 3:51 दोपहर47मिचर5:31 शाम – 7:00 शाम1घं 28मिगोधूलि मुहूर्त7:00 शाम – 7:24 शाम24मिलाभ10:02 रात – 11:34 रात1घं 31मिशुभ1:05 रात – 2:37 रात, 13 मार्च1घं 31मिअमृत2:37 रात – 4:08 सुबह, 13 मार्च1घं 31मिचर4:08 सुबह – 5:40 सुबह, 13 मार्च1घं 31मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
लाभ 7:01 शाम – 8:32 रात11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- कृत्तिकापाद 1
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:33 सुबह – 6:22 सुबह49मिशुभ8:40 सुबह – 10:08 सुबह1घं 29मिअभिजित मुहूर्त12:42 दोपहर – 1:29 दोपहर47मिचर1:06 दोपहर – 2:35 दोपहर1घं 29मिअमृत4:03 शाम – 5:32 शाम1घं 29मिगोधूलि मुहूर्त7:01 शाम – 7:25 शाम24मिलाभ7:01 शाम – 8:32 रात1घं 31मिशुभ10:03 रात – 11:34 रात1घं 31मिअमृत11:34 रात – 1:05 रात, 14 मार्च1घं 31मिचर1:05 रात – 2:36 रात, 14 मार्च1घं 31मिलाभ5:38 सुबह – 7:09 सुबह, 14 मार्च1घं 31मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + कृत्तिका नक्षत्र (साफ़ फ़ैसले लेने वाला)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- कृत्तिका नक्षत्र — साफ़ फ़ैसले लेने वाला+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 8:33 रात – 10:03 रात11 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- रोहिणीपाद 2
- योग
- विष्कम्भ
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:32 सुबह – 6:21 सुबह49मिचर8:38 सुबह – 10:07 सुबह1घं 29मिलाभ10:07 सुबह – 11:36 सुबह1घं 29मिअमृत11:36 सुबह – 1:06 दोपहर1घं 29मिअभिजित मुहूर्त12:42 दोपहर – 1:06 दोपहर24मिशुभ2:35 दोपहर – 4:04 शाम1घं 29मिविजय मुहूर्त3:04 दोपहर – 3:52 दोपहर47मिगोधूलि मुहूर्त7:02 शाम – 7:26 शाम24मिशुभ7:02 शाम – 8:33 रात1घं 31मिअमृत8:33 रात – 10:03 रात1घं 31मिचर10:03 रात – 11:34 रात1घं 31मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अप्रैल 2027
लाभ 12:56 दोपहर – 2:36 दोपहर11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 2
- योग
- शूल
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:52 सुबह – 5:34 सुबह43मिचर11:17 सुबह – 12:56 दोपहर1घं 40मिअभिजित मुहूर्त12:30 दोपहर – 1:23 दोपहर53मिलाभ12:56 दोपहर – 2:36 दोपहर1घं 40मिशुभ5:56 शाम – 7:36 शाम1घं 40मिगोधूलि मुहूर्त7:36 शाम – 7:57 शाम21मिअमृत7:36 शाम – 8:56 रात1घं 20मिचर8:56 रात – 10:16 रात1घं 20मिलाभ12:56 रात – 2:16 रात, 16 अप्रैल1घं 20मिशुभ3:36 रात – 4:56 सुबह, 16 अप्रैल1घं 20मिअमृत4:56 सुबह – 6:16 सुबह, 16 अप्रैल1घं 20मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 6:16 सुबह – 7:56 सुबह6 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- मघापाद 2
- योग
- गण्ड
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:50 सुबह – 5:33 सुबह43मिचर6:16 सुबह – 7:56 सुबह1घं 40मिअमृत9:36 सुबह – 11:16 सुबह1घं 40मिशुभ12:55 रात – 2:15 रात, 17 अप्रैल1घं 20मिअमृत2:15 रात – 3:35 रात, 17 अप्रैल1घं 20मिचर3:35 रात – 4:55 सुबह, 17 अप्रैल1घं 20मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — मघा नक्षत्र (पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मघा नक्षत्र — पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 6 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 7:55 सुबह – 9:35 सुबह11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 2
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:49 सुबह – 5:32 सुबह43मिशुभ7:55 सुबह – 9:35 सुबह1घं 40मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 1:23 दोपहर54मिचर12:56 दोपहर – 2:36 दोपहर1घं 40मिअमृत4:17 शाम – 5:57 शाम1घं 40मिगोधूलि मुहूर्त7:38 शाम – 7:59 शाम21मिलाभ7:38 शाम – 8:57 रात1घं 19मिशुभ10:16 रात – 11:36 रात1घं 19मिअमृत11:36 रात – 12:55 रात, 18 अप्रैल1घं 19मिचर12:55 रात – 2:15 रात, 18 अप्रैल1घं 19मिलाभ4:53 सुबह – 6:13 सुबह, 18 अप्रैल1घं 19मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
चर 7:54 सुबह – 9:34 सुबह13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 2
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त4:48 सुबह – 5:30 सुबह42मिचर7:54 सुबह – 9:34 सुबह1घं 41मिलाभ9:34 सुबह – 11:15 सुबह1घं 41मिअमृत11:15 सुबह – 12:56 दोपहर1घं 41मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 12:56 दोपहर27मिशुभ2:36 दोपहर – 4:17 शाम1घं 41मिविजय मुहूर्त3:10 दोपहर – 4:04 शाम54मिगोधूलि मुहूर्त7:39 शाम – 8:00 रात21मिशुभ7:39 शाम – 8:58 रात1घं 19मिअमृत8:58 रात – 10:17 रात1घं 19मिचर10:17 रात – 11:36 रात1घं 19मिलाभ2:14 रात – 3:33 रात, 19 अप्रैल1घं 19मिशुभ4:52 सुबह – 6:11 सुबह, 19 अप्रैल1घं 19मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 11:14 सुबह – 12:55 दोपहर9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- चित्रापाद 2
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:46 सुबह – 5:28 सुबह42मिलाभ11:14 सुबह – 12:55 दोपहर1घं 41मिअभिजित मुहूर्त12:28 दोपहर – 12:55 दोपहर27मिविजय मुहूर्त3:10 दोपहर – 4:05 शाम54मिगोधूलि मुहूर्त7:41 शाम – 8:02 रात21मिलाभ8:59 रात – 10:18 रात1घं 18मिशुभ11:36 रात – 12:55 रात, 21 अप्रैल1घं 18मिअमृत12:55 रात – 2:13 रात, 21 अप्रैल1घं 18मिचर2:13 रात – 3:31 रात, 21 अप्रैल1घं 18मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
लाभ 6:08 सुबह – 7:50 सुबह10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण प्रतिपदा
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 2
- योग
- वज्र
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:45 सुबह – 5:27 सुबह42मिलाभ6:08 सुबह – 7:50 सुबह1घं 42मिविजय मुहूर्त3:11 दोपहर – 4:05 शाम54मिचर4:18 शाम – 6:00 शाम1घं 42मिलाभ6:00 शाम – 7:42 शाम1घं 42मिगोधूलि मुहूर्त7:42 शाम – 8:03 रात21मिशुभ9:00 रात – 10:18 रात1घं 18मिअमृत10:18 रात – 11:36 रात1घं 18मिचर11:36 रात – 12:54 रात, 22 अप्रैल1घं 18मिलाभ3:31 रात – 4:49 सुबह, 22 अप्रैल1घं 18मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vajra योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 6:01 शाम – 7:43 शाम11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- विशाखापाद 2
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:44 सुबह – 5:25 सुबह42मिचर11:13 सुबह – 12:55 दोपहर1घं 42मिअभिजित मुहूर्त12:28 दोपहर – 1:22 दोपहर54मिलाभ12:55 दोपहर – 2:37 दोपहर1घं 42मिशुभ6:01 शाम – 7:43 शाम1घं 42मिगोधूलि मुहूर्त7:43 शाम – 8:04 रात21मिअमृत7:43 शाम – 9:01 रात1घं 18मिचर9:01 रात – 10:19 रात1घं 18मिलाभ12:54 रात – 2:12 रात, 23 अप्रैल1घं 18मिशुभ3:30 रात – 4:48 सुबह, 23 अप्रैल1घं 18मिअमृत4:48 सुबह – 6:05 सुबह, 23 अप्रैल1घं 18मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 2:12 रात – 3:29 रात, 24 अप्रैल7 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 2
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:42 सुबह – 5:24 सुबह42मिचर6:51 शाम – 7:44 शाम53मिगोधूलि मुहूर्त7:44 शाम – 8:05 रात21मिलाभ10:19 रात – 11:36 रात1घं 18मिशुभ12:54 रात – 2:12 रात, 24 अप्रैल1घं 18मिअमृत2:12 रात – 3:29 रात, 24 अप्रैल1घं 18मिचर3:29 रात – 4:47 सुबह, 24 अप्रैल1घं 18मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 7 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 7:46 सुबह – 9:29 सुबह13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- मूलपाद 1
- योग
- शिव
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त4:40 सुबह – 5:21 सुबह41मिचर7:46 सुबह – 9:29 सुबह1घं 43मिलाभ9:29 सुबह – 11:11 सुबह1घं 43मिअमृत11:11 सुबह – 12:54 दोपहर1घं 43मिअभिजित मुहूर्त12:27 दोपहर – 12:54 दोपहर27मिशुभ2:37 दोपहर – 4:20 शाम1घं 43मिविजय मुहूर्त3:12 दोपहर – 4:06 शाम55मिगोधूलि मुहूर्त7:46 शाम – 8:07 रात21मिशुभ7:46 शाम – 9:03 रात1घं 17मिअमृत9:03 रात – 10:20 रात1घं 17मिचर10:20 रात – 11:37 रात1घं 17मिलाभ2:11 रात – 3:27 रात, 26 अप्रैल1घं 17मिशुभ4:44 सुबह – 6:01 सुबह, 26 अप्रैल1घं 17मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 6:01 सुबह – 7:45 सुबह9 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 1
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:39 सुबह – 5:20 सुबह41मिअमृत6:01 सुबह – 7:45 सुबह1घं 43मिशुभ9:28 सुबह – 11:11 सुबह1घं 43मिअभिजित मुहूर्त12:54 दोपहर – 1:22 दोपहर28मिलाभ4:21 शाम – 6:04 शाम1घं 43मिअमृत6:04 शाम – 7:47 शाम1घं 43मिगोधूलि मुहूर्त7:47 शाम – 8:07 रात20मिचर7:47 शाम – 9:04 रात1घं 17मिलाभ11:37 रात – 12:28 रात, 27 अप्रैल51मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 9:04 रात – 10:21 रात7 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 1
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:38 सुबह – 5:19 सुबह41मिविजय मुहूर्त3:12 दोपहर – 4:07 शाम55मिगोधूलि मुहूर्त7:48 शाम – 8:08 रात20मिलाभ9:04 रात – 10:21 रात1घं 16मिशुभ11:37 रात – 12:53 रात, 28 अप्रैल1घं 16मिअमृत12:53 रात – 2:10 रात, 28 अप्रैल1घं 16मिचर2:10 रात – 3:26 रात, 28 अप्रैल1घं 16मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- चुनने के लिए 7 समय+8
लाभ 6:05 शाम – 7:49 शाम10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 4
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:37 सुबह – 5:18 सुबह41मिलाभ5:59 सुबह – 7:42 सुबह1घं 44मिविजय मुहूर्त3:12 दोपहर – 4:08 शाम55मिचर4:22 शाम – 6:05 शाम1घं 44मिलाभ6:05 शाम – 7:49 शाम1घं 44मिगोधूलि मुहूर्त7:49 शाम – 8:09 रात20मिशुभ9:05 रात – 10:21 रात1घं 16मिअमृत10:21 रात – 11:37 रात1घं 16मिचर11:37 रात – 12:53 रात, 29 अप्रैल1घं 16मिलाभ3:25 रात – 4:41 सुबह, 29 अप्रैल1घं 16मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
मई 2027
चर 12:53 दोपहर – 2:38 दोपहर10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 3
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:34 सुबह – 5:14 सुबह40मिअभिजित मुहूर्त12:26 दोपहर – 1:21 दोपहर56मिचर12:53 दोपहर – 2:38 दोपहर1घं 45मिअमृत4:23 शाम – 6:08 शाम1घं 45मिगोधूलि मुहूर्त7:52 शाम – 8:12 रात20मिलाभ7:52 शाम – 9:07 रात1घं 15मिशुभ10:23 रात – 11:38 रात1घं 15मिअमृत11:38 रात – 12:53 रात, 2 मई1घं 15मिचर12:53 रात – 2:08 रात, 2 मई1घं 15मिलाभ4:38 सुबह – 5:53 सुबह, 2 मई1घं 15मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
चर 7:38 सुबह – 9:23 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 3
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:33 सुबह – 5:13 सुबह40मिचर7:38 सुबह – 9:23 सुबह1घं 45मिलाभ9:23 सुबह – 11:08 सुबह1घं 45मिअमृत11:08 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 45मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 12:53 दोपहर28मिशुभ2:38 दोपहर – 4:23 शाम1घं 45मिविजय मुहूर्त3:13 दोपहर – 4:09 शाम56मिशुभ7:53 शाम – 9:08 रात1घं 15मिअमृत9:08 रात – 10:23 रात1घं 15मिचर10:23 रात – 11:38 रात1घं 15मिलाभ2:08 रात – 3:22 रात, 3 मई1घं 15मिशुभ4:37 सुबह – 5:52 सुबह, 3 मई1घं 15मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 5:52 सुबह – 7:37 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 3
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:32 सुबह – 5:12 सुबह40मिअमृत5:52 सुबह – 7:37 सुबह1घं 45मिशुभ9:23 सुबह – 11:08 सुबह1घं 45मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:21 दोपहर28मिलाभ4:24 शाम – 6:09 शाम1घं 45मिअमृत6:09 शाम – 7:54 शाम1घं 45मिचर7:54 शाम – 9:09 रात1घं 15मिलाभ11:38 रात – 12:53 रात, 4 मई1घं 15मिशुभ2:07 रात – 3:22 रात, 4 मई1घं 15मिअमृत3:22 रात – 4:36 सुबह, 4 मई1घं 15मिचर4:36 सुबह – 5:51 सुबह, 4 मई1घं 15मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 12:53 रात – 2:07 रात, 5 मई5 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 2
- योग
- विष्कम्भ
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:31 सुबह – 5:11 सुबह40मिलाभ9:29 रात – 10:24 रात55मिशुभ11:38 रात – 12:53 रात, 5 मई1घं 14मिअमृत12:53 रात – 2:07 रात, 5 मई1घं 14मिचर2:07 रात – 3:21 रात, 5 मई1घं 14मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- चुनने के लिए 5 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 5:47 सुबह – 7:34 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- कृत्तिकापाद 3
- योग
- शोभन
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:29 सुबह – 5:08 सुबह39मिचर5:47 सुबह – 7:34 सुबह1घं 46मिअमृत9:20 सुबह – 11:07 सुबह1घं 46मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:21 दोपहर28मिशुभ12:53 दोपहर – 2:39 दोपहर1घं 46मिविजय मुहूर्त3:15 दोपहर – 4:12 शाम57मिचर6:12 शाम – 7:58 शाम1घं 46मिलाभ10:25 रात – 11:39 रात1घं 13मिशुभ12:52 रात – 2:06 रात, 8 मई1घं 13मिअमृत2:06 रात – 3:19 रात, 8 मई1घं 13मिचर3:19 रात – 4:33 सुबह, 8 मई1घं 13मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — कृत्तिका नक्षत्र (साफ़ फ़ैसले लेने वाला)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- कृत्तिका नक्षत्र — साफ़ फ़ैसले लेने वाला+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
शुभ 7:33 सुबह – 9:20 सुबह10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- रोहिणीपाद 3
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:28 सुबह – 5:07 सुबह39मिशुभ7:33 सुबह – 9:20 सुबह1घं 47मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:21 दोपहर57मिचर12:53 दोपहर – 2:40 दोपहर1घं 47मिअमृत4:26 शाम – 6:13 शाम1घं 47मिलाभ7:59 शाम – 9:13 रात1घं 13मिशुभ10:26 रात – 11:39 रात1घं 13मिअमृत11:39 रात – 12:52 रात, 9 मई1घं 13मिचर12:52 रात – 2:05 रात, 9 मई1घं 13मिलाभ4:32 सुबह – 5:45 सुबह, 9 मई1घं 13मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 5:44 सुबह – 7:31 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 4
- योग
- धृति
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:26 सुबह – 5:05 सुबह39मिअमृत5:44 सुबह – 7:31 सुबह1घं 47मिशुभ9:18 सुबह – 11:06 सुबह1घं 47मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:21 दोपहर29मिलाभ4:27 शाम – 6:14 शाम1घं 47मिअमृत6:14 शाम – 8:02 रात1घं 47मिचर8:02 रात – 9:14 रात1घं 13मिलाभ11:40 रात – 12:52 रात, 11 मई1घं 13मिशुभ2:05 रात – 3:18 रात, 11 मई1घं 13मिअमृत3:18 रात – 4:30 सुबह, 11 मई1घं 13मिचर4:30 सुबह – 5:43 सुबह, 11 मई1घं 13मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 11:05 सुबह – 12:53 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- पुनर्वसुपाद 4
- योग
- शूल
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:25 सुबह – 5:04 सुबह39मिलाभ11:05 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 47मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिविजय मुहूर्त3:16 दोपहर – 4:13 शाम57मिलाभ9:15 रात – 10:27 रात1घं 12मिशुभ11:40 रात – 12:52 रात, 12 मई1घं 12मिअमृत12:52 रात – 2:05 रात, 12 मई1घं 12मिचर2:05 रात – 3:17 रात, 12 मई1घं 12मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 5:42 सुबह – 7:30 सुबह3 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 1
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (3)
ब्रह्म मुहूर्त4:25 सुबह – 5:03 सुबह39मिलाभ5:42 सुबह – 7:30 सुबह1घं 48मिलाभ3:17 रात – 4:29 सुबह, 13 मई1घं 12मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
76/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 3 समय+6
चर 11:05 सुबह – 12:53 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- मघापाद 1
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:24 सुबह – 5:02 सुबह38मिचर11:05 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 48मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:21 दोपहर58मिलाभ12:53 दोपहर – 2:41 दोपहर1घं 48मिशुभ6:17 शाम – 8:05 रात1घं 48मिअमृत8:05 रात – 9:16 रात1घं 12मिचर9:16 रात – 10:28 रात1घं 12मिलाभ12:52 रात – 2:04 रात, 14 मई1घं 12मिशुभ3:16 रात – 4:28 सुबह, 14 मई1घं 12मिअमृत4:28 सुबह – 5:40 सुबह, 14 मई1घं 12मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — मघा नक्षत्र (पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मघा नक्षत्र — पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
शुभ 7:27 सुबह – 9:16 सुबह5 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 1
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:22 सुबह – 5:01 सुबह38मिशुभ7:27 सुबह – 9:16 सुबह1घं 48मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:22 दोपहर58मिचर12:53 दोपहर – 2:41 दोपहर1घं 48मिअमृत4:30 शाम – 6:18 शाम1घं 48मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- चुनने के लिए 5 समय+8
अमृत 11:04 सुबह – 12:53 दोपहर12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- हस्तपाद 1
- योग
- वज्र
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:22 सुबह – 5:00 सुबह38मिचर7:44 सुबह – 9:15 सुबह1घं 31मिलाभ9:15 सुबह – 11:04 सुबह1घं 49मिअमृत11:04 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 49मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिशुभ2:41 दोपहर – 4:30 शाम1घं 49मिविजय मुहूर्त3:18 दोपहर – 4:16 शाम58मिशुभ8:07 रात – 9:19 रात1घं 11मिअमृत9:19 रात – 10:30 रात1घं 11मिचर10:30 रात – 11:41 रात1घं 11मिलाभ2:03 रात – 3:15 रात, 17 मई1घं 11मिशुभ4:26 सुबह – 5:37 सुबह, 17 मई1घं 11मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vajra योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 5:37 सुबह – 7:26 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- चित्रापाद 1
- योग
- सिद्धि
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:21 सुबह – 4:59 सुबह38मिअमृत5:37 सुबह – 7:26 सुबह1घं 49मिशुभ9:15 सुबह – 11:04 सुबह1घं 49मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:22 दोपहर29मिलाभ4:31 शाम – 6:19 शाम1घं 49मिअमृत6:19 शाम – 8:08 रात1घं 49मिचर8:08 रात – 9:19 रात1घं 11मिलाभ11:41 रात – 12:52 रात, 18 मई1घं 11मिशुभ2:03 रात – 3:14 रात, 18 मई1घं 11मिअमृत3:14 रात – 4:25 सुबह, 18 मई1घं 11मिचर4:25 सुबह – 5:36 सुबह, 18 मई1घं 11मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 11:04 सुबह – 12:53 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 1
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:20 सुबह – 4:58 सुबह38मिलाभ11:04 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 49मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिविजय मुहूर्त3:18 दोपहर – 4:16 शाम58मिलाभ9:20 रात – 10:31 रात1घं 11मिशुभ11:42 रात – 12:52 रात, 19 मई1घं 11मिअमृत12:52 रात – 2:03 रात, 19 मई1घं 11मिचर2:03 रात – 3:14 रात, 19 मई1घं 11मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 11:03 सुबह – 12:53 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 1
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:19 सुबह – 4:57 सुबह38मिचर11:03 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 50मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:22 दोपहर58मिलाभ12:53 दोपहर – 2:42 दोपहर1घं 50मिशुभ6:22 शाम – 8:11 रात1घं 50मिअमृत8:11 रात – 9:21 रात1घं 10मिचर9:21 रात – 10:32 रात1घं 10मिलाभ12:52 रात – 2:03 रात, 21 मई1घं 10मिशुभ3:13 रात – 4:23 सुबह, 21 मई1घं 10मिअमृत4:23 सुबह – 5:34 सुबह, 21 मई1घं 10मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 5:34 सुबह – 7:23 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण प्रतिपदा
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 1
- योग
- शिव
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:19 सुबह – 4:56 सुबह37मिचर5:34 सुबह – 7:23 सुबह1घं 50मिअमृत9:13 सुबह – 11:03 सुबह1घं 50मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:22 दोपहर29मिशुभ12:53 दोपहर – 2:43 दोपहर1घं 50मिविजय मुहूर्त3:19 दोपहर – 4:18 शाम59मिचर6:22 शाम – 8:12 रात1घं 50मिलाभ10:32 रात – 11:42 रात1घं 10मिशुभ12:53 रात – 2:03 रात, 22 मई1घं 10मिअमृत2:03 रात – 3:13 रात, 22 मई1घं 10मिचर3:13 रात – 4:23 सुबह, 22 मई1घं 10मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
शुभ 7:23 सुबह – 9:13 सुबह6 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 4
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:18 सुबह – 4:56 सुबह37मिशुभ7:23 सुबह – 9:13 सुबह1घं 50मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:22 दोपहर59मिचर12:53 दोपहर – 2:43 दोपहर1घं 50मिअमृत4:33 शाम – 6:23 शाम1घं 50मिलाभ8:13 रात – 9:23 रात1घं 10मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- चुनने के लिए 6 समय+8
शुभ 2:43 दोपहर – 4:33 शाम10 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- मूलपाद 4
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:18 सुबह – 4:55 सुबह37मिअमृत11:12 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 41मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिशुभ2:43 दोपहर – 4:33 शाम1घं 50मिविजय मुहूर्त3:20 दोपहर – 4:19 शाम59मिशुभ8:14 रात – 9:24 रात1घं 10मिअमृत9:24 रात – 10:33 रात1घं 10मिचर10:33 रात – 11:43 रात1घं 10मिलाभ2:02 रात – 3:12 रात, 24 मई1घं 10मिशुभ4:22 सुबह – 5:31 सुबह, 24 मई1घं 10मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 11:03 सुबह – 12:53 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 3
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:17 सुबह – 4:54 सुबह37मिलाभ11:03 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिविजय मुहूर्त3:21 दोपहर – 4:20 शाम59मिलाभ9:25 रात – 10:34 रात1घं 9मिशुभ11:44 रात – 12:53 रात, 26 मई1घं 9मिअमृत12:53 रात – 2:02 रात, 26 मई1घं 9मिचर2:02 रात – 3:12 रात, 26 मई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
लाभ 5:30 सुबह – 7:21 सुबह4 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- श्रवणपाद 3
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (4)
ब्रह्म मुहूर्त4:16 सुबह – 4:53 सुबह37मिलाभ5:30 सुबह – 7:21 सुबह1घं 51मिविजय मुहूर्त3:21 दोपहर – 4:20 शाम59मिचर4:35 शाम – 6:26 शाम1घं 51मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — श्रवण नक्षत्र (सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- श्रवण नक्षत्र — सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 4 समय+8
लाभ 12:53 दोपहर – 2:44 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- धनिष्ठापाद 2
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:16 सुबह – 4:53 सुबह37मिचर11:02 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:23 दोपहर59मिलाभ12:53 दोपहर – 2:44 दोपहर1घं 51मिशुभ6:26 शाम – 8:17 रात1घं 51मिअमृत8:17 रात – 9:26 रात1घं 9मिचर9:26 रात – 10:35 रात1घं 9मिलाभ12:53 रात – 2:02 रात, 28 मई1घं 9मिशुभ3:11 रात – 4:20 सुबह, 28 मई1घं 9मिअमृत4:20 सुबह – 5:29 सुबह, 28 मई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — धनिष्ठा नक्षत्र (धन और लय — व्यवस्था से बरकत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- धनिष्ठा नक्षत्र — धन और लय — व्यवस्था से बरकत+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चर 5:29 सुबह – 7:20 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 2
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:52 सुबह37मिचर5:29 सुबह – 7:20 सुबह1घं 51मिअमृत9:11 सुबह – 11:02 सुबह1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:54 दोपहर – 1:23 दोपहर30मिशुभ12:54 दोपहर – 2:45 दोपहर1घं 51मिविजय मुहूर्त3:22 दोपहर – 4:21 शाम59मिचर6:27 शाम – 8:18 रात1घं 51मिलाभ10:36 रात – 11:44 रात1घं 9मिशुभ12:53 रात – 2:02 रात, 29 मई1घं 9मिअमृत2:02 रात – 3:11 रात, 29 मई1घं 9मिचर3:11 रात – 4:20 सुबह, 29 मई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 9:11 सुबह – 11:02 सुबह6 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 1
- योग
- प्रीति
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:51 सुबह37मिचर7:19 सुबह – 9:11 सुबह1घं 51मिलाभ9:11 सुबह – 11:02 सुबह1घं 51मिअमृत11:02 सुबह – 12:25 दोपहर1घं 23मिलाभ2:02 रात – 3:10 रात, 31 मई1घं 8मिशुभ4:19 सुबह – 5:27 सुबह, 31 मई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- चुनने के लिए 6 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 5:27 सुबह – 7:19 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 1
- योग
- आयुष्मान
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:51 सुबह37मिअमृत5:27 सुबह – 7:19 सुबह1घं 52मिशुभ9:11 सुबह – 11:02 सुबह1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:54 दोपहर – 1:24 दोपहर30मिलाभ4:37 शाम – 6:29 शाम1घं 52मिअमृत6:29 शाम – 8:20 रात1घं 52मिचर8:20 रात – 9:29 रात1घं 8मिलाभ11:45 रात – 12:54 रात, 1 जून1घं 8मिशुभ2:02 रात – 3:10 रात, 1 जून1घं 8मिअमृत3:10 रात – 4:19 सुबह, 1 जून1घं 8मिचर4:19 सुबह – 5:27 सुबह, 1 जून1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
जून 2027
लाभ 11:02 सुबह – 12:54 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- अश्विनीपाद 1
- योग
- सौभाग्य
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:50 सुबह36मिलाभ11:02 सुबह – 12:54 दोपहर1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:54 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:23 दोपहर – 4:23 शाम1घंलाभ9:29 रात – 10:38 रात1घं 8मिशुभ11:46 रात – 12:54 रात, 2 जून1घं 8मिअमृत12:54 रात – 2:02 रात, 2 जून1घं 8मिचर2:02 रात – 3:10 रात, 2 जून1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अश्विनी नक्षत्र (तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अश्विनी नक्षत्र — तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 5:26 सुबह – 7:18 सुबह5 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- भरणीपाद 1
- योग
- शोभन
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:50 सुबह36मिलाभ5:26 सुबह – 7:18 सुबह1घं 52मिविजय मुहूर्त3:23 दोपहर – 4:23 शाम1घंचर4:38 शाम – 6:30 शाम1घं 52मिलाभ6:30 शाम – 8:22 रात1घं 52मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 5 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 4:39 शाम – 6:32 शाम10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- मृगशिरापाद 2
- योग
- शूल
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिशुभ7:18 सुबह – 9:10 सुबह1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 1:25 दोपहर1घंचर12:55 दोपहर – 2:47 दोपहर1घं 52मिअमृत4:39 शाम – 6:32 शाम1घं 52मिलाभ8:24 रात – 9:32 रात1घं 8मिशुभ10:39 रात – 11:47 रात1घं 8मिअमृत11:47 रात – 12:55 रात, 6 जून1घं 8मिचर12:55 रात – 2:02 रात, 6 जून1घं 8मिलाभ4:17 सुबह – 5:25 सुबह, 6 जून1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मृगशिरा नक्षत्र (कोमलता — नरम शुरुआत)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मृगशिरा नक्षत्र — कोमलता — नरम शुरुआत+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 7:18 सुबह – 9:10 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 2
- योग
- गण्ड
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिचर7:18 सुबह – 9:10 सुबह1घं 52मिलाभ9:10 सुबह – 11:02 सुबह1घं 52मिअमृत11:02 सुबह – 12:55 दोपहर1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 12:55 दोपहर30मिशुभ2:47 दोपहर – 4:40 शाम1घं 52मिविजय मुहूर्त3:25 दोपहर – 4:25 शाम1घंशुभ8:25 रात – 9:32 रात1घं 8मिअमृत9:32 रात – 10:40 रात1घं 8मिचर10:40 रात – 11:47 रात1घं 8मिलाभ2:02 रात – 3:10 रात, 7 जून1घं 8मिशुभ4:17 सुबह – 5:25 सुबह, 7 जून1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 5:25 सुबह – 7:17 सुबह6 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- पुनर्वसुपाद 3
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिअमृत5:25 सुबह – 7:17 सुबह1घं 53मिशुभ9:10 सुबह – 11:03 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:55 दोपहर – 1:25 दोपहर30मिअमृत3:10 रात – 4:17 सुबह, 8 जून1घं 7मिचर4:17 सुबह – 5:25 सुबह, 8 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 6 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 11:03 सुबह – 12:55 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- पुष्यपाद 3
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिलाभ11:03 सुबह – 12:55 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 12:55 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:25 दोपहर – 4:25 शाम1घंलाभ9:33 रात – 10:40 रात1घं 7मिशुभ11:48 रात – 12:55 रात, 9 जून1घं 7मिअमृत12:55 रात – 2:02 रात, 9 जून1घं 7मिचर2:02 रात – 3:10 रात, 9 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुष्य नक्षत्र (पोषण — सबसे टिकाऊ तारा)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुष्य नक्षत्र — पोषण — सबसे टिकाऊ तारा+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 4:41 शाम – 6:34 शाम9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 4
- योग
- व्याघात
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिलाभ5:24 सुबह – 7:17 सुबह1घं 53मिविजय मुहूर्त3:26 दोपहर – 4:26 शाम1घंचर4:41 शाम – 6:34 शाम1घं 53मिलाभ6:34 शाम – 8:26 रात1घं 53मिशुभ9:34 रात – 10:41 रात1घं 7मिअमृत10:41 रात – 11:48 रात1घं 7मिचर11:48 रात – 12:55 रात, 10 जून1घं 7मिलाभ3:10 रात – 4:17 सुबह, 10 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 11:03 सुबह – 12:56 दोपहर5 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- मघापाद 4
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिचर11:03 सुबह – 12:56 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:26 दोपहर – 1:26 दोपहर1घंलाभ12:56 दोपहर – 2:48 दोपहर1घं 53मिशुभ6:34 शाम – 7:44 शाम1घं 10मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — मघा नक्षत्र (पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मघा नक्षत्र — पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 5 समय+8
चर 6:35 शाम – 8:27 रात11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 4
- योग
- सिद्धि
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिचर6:56 सुबह – 7:17 सुबह21मिअमृत9:10 सुबह – 11:03 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:56 दोपहर – 1:26 दोपहर30मिशुभ12:56 दोपहर – 2:49 दोपहर1घं 53मिविजय मुहूर्त3:26 दोपहर – 4:27 शाम1घंचर6:35 शाम – 8:27 रात1घं 53मिलाभ10:42 रात – 11:49 रात1घं 7मिशुभ12:56 रात – 2:03 रात, 12 जून1घं 7मिअमृत2:03 रात – 3:10 रात, 12 जून1घं 7मिचर3:10 रात – 4:17 सुबह, 12 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चर 7:17 सुबह – 9:10 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- हस्तपाद 4
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिचर7:17 सुबह – 9:10 सुबह1घं 53मिलाभ9:10 सुबह – 11:03 सुबह1घं 53मिअमृत11:03 सुबह – 12:56 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:26 दोपहर – 12:56 दोपहर30मिशुभ2:49 दोपहर – 4:42 शाम1घं 53मिविजय मुहूर्त3:27 दोपहर – 4:27 शाम1घंशुभ8:28 रात – 9:35 रात1घं 7मिअमृत9:35 रात – 10:42 रात1घं 7मिचर10:42 रात – 11:49 रात1घं 7मिलाभ2:03 रात – 3:10 रात, 14 जून1घं 7मिशुभ4:17 सुबह – 4:37 सुबह, 14 जून20मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 6:36 शाम – 8:29 रात8 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- चित्रापाद 4
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिलाभ4:43 शाम – 6:36 शाम1घं 53मिअमृत6:36 शाम – 8:29 रात1घं 53मिचर8:29 रात – 9:36 रात1घं 7मिलाभ11:49 रात – 12:56 रात, 15 जून1घं 7मिशुभ2:03 रात – 3:10 रात, 15 जून1घं 7मिअमृत3:10 रात – 4:17 सुबह, 15 जून1घं 7मिचर4:17 सुबह – 5:24 सुबह, 15 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 8 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 11:03 सुबह – 12:57 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 4
- योग
- शिव
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिलाभ11:03 सुबह – 12:57 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:26 दोपहर – 12:57 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:27 दोपहर – 4:28 शाम1घंलाभ9:36 रात – 10:43 रात1घं 7मिशुभ11:50 रात – 12:57 रात, 16 जून1घं 7मिअमृत12:57 रात – 2:03 रात, 16 जून1घं 7मिचर2:03 रात – 3:10 रात, 16 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
लाभ 5:24 सुबह – 7:17 सुबह9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- विशाखापाद 4
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिलाभ5:24 सुबह – 7:17 सुबह1घं 53मिविजय मुहूर्त3:28 दोपहर – 4:28 शाम1घंचर4:43 शाम – 6:36 शाम1घं 53मिलाभ6:36 शाम – 8:30 रात1घं 53मिशुभ9:36 रात – 10:43 रात1घं 7मिअमृत10:43 रात – 11:50 रात1घं 7मिचर11:50 रात – 12:57 रात, 17 जून1घं 7मिलाभ3:10 रात – 4:17 सुबह, 17 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 9:11 सुबह – 11:04 सुबह10 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 3
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिअमृत9:11 सुबह – 11:04 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:57 दोपहर – 1:27 दोपहर30मिशुभ12:57 दोपहर – 2:50 दोपहर1घं 53मिविजय मुहूर्त3:28 दोपहर – 4:29 शाम1घंचर6:37 शाम – 8:30 रात1घं 53मिलाभ10:44 रात – 11:51 रात1घं 7मिशुभ12:57 रात – 2:04 रात, 19 जून1घं 7मिअमृत2:04 रात – 3:11 रात, 19 जून1घं 7मिचर3:11 रात – 4:18 सुबह, 19 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
अमृत 4:44 शाम – 6:37 शाम10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण प्रतिपदा
- नक्षत्र
- मूलपाद 3
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिशुभ7:18 सुबह – 9:11 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:27 दोपहर – 1:28 दोपहर1घंचर12:57 दोपहर – 2:51 दोपहर1घं 53मिअमृत4:44 शाम – 6:37 शाम1घं 53मिलाभ8:30 रात – 9:37 रात1घं 7मिशुभ10:44 रात – 11:51 रात1घं 7मिअमृत11:51 रात – 12:58 रात, 20 जून1घं 7मिचर12:58 रात – 2:04 रात, 20 जून1घं 7मिलाभ4:18 सुबह – 5:25 सुबह, 20 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
लाभ 9:11 सुबह – 11:04 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 2
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिचर7:18 सुबह – 9:11 सुबह1घं 53मिलाभ9:11 सुबह – 11:04 सुबह1घं 53मिअमृत11:04 सुबह – 12:58 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:27 दोपहर – 12:58 दोपहर30मिशुभ2:51 दोपहर – 4:44 शाम1घं 53मिविजय मुहूर्त3:29 दोपहर – 4:29 शाम1घंशुभ8:31 रात – 9:37 रात1घं 7मिअमृत9:37 रात – 10:44 रात1घं 7मिचर10:44 रात – 11:51 रात1घं 7मिलाभ2:04 रात – 3:11 रात, 21 जून1घं 7मिशुभ4:18 सुबह – 5:25 सुबह, 21 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 5:25 सुबह – 7:18 सुबह6 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 2
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:49 सुबह36मिअमृत5:25 सुबह – 7:18 सुबह1घं 53मिशुभ9:11 सुबह – 11:05 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:58 दोपहर – 1:28 दोपहर30मिअमृत3:38 रात – 4:18 सुबह, 22 जून40मिचर4:18 सुबह – 5:25 सुबह, 22 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 6 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 11:05 सुबह – 12:58 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 1
- योग
- प्रीति
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:50 सुबह36मिचर11:05 सुबह – 12:58 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:28 दोपहर – 1:29 दोपहर1घंलाभ12:58 दोपहर – 2:52 दोपहर1घं 53मिशुभ6:38 शाम – 8:31 रात1घं 53मिअमृत8:31 रात – 9:38 रात1घं 7मिचर9:38 रात – 10:45 रात1घं 7मिलाभ12:59 रात – 2:05 रात, 25 जून1घं 7मिशुभ3:12 रात – 4:19 सुबह, 25 जून1घं 7मिअमृत4:19 सुबह – 5:26 सुबह, 25 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चर 5:26 सुबह – 7:19 सुबह6 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 4
- योग
- आयुष्मान
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:50 सुबह36मिचर5:26 सुबह – 7:19 सुबह1घं 53मिअमृत9:12 सुबह – 10:47 सुबह1घं 35मिशुभ12:59 रात – 2:06 रात, 26 जून1घं 7मिअमृत2:06 रात – 3:12 रात, 26 जून1घं 7मिचर3:12 रात – 4:19 सुबह, 26 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 6 समय+8
शुभ 7:19 सुबह – 9:13 सुबह10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 4
- योग
- सौभाग्य
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:51 सुबह36मिशुभ7:19 सुबह – 9:13 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 1:29 दोपहर1घंचर12:59 दोपहर – 2:52 दोपहर1घं 53मिअमृत4:45 शाम – 6:38 शाम1घं 53मिलाभ8:32 रात – 9:38 रात1घं 7मिशुभ10:45 रात – 11:52 रात1घं 7मिअमृत11:52 रात – 12:59 रात, 27 जून1घं 7मिचर12:59 रात – 2:06 रात, 27 जून1घं 7मिलाभ4:20 सुबह – 5:27 सुबह, 27 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
लाभ 9:13 सुबह – 11:06 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 4
- योग
- शोभन
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:51 सुबह36मिचर7:20 सुबह – 9:13 सुबह1घं 53मिलाभ9:13 सुबह – 11:06 सुबह1घं 53मिअमृत11:06 सुबह – 12:59 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 12:59 दोपहर30मिशुभ2:52 दोपहर – 4:45 शाम1घं 53मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:30 शाम1घंशुभ8:32 रात – 9:39 रात1घं 7मिअमृत9:39 रात – 10:45 रात1घं 7मिचर10:45 रात – 11:52 रात1घं 7मिलाभ2:06 रात – 3:13 रात, 28 जून1घं 7मिशुभ4:20 सुबह – 5:27 सुबह, 28 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 11:53 रात – 1:00 रात, 30 जून8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- अश्विनीपाद 3
- योग
- सुकर्मा
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:16 सुबह – 4:52 सुबह36मिअभिजित मुहूर्त12:35 दोपहर – 12:59 दोपहर25मिलाभ12:35 दोपहर – 12:59 दोपहर25मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:30 शाम1घंलाभ9:39 रात – 10:46 रात1घं 7मिशुभ11:53 रात – 1:00 रात, 30 जून1घं 7मिअमृत1:00 रात – 2:07 रात, 30 जून1घं 7मिचर2:07 रात – 3:14 रात, 30 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अश्विनी नक्षत्र (तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अश्विनी नक्षत्र — तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 5:28 सुबह – 7:21 सुबह9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- भरणीपाद 3
- योग
- धृति
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:16 सुबह – 4:52 सुबह36मिलाभ5:28 सुबह – 7:21 सुबह1घं 53मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:30 शाम1घंचर4:46 शाम – 6:39 शाम1घं 53मिलाभ6:39 शाम – 8:31 रात1घं 53मिशुभ9:39 रात – 10:46 रात1घं 7मिअमृत10:46 रात – 11:53 रात1घं 7मिचर11:53 रात – 1:00 रात, 1 जुलाई1घं 7मिलाभ3:14 रात – 4:21 सुबह, 1 जुलाई1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
जुलाई 2027
चर 11:07 सुबह – 1:00 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- कृत्तिकापाद 4
- योग
- शूल
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:17 सुबह – 4:52 सुबह36मिचर11:07 सुबह – 1:00 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:30 दोपहर – 1:30 दोपहर1घंलाभ1:00 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 53मिशुभ6:38 शाम – 8:31 रात1घं 53मिअमृत8:31 रात – 9:39 रात1घं 7मिचर9:39 रात – 10:46 रात1घं 7मिलाभ1:00 रात – 2:07 रात, 2 जुलाई1घं 7मिशुभ3:14 रात – 4:22 सुबह, 2 जुलाई1घं 7मिअमृत4:22 सुबह – 5:29 सुबह, 2 जुलाई1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — कृत्तिका नक्षत्र (साफ़ फ़ैसले लेने वाला)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- कृत्तिका नक्षत्र — साफ़ फ़ैसले लेने वाला+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 6:38 शाम – 8:31 रात7 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- रोहिणीपाद 4
- योग
- गण्ड
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:17 सुबह – 4:53 सुबह36मिचर5:29 सुबह – 5:54 सुबह25मिचर6:38 शाम – 8:31 रात1घं 53मिलाभ10:46 रात – 11:53 रात1घं 7मिशुभ1:00 रात – 2:08 रात, 3 जुलाई1घं 7मिअमृत2:08 रात – 3:15 रात, 3 जुलाई1घं 7मिचर3:15 रात – 4:22 सुबह, 3 जुलाई1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 7 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 7:22 सुबह – 9:15 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- पुनर्वसुपाद 1
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:18 सुबह – 4:54 सुबह36मिचर7:22 सुबह – 9:15 सुबह1घं 53मिलाभ9:15 सुबह – 11:08 सुबह1घं 53मिअमृत11:08 सुबह – 1:00 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:30 दोपहर – 1:00 दोपहर30मिशुभ2:53 दोपहर – 4:46 शाम1घं 53मिविजय मुहूर्त3:31 दोपहर – 4:31 शाम1घंशुभ8:31 रात – 9:38 रात1घं 7मिअमृत9:38 रात – 10:46 रात1घं 7मिचर10:46 रात – 11:53 रात1घं 7मिलाभ2:08 रात – 3:16 रात, 5 जुलाई1घं 7मिशुभ4:23 सुबह – 5:30 सुबह, 5 जुलाई1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 5:30 सुबह – 7:23 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- पुष्यपाद 2
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:19 सुबह – 4:54 सुबह36मिअमृत5:30 सुबह – 7:23 सुबह1घं 53मिशुभ9:15 सुबह – 11:08 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त1:01 दोपहर – 1:31 दोपहर30मिलाभ4:46 शाम – 6:38 शाम1घं 53मिअमृत6:38 शाम – 8:31 रात1घं 53मिचर8:31 रात – 9:38 रात1घं 8मिलाभ11:53 रात – 1:01 रात, 6 जुलाई1घं 8मिशुभ2:08 रात – 3:16 रात, 6 जुलाई1घं 8मिअमृत3:16 रात – 4:24 सुबह, 6 जुलाई1घं 8मिचर4:24 सुबह – 5:31 सुबह, 6 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुष्य नक्षत्र (पोषण — सबसे टिकाऊ तारा)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुष्य नक्षत्र — पोषण — सबसे टिकाऊ तारा+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 11:08 सुबह – 1:01 दोपहर5 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 2
- योग
- वज्र
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:19 सुबह – 4:55 सुबह36मिलाभ11:08 सुबह – 1:01 दोपहर1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:31 दोपहर – 1:01 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:31 दोपहर – 4:31 शाम1घंलाभ9:38 रात – 10:44 रात1घं 6मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- चुनने के लिए 5 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vajra योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 11:09 सुबह – 1:01 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 3
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:20 सुबह – 4:56 सुबह36मिचर11:09 सुबह – 1:01 दोपहर1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:31 दोपहर – 1:31 दोपहर1घंलाभ1:01 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 52मिशुभ6:37 शाम – 8:30 रात1घं 52मिअमृत8:30 रात – 9:38 रात1घं 8मिचर9:38 रात – 10:45 रात1घं 8मिलाभ1:01 रात – 2:09 रात, 9 जुलाई1घं 8मिशुभ3:17 रात – 4:25 सुबह, 9 जुलाई1घं 8मिअमृत4:25 सुबह – 5:33 सुबह, 9 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 5:33 सुबह – 7:25 सुबह10 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 3
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:21 सुबह – 4:57 सुबह36मिचर5:33 सुबह – 7:25 सुबह1घं 52मिअमृत9:17 सुबह – 11:09 सुबह1घं 52मिअभिजित मुहूर्त1:01 दोपहर – 1:31 दोपहर30मिशुभ1:01 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 52मिविजय मुहूर्त3:31 दोपहर – 4:30 शाम1घंचर6:37 शाम – 8:29 रात1घं 52मिलाभ10:45 रात – 11:53 रात1घं 8मिशुभ1:01 रात – 2:10 रात, 10 जुलाई1घं 8मिअमृत2:10 रात – 3:08 रात, 10 जुलाई58मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
अमृत 4:45 शाम – 6:37 शाम7 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- हस्तपाद 3
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:21 सुबह – 4:57 सुबह36मिअमृत4:45 शाम – 6:37 शाम1घं 52मिलाभ8:29 रात – 9:37 रात1घं 8मिशुभ10:45 रात – 11:53 रात1घं 8मिअमृत11:53 रात – 1:02 रात, 11 जुलाई1घं 8मिचर1:02 रात – 2:10 रात, 11 जुलाई1घं 8मिलाभ4:26 सुबह – 5:34 सुबह, 11 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- चुनने के लिए 7 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 5:35 सुबह – 7:27 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 3
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:22 सुबह – 4:59 सुबह36मिअमृत5:35 सुबह – 7:27 सुबह1घं 52मिशुभ9:18 सुबह – 11:10 सुबह1घं 52मिअभिजित मुहूर्त1:02 दोपहर – 1:31 दोपहर30मिलाभ4:45 शाम – 6:36 शाम1घं 52मिअमृत6:36 शाम – 8:28 रात1घं 52मिचर8:28 रात – 9:36 रात1घं 8मिलाभ11:53 रात – 1:02 रात, 13 जुलाई1घं 8मिशुभ2:10 रात – 3:19 रात, 13 जुलाई1घं 8मिअमृत3:19 रात – 4:27 सुबह, 13 जुलाई1घं 8मिचर4:27 सुबह – 5:36 सुबह, 13 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 11:10 सुबह – 1:02 दोपहर3 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- विशाखापाद 3
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (3)
ब्रह्म मुहूर्त4:23 सुबह – 4:59 सुबह37मिलाभ11:10 सुबह – 1:02 दोपहर1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:32 दोपहर – 1:02 दोपहर30मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
64/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18
- चुनने के लिए 3 समय+6
लाभ 5:37 सुबह – 7:28 सुबह9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 3
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:23 सुबह – 5:00 सुबह37मिलाभ5:37 सुबह – 7:28 सुबह1घं 51मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:29 शाम59मिचर4:44 शाम – 6:36 शाम1घं 51मिलाभ6:36 शाम – 8:27 रात1घं 51मिशुभ9:36 रात – 10:44 रात1घं 9मिअमृत10:44 रात – 11:53 रात1घं 9मिचर11:53 रात – 1:02 रात, 15 जुलाई1घं 9मिलाभ3:20 रात – 4:29 सुबह, 15 जुलाई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 11:11 सुबह – 1:02 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 2
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:24 सुबह – 5:01 सुबह37मिचर11:11 सुबह – 1:02 दोपहर1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:32 दोपहर – 1:31 दोपहर59मिलाभ1:02 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 51मिशुभ6:35 शाम – 8:26 रात1घं 51मिअमृत8:26 रात – 9:35 रात1घं 9मिचर9:35 रात – 10:44 रात1घं 9मिलाभ1:02 रात – 2:11 रात, 16 जुलाई1घं 9मिशुभ3:20 रात – 4:29 सुबह, 16 जुलाई1घं 9मिअमृत4:29 सुबह – 5:38 सुबह, 16 जुलाई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चर 5:38 सुबह – 7:29 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- मूलपाद 2
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:25 सुबह – 5:01 सुबह37मिचर5:38 सुबह – 7:29 सुबह1घं 51मिअमृत9:20 सुबह – 11:11 सुबह1घं 51मिअभिजित मुहूर्त1:02 दोपहर – 1:31 दोपहर30मिशुभ1:02 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 51मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:29 शाम59मिचर6:35 शाम – 8:26 रात1घं 51मिलाभ10:44 रात – 11:53 रात1घं 9मिशुभ1:02 रात – 2:11 रात, 17 जुलाई1घं 9मिअमृत2:11 रात – 3:21 रात, 17 जुलाई1घं 9मिचर3:21 रात – 4:30 सुबह, 17 जुलाई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
जनवरी 2028
शुभ 5:54 शाम – 7:42 शाम11 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 2
- योग
- शोभन
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:22 सुबह – 7:20 सुबह58मिचर9:29 सुबह – 10:42 सुबह1घं 12मिलाभ10:42 सुबह – 11:54 सुबह1घं 12मिअमृत11:54 सुबह – 1:06 दोपहर1घं 12मिशुभ2:18 दोपहर – 3:30 दोपहर1घं 12मिविजय मुहूर्त2:42 दोपहर – 3:20 दोपहर38मिगोधूलि मुहूर्त5:54 शाम – 6:23 शाम29मिशुभ5:54 शाम – 7:42 शाम1घं 48मिअमृत7:42 शाम – 9:30 रात1घं 48मिचर9:30 रात – 11:18 रात1घं 48मिलाभ2:53 रात – 4:41 सुबह, 17 जनवरी1घं 48मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 5:55 शाम – 7:43 शाम8 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- हस्तपाद 2
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त6:22 सुबह – 7:19 सुबह58मिअमृत4:48 शाम – 5:55 शाम1घं 7मिगोधूलि मुहूर्त5:55 शाम – 6:24 शाम29मिचर5:55 शाम – 7:43 शाम1घं 48मिलाभ11:18 रात – 1:06 रात, 18 जनवरी1घं 48मिशुभ2:54 रात – 4:41 सुबह, 18 जनवरी1घं 48मिअमृत4:41 सुबह – 6:29 सुबह, 18 जनवरी1घं 48मिचर6:29 सुबह – 8:16 सुबह, 18 जनवरी1घं 48मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 8 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 11:19 रात – 1:06 रात, 19 जनवरी8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- चित्रापाद 2
- योग
- धृति
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त6:22 सुबह – 7:19 सुबह57मिलाभ11:54 सुबह – 1:06 दोपहर1घं 13मिविजय मुहूर्त2:43 दोपहर – 3:22 दोपहर39मिगोधूलि मुहूर्त5:57 शाम – 6:25 शाम29मिलाभ7:44 शाम – 9:31 रात1घं 47मिशुभ11:19 रात – 1:06 रात, 19 जनवरी1घं 47मिअमृत1:06 रात – 2:54 रात, 19 जनवरी1घं 47मिचर2:54 रात – 4:41 सुबह, 19 जनवरी1घं 47मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
शुभ 4:41 सुबह – 6:28 सुबह, 21 जनवरी6 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- विशाखापाद 2
- योग
- गण्ड
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त6:21 सुबह – 7:18 सुबह57मिचर11:54 सुबह – 1:07 दोपहर1घं 13मिअभिजित मुहूर्त12:48 दोपहर – 1:27 दोपहर39मिलाभ1:07 दोपहर – 2:20 दोपहर1घं 13मिशुभ4:41 सुबह – 6:28 सुबह, 21 जनवरी1घं 47मिअमृत6:28 सुबह – 8:15 सुबह, 21 जनवरी1घं 47मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 6 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 4:41 सुबह – 6:27 सुबह, 22 जनवरी11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 2
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:21 सुबह – 7:18 सुबह57मिचर8:15 सुबह – 9:28 सुबह1घं 13मिअमृत10:41 सुबह – 11:54 सुबह1घं 13मिशुभ1:07 दोपहर – 2:21 दोपहर1घं 13मिविजय मुहूर्त2:45 दोपहर – 3:24 दोपहर39मिचर4:47 शाम – 6:00 शाम1घं 13मिगोधूलि मुहूर्त6:00 शाम – 6:29 शाम28मिलाभ9:34 रात – 11:20 रात1घं 47मिशुभ1:07 रात – 2:54 रात, 22 जनवरी1घं 47मिअमृत2:54 रात – 4:41 सुबह, 22 जनवरी1घं 47मिचर4:41 सुबह – 6:27 सुबह, 22 जनवरी1घं 47मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 9:34 रात – 11:21 रात11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 2
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:20 सुबह – 7:17 सुबह57मिशुभ9:28 सुबह – 10:41 सुबह1घं 13मिअभिजित मुहूर्त12:48 दोपहर – 1:27 दोपहर39मिचर1:08 दोपहर – 2:21 दोपहर1घं 13मिअमृत3:34 दोपहर – 4:48 शाम1घं 13मिगोधूलि मुहूर्त6:01 शाम – 6:30 शाम28मिलाभ6:01 शाम – 7:48 शाम1घं 47मिशुभ9:34 रात – 11:21 रात1घं 47मिअमृत11:21 रात – 1:07 रात, 23 जनवरी1घं 47मिचर1:07 रात – 2:54 रात, 23 जनवरी1घं 47मिलाभ6:27 सुबह – 8:13 सुबह, 23 जनवरी1घं 47मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
अमृत 7:49 शाम – 9:35 रात11 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- मूलपाद 2
- योग
- व्याघात
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:20 सुबह – 7:17 सुबह57मिचर9:27 सुबह – 10:41 सुबह1घं 14मिलाभ10:41 सुबह – 11:54 सुबह1घं 14मिअमृत11:54 सुबह – 1:08 दोपहर1घं 14मिशुभ2:22 दोपहर – 3:35 दोपहर1घं 14मिविजय मुहूर्त2:46 दोपहर – 3:25 दोपहर39मिगोधूलि मुहूर्त6:02 शाम – 6:31 शाम28मिशुभ6:02 शाम – 7:49 शाम1घं 46मिअमृत7:49 शाम – 9:35 रात1घं 46मिचर9:35 रात – 11:21 रात1घं 46मिलाभ2:54 रात – 4:40 सुबह, 24 जनवरी1घं 46मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 6:07 शाम – 7:53 शाम11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- श्रवणपाद 4
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:18 सुबह – 7:14 सुबह56मिचर11:54 सुबह – 1:09 दोपहर1घं 15मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:29 दोपहर40मिलाभ1:09 दोपहर – 2:24 दोपहर1घं 15मिशुभ4:53 शाम – 6:07 शाम1घं 15मिगोधूलि मुहूर्त6:07 शाम – 6:35 शाम28मिअमृत6:07 शाम – 7:53 शाम1घं 45मिचर7:53 शाम – 9:38 रात1घं 45मिलाभ1:08 रात – 2:54 रात, 28 जनवरी1घं 45मिशुभ4:39 सुबह – 6:24 सुबह, 28 जनवरी1घं 45मिअमृत6:24 सुबह – 8:10 सुबह, 28 जनवरी1घं 45मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — श्रवण नक्षत्र (सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- श्रवण नक्षत्र — सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 9:39 रात – 11:24 रात11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- धनिष्ठापाद 4
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:17 सुबह – 7:14 सुबह56मिचर8:10 सुबह – 9:25 सुबह1घं 15मिअमृत10:39 सुबह – 11:54 सुबह1घं 15मिशुभ1:09 दोपहर – 2:24 दोपहर1घं 15मिविजय मुहूर्त2:49 दोपहर – 3:29 दोपहर40मिचर4:54 शाम – 6:09 शाम1घं 15मिगोधूलि मुहूर्त6:09 शाम – 6:37 शाम28मिलाभ9:39 रात – 11:24 रात1घं 45मिशुभ1:09 रात – 2:54 रात, 29 जनवरी1घं 45मिअमृत2:54 रात – 4:39 सुबह, 29 जनवरी1घं 45मिचर4:39 सुबह – 6:24 सुबह, 29 जनवरी1घं 45मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — धनिष्ठा नक्षत्र (धन और लय — व्यवस्था से बरकत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- धनिष्ठा नक्षत्र — धन और लय — व्यवस्था से बरकत+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चर 1:09 रात – 2:54 रात, 30 जनवरी11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 3
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:17 सुबह – 7:13 सुबह56मिशुभ9:24 सुबह – 10:39 सुबह1घं 15मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:29 दोपहर40मिचर1:09 दोपहर – 2:24 दोपहर1घं 15मिअमृत3:40 दोपहर – 4:55 शाम1घं 15मिगोधूलि मुहूर्त6:10 शाम – 6:38 शाम28मिलाभ6:10 शाम – 7:55 शाम1घं 45मिशुभ9:39 रात – 11:24 रात1घं 45मिअमृत11:24 रात – 1:09 रात, 30 जनवरी1घं 45मिचर1:09 रात – 2:54 रात, 30 जनवरी1घं 45मिलाभ6:23 सुबह – 8:08 सुबह, 30 जनवरी1घं 45मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 6:22 सुबह – 8:06 सुबह, 1 फ़रवरी12 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 2
- योग
- शिव
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:16 सुबह – 7:11 सुबह56मिअमृत8:07 सुबह – 9:23 सुबह1घं 16मिशुभ10:38 सुबह – 11:54 सुबह1घं 16मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:30 दोपहर20मिलाभ3:41 दोपहर – 4:57 शाम1घं 16मिअमृत4:57 शाम – 6:12 शाम1घं 16मिगोधूलि मुहूर्त6:12 शाम – 6:40 शाम28मिचर6:12 शाम – 7:56 शाम1घं 44मिलाभ11:25 रात – 1:09 रात, 1 फ़रवरी1घं 44मिशुभ2:53 रात – 4:38 सुबह, 1 फ़रवरी1घं 44मिअमृत4:38 सुबह – 6:22 सुबह, 1 फ़रवरी1घं 44मिचर6:22 सुबह – 8:06 सुबह, 1 फ़रवरी1घं 44मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
फ़रवरी 2028
लाभ 7:57 शाम – 9:41 रात9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 2
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त6:15 सुबह – 7:10 सुबह56मिलाभ11:54 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 16मिअभिजित मुहूर्त12:50 दोपहर – 1:10 दोपहर20मिविजय मुहूर्त2:51 दोपहर – 3:31 दोपहर40मिगोधूलि मुहूर्त6:13 शाम – 6:41 शाम28मिलाभ7:57 शाम – 9:41 रात1घं 44मिशुभ11:25 रात – 1:09 रात, 2 फ़रवरी1घं 44मिअमृत1:09 रात – 2:53 रात, 2 फ़रवरी1घं 44मिचर2:53 रात – 4:37 सुबह, 2 फ़रवरी1घं 44मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 7:58 शाम – 9:42 रात9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- अश्विनीपाद 2
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त6:14 सुबह – 7:10 सुबह55मिलाभ8:05 सुबह – 9:21 सुबह1घं 16मिविजय मुहूर्त2:52 दोपहर – 3:32 दोपहर41मिचर3:42 दोपहर – 4:58 शाम1घं 16मिलाभ4:58 शाम – 6:15 शाम1घं 16मिगोधूलि मुहूर्त6:15 शाम – 6:42 शाम28मिशुभ7:58 शाम – 9:42 रात1घं 44मिअमृत9:42 रात – 11:26 रात1घं 44मिचर11:26 रात – 1:09 रात, 3 फ़रवरी1घं 44मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — अश्विनी नक्षत्र (तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अश्विनी नक्षत्र — तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
अमृत 6:16 शाम – 7:59 शाम8 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- भरणीपाद 1
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त6:14 सुबह – 7:09 सुबह55मिशुभ4:59 शाम – 6:16 शाम1घं 16मिगोधूलि मुहूर्त6:16 शाम – 6:44 शाम28मिअमृत6:16 शाम – 7:59 शाम1घं 43मिचर7:59 शाम – 9:43 रात1घं 43मिलाभ1:10 रात – 2:53 रात, 4 फ़रवरी1घं 43मिशुभ4:36 सुबह – 6:20 सुबह, 4 फ़रवरी1घं 43मिअमृत6:20 सुबह – 8:03 सुबह, 4 फ़रवरी1घं 43मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 8 समय+8
शुभ 9:44 रात – 11:27 रात11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- रोहिणीपाद 1
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:12 सुबह – 7:07 सुबह55मिशुभ9:19 सुबह – 10:36 सुबह1घं 17मिअभिजित मुहूर्त12:50 दोपहर – 1:31 दोपहर41मिचर1:10 दोपहर – 2:27 दोपहर1घं 17मिअमृत3:44 दोपहर – 5:01 शाम1घं 17मिगोधूलि मुहूर्त6:18 शाम – 6:46 शाम27मिलाभ6:18 शाम – 8:01 रात1घं 43मिशुभ9:44 रात – 11:27 रात1घं 43मिअमृत11:27 रात – 1:10 रात, 6 फ़रवरी1घं 43मिचर1:10 रात – 2:52 रात, 6 फ़रवरी1घं 43मिलाभ6:18 सुबह – 8:01 सुबह, 6 फ़रवरी1घं 43मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 2:52 रात – 4:35 सुबह, 7 फ़रवरी6 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- मृगशिरापाद 1
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त6:11 सुबह – 7:06 सुबह55मिचर9:18 सुबह – 10:36 सुबह1घं 17मिलाभ10:36 सुबह – 11:53 सुबह1घं 17मिअमृत11:53 सुबह – 12:57 दोपहर1घं 4मिलाभ2:52 रात – 4:35 सुबह, 7 फ़रवरी1घं 43मिशुभ6:17 सुबह – 8:00 सुबह, 7 फ़रवरी1घं 43मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मृगशिरा नक्षत्र (कोमलता — नरम शुरुआत)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मृगशिरा नक्षत्र — कोमलता — नरम शुरुआत+18
- चुनने के लिए 6 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 6:21 शाम – 8:03 रात12 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 2
- योग
- विष्कम्भ
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:10 सुबह – 7:05 सुबह55मिअमृत8:00 सुबह – 9:17 सुबह1घं 18मिशुभ10:35 सुबह – 11:53 सुबह1घं 18मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:31 दोपहर21मिलाभ3:46 दोपहर – 5:03 शाम1घं 18मिअमृत5:03 शाम – 6:21 शाम1घं 18मिगोधूलि मुहूर्त6:21 शाम – 6:48 शाम27मिचर6:21 शाम – 8:03 रात1घं 42मिलाभ11:28 रात – 1:10 रात, 8 फ़रवरी1घं 42मिशुभ2:52 रात – 4:34 सुबह, 8 फ़रवरी1घं 42मिअमृत4:34 सुबह – 6:16 सुबह, 8 फ़रवरी1घं 42मिचर6:16 सुबह – 7:59 सुबह, 8 फ़रवरी1घं 42मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 11:28 रात – 1:10 रात, 9 फ़रवरी9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- पुनर्वसुपाद 2
- योग
- प्रीति
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त6:10 सुबह – 7:04 सुबह55मिलाभ11:52 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 18मिअभिजित मुहूर्त12:50 दोपहर – 1:10 दोपहर21मिविजय मुहूर्त2:54 दोपहर – 3:36 दोपहर42मिगोधूलि मुहूर्त6:22 शाम – 6:49 शाम27मिलाभ8:04 रात – 9:46 रात1घं 42मिशुभ11:28 रात – 1:10 रात, 9 फ़रवरी1घं 42मिअमृत1:10 रात – 2:52 रात, 9 फ़रवरी1घं 42मिचर2:52 रात – 4:34 सुबह, 9 फ़रवरी1घं 42मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
अमृत 6:25 शाम – 8:06 रात11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 3
- योग
- सौभाग्य
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:08 सुबह – 7:02 सुबह54मिचर11:52 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 19मिअभिजित मुहूर्त12:50 दोपहर – 1:31 दोपहर42मिलाभ1:10 दोपहर – 2:29 दोपहर1घं 19मिशुभ5:06 शाम – 6:25 शाम1घं 19मिगोधूलि मुहूर्त6:25 शाम – 6:52 शाम27मिअमृत6:25 शाम – 8:06 रात1घं 41मिचर8:06 रात – 9:47 रात1घं 41मिलाभ1:10 रात – 2:51 रात, 11 फ़रवरी1घं 41मिशुभ4:33 सुबह – 6:14 सुबह, 11 फ़रवरी1घं 41मिअमृत6:14 सुबह – 7:55 सुबह, 11 फ़रवरी1घं 41मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
शुभ 1:10 रात – 2:51 रात, 12 फ़रवरी12 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- मघापाद 4
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:07 सुबह – 7:01 सुबह54मिचर7:55 सुबह – 9:14 सुबह1घं 19मिअमृत10:33 सुबह – 11:52 सुबह1घं 19मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:31 दोपहर21मिशुभ1:10 दोपहर – 2:29 दोपहर1घं 19मिविजय मुहूर्त2:56 दोपहर – 3:38 दोपहर42मिचर5:07 शाम – 6:26 शाम1घं 19मिगोधूलि मुहूर्त6:26 शाम – 6:53 शाम27मिलाभ9:48 रात – 11:29 रात1घं 41मिशुभ1:10 रात – 2:51 रात, 12 फ़रवरी1घं 41मिअमृत2:51 रात – 4:32 सुबह, 12 फ़रवरी1घं 41मिचर4:32 सुबह – 6:13 सुबह, 12 फ़रवरी1घं 41मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — मघा नक्षत्र (पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मघा नक्षत्र — पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 1:10 रात – 2:51 रात, 13 फ़रवरी7 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 4
- योग
- सुकर्मा
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त6:06 सुबह – 7:00 सुबह54मिशुभ9:13 सुबह – 10:32 सुबह1घं 19मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:32 दोपहर42मिचर1:10 दोपहर – 1:50 दोपहर39मिअमृत12:10 रात – 1:10 रात, 13 फ़रवरी1घंचर1:10 रात – 2:51 रात, 13 फ़रवरी1घं 41मिलाभ6:12 सुबह – 7:53 सुबह, 13 फ़रवरी1घं 41मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- चुनने के लिए 7 समय+8
चर 6:29 शाम – 8:09 रात12 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- चित्रापाद 1
- योग
- शूल
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त6:04 सुबह – 6:58 सुबह54मिअमृत7:51 सुबह – 9:11 सुबह1घं 20मिशुभ10:31 सुबह – 11:51 सुबह1घं 20मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:32 दोपहर21मिलाभ3:50 दोपहर – 5:10 शाम1घं 20मिअमृत5:10 शाम – 6:29 शाम1घं 20मिगोधूलि मुहूर्त6:29 शाम – 6:56 शाम27मिचर6:29 शाम – 8:09 रात1घं 40मिलाभ11:30 रात – 1:10 रात, 15 फ़रवरी1घं 40मिशुभ2:50 रात – 4:30 सुबह, 15 फ़रवरी1घं 40मिअमृत4:30 सुबह – 6:10 सुबह, 15 फ़रवरी1घं 40मिचर6:10 सुबह – 7:50 सुबह, 15 फ़रवरी1घं 40मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 11:50 सुबह – 1:10 दोपहर4 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 1
- योग
- गण्ड
इस दिन का समय (4)
ब्रह्म मुहूर्त6:03 सुबह – 6:57 सुबह53मिलाभ11:50 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 20मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:10 दोपहर21मिविजय मुहूर्त2:57 दोपहर – 3:40 दोपहर43मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- चुनने के लिए 4 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 9:51 रात – 11:30 रात10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- विशाखापाद 1
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त6:02 सुबह – 6:56 सुबह53मिलाभ7:49 सुबह – 9:09 सुबह1घं 20मिविजय मुहूर्त2:57 दोपहर – 3:40 दोपहर43मिचर3:51 दोपहर – 5:11 शाम1घं 20मिलाभ5:11 शाम – 6:32 शाम1घं 20मिगोधूलि मुहूर्त6:32 शाम – 6:58 शाम27मिशुभ8:11 रात – 9:51 रात1घं 39मिअमृत9:51 रात – 11:30 रात1घं 39मिचर11:30 रात – 1:10 रात, 17 फ़रवरी1घं 39मिलाभ4:29 सुबह – 6:08 सुबह, 17 फ़रवरी1घं 39मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 8:12 रात – 9:51 रात11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 1
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त6:01 सुबह – 6:54 सुबह53मिचर11:50 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 21मिअभिजित मुहूर्त12:49 दोपहर – 1:32 दोपहर43मिलाभ1:10 दोपहर – 2:31 दोपहर1घं 21मिशुभ5:12 शाम – 6:33 शाम1घं 21मिगोधूलि मुहूर्त6:33 शाम – 6:59 शाम26मिअमृत6:33 शाम – 8:12 रात1घं 39मिचर8:12 रात – 9:51 रात1घं 39मिलाभ1:10 रात – 2:49 रात, 18 फ़रवरी1घं 39मिशुभ4:28 सुबह – 6:07 सुबह, 18 फ़रवरी1घं 39मिअमृत6:07 सुबह – 7:46 सुबह, 18 फ़रवरी1घं 39मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 6:35 शाम – 8:14 रात7 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- मूलपाद 1
- योग
- वज्र
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त5:59 सुबह – 6:52 सुबह53मिगोधूलि मुहूर्त6:35 शाम – 7:02 शाम26मिलाभ6:35 शाम – 8:14 रात1घं 39मिशुभ9:52 रात – 11:31 रात1घं 39मिअमृत11:31 रात – 1:09 रात, 20 फ़रवरी1घं 39मिचर1:09 रात – 2:48 रात, 20 फ़रवरी1घं 39मिलाभ6:05 सुबह – 7:43 सुबह, 20 फ़रवरी1घं 39मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- चुनने के लिए 7 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vajra योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 9:53 रात – 11:31 रात13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- मूलपाद 4
- योग
- सिद्धि
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त5:58 सुबह – 6:51 सुबह53मिचर9:05 सुबह – 10:27 सुबह1घं 22मिलाभ10:27 सुबह – 11:48 सुबह1घं 22मिअमृत11:48 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 22मिअभिजित मुहूर्त12:48 दोपहर – 1:10 दोपहर22मिशुभ2:32 दोपहर – 3:53 दोपहर1घं 22मिविजय मुहूर्त2:59 दोपहर – 3:42 दोपहर44मिगोधूलि मुहूर्त6:37 शाम – 7:03 शाम26मिशुभ6:37 शाम – 8:15 रात1घं 38मिअमृत8:15 रात – 9:53 रात1घं 38मिचर9:53 रात – 11:31 रात1घं 38मिलाभ2:48 रात – 4:26 सुबह, 21 फ़रवरी1घं 38मिशुभ6:04 सुबह – 7:42 सुबह, 21 फ़रवरी1घं 38मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 6:38 शाम – 8:16 रात12 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 4
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त5:57 सुबह – 6:50 सुबह52मिअमृत7:42 सुबह – 9:04 सुबह1घं 22मिशुभ10:26 सुबह – 11:48 सुबह1घं 22मिअभिजित मुहूर्त1:10 दोपहर – 1:32 दोपहर22मिलाभ3:54 दोपहर – 5:16 शाम1घं 22मिअमृत5:16 शाम – 6:38 शाम1घं 22मिगोधूलि मुहूर्त6:38 शाम – 7:04 शाम26मिचर6:38 शाम – 8:16 रात1घं 38मिलाभ11:31 रात – 1:09 रात, 22 फ़रवरी1घं 38मिशुभ2:47 रात – 4:25 सुबह, 22 फ़रवरी1घं 38मिअमृत4:25 सुबह – 6:03 सुबह, 22 फ़रवरी1घं 38मिचर6:03 सुबह – 7:41 सुबह, 22 फ़रवरी1घं 38मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 8:16 रात – 9:54 रात7 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 4
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त5:56 सुबह – 6:48 सुबह52मिलाभ11:48 सुबह – 1:10 दोपहर1घं 22मिअभिजित मुहूर्त12:48 दोपहर – 1:10 दोपहर22मिविजय मुहूर्त3:00 दोपहर – 3:43 दोपहर44मिगोधूलि मुहूर्त6:39 शाम – 7:05 शाम26मिलाभ8:16 रात – 9:54 रात1घं 38मिशुभ11:32 रात – 1:09 रात, 23 फ़रवरी1घं 38मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- चुनने के लिए 7 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 4:22 सुबह – 5:58 सुबह, 26 फ़रवरी12 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 2
- योग
- शिव
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त5:53 सुबह – 6:45 सुबह52मिचर7:36 सुबह – 9:00 सुबह1घं 23मिअमृत10:23 सुबह – 11:46 सुबह1घं 23मिअभिजित मुहूर्त1:09 दोपहर – 1:32 दोपहर22मिशुभ1:09 दोपहर – 2:33 दोपहर1घं 23मिविजय मुहूर्त3:00 दोपहर – 3:45 दोपहर44मिचर5:19 शाम – 6:42 शाम1घं 23मिगोधूलि मुहूर्त6:42 शाम – 7:08 शाम26मिलाभ9:56 रात – 11:32 रात1घं 37मिशुभ1:09 रात – 2:45 रात, 26 फ़रवरी1घं 37मिअमृत2:45 रात – 4:22 सुबह, 26 फ़रवरी1घं 37मिचर4:22 सुबह – 5:58 सुबह, 26 फ़रवरी1घं 37मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
लाभ 6:44 शाम – 8:20 रात11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 2
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:52 सुबह – 6:43 सुबह51मिशुभ8:58 सुबह – 10:22 सुबह1घं 24मिअभिजित मुहूर्त12:47 दोपहर – 1:32 दोपहर45मिचर1:09 दोपहर – 2:33 दोपहर1घं 24मिअमृत3:56 दोपहर – 5:20 शाम1घं 24मिगोधूलि मुहूर्त6:44 शाम – 7:09 शाम26मिलाभ6:44 शाम – 8:20 रात1घं 36मिशुभ9:56 रात – 11:32 रात1घं 36मिअमृत11:32 रात – 1:08 रात, 27 फ़रवरी1घं 36मिचर1:08 रात – 2:45 रात, 27 फ़रवरी1घं 36मिलाभ5:57 सुबह – 7:33 सुबह, 27 फ़रवरी1घं 36मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
शुभ 6:45 शाम – 8:21 रात13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 1
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त5:51 सुबह – 6:42 सुबह51मिचर8:57 सुबह – 10:21 सुबह1घं 24मिलाभ10:21 सुबह – 11:45 सुबह1घं 24मिअमृत11:45 सुबह – 1:09 दोपहर1घं 24मिअभिजित मुहूर्त12:47 दोपहर – 1:09 दोपहर22मिशुभ2:33 दोपहर – 3:57 दोपहर1घं 24मिविजय मुहूर्त3:01 दोपहर – 3:46 दोपहर45मिगोधूलि मुहूर्त6:45 शाम – 7:10 शाम26मिशुभ6:45 शाम – 8:21 रात1घं 36मिअमृत8:21 रात – 9:57 रात1घं 36मिचर9:57 रात – 11:32 रात1घं 36मिलाभ2:44 रात – 4:20 सुबह, 28 फ़रवरी1घं 36मिशुभ5:56 सुबह – 7:32 सुबह, 28 फ़रवरी1घं 36मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 6:46 शाम – 8:21 रात9 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 1
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त5:50 सुबह – 6:41 सुबह51मिअमृत7:32 सुबह – 8:56 सुबह1घं 24मिशुभ10:20 सुबह – 11:45 सुबह1घं 24मिअभिजित मुहूर्त1:09 दोपहर – 1:31 दोपहर22मिलाभ3:57 दोपहर – 5:22 शाम1घं 24मिअमृत5:22 शाम – 6:46 शाम1घं 24मिगोधूलि मुहूर्त6:46 शाम – 7:11 शाम25मिचर6:46 शाम – 8:21 रात1घं 36मिलाभ11:33 रात – 1:08 रात, 29 फ़रवरी1घं 36मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
मार्च 2028
अमृत 9:58 रात – 11:33 रात10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- अश्विनीपाद 4
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त5:47 सुबह – 6:38 सुबह51मिलाभ7:29 सुबह – 8:54 सुबह1घं 25मिविजय मुहूर्त3:02 दोपहर – 3:47 दोपहर45मिचर3:58 दोपहर – 5:23 शाम1घं 25मिलाभ5:23 शाम – 6:48 शाम1घं 25मिगोधूलि मुहूर्त6:48 शाम – 7:14 शाम25मिशुभ8:23 रात – 9:58 रात1घं 35मिअमृत9:58 रात – 11:33 रात1घं 35मिचर11:33 रात – 1:08 रात, 2 मार्च1घं 35मिलाभ4:17 सुबह – 5:52 सुबह, 2 मार्च1घं 35मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — अश्विनी नक्षत्र (तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अश्विनी नक्षत्र — तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चर 8:24 रात – 9:58 रात11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- भरणीपाद 4
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:46 सुबह – 6:37 सुबह51मिचर11:43 सुबह – 1:08 दोपहर1घं 25मिअभिजित मुहूर्त12:46 दोपहर – 1:31 दोपहर45मिलाभ1:08 दोपहर – 2:34 दोपहर1घं 25मिशुभ5:24 शाम – 6:49 शाम1घं 25मिगोधूलि मुहूर्त6:49 शाम – 7:15 शाम25मिअमृत6:49 शाम – 8:24 रात1घं 35मिचर8:24 रात – 9:58 रात1घं 35मिलाभ1:08 रात – 2:42 रात, 3 मार्च1घं 35मिशुभ4:17 सुबह – 5:51 सुबह, 3 मार्च1घं 35मिअमृत5:51 सुबह – 7:26 सुबह, 3 मार्च1घं 35मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चर 7:26 सुबह – 8:51 सुबह7 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- कृत्तिकापाद 4
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त5:45 सुबह – 6:35 सुबह50मिचर7:26 सुबह – 8:51 सुबह1घं 26मिअमृत10:17 सुबह – 11:42 सुबह1घं 26मिअभिजित मुहूर्त1:08 दोपहर – 1:31 दोपहर23मिशुभ1:08 दोपहर – 2:34 दोपहर1घं 26मिविजय मुहूर्त3:02 दोपहर – 3:48 दोपहर46मिचर5:02 सुबह – 5:50 सुबह, 4 मार्च48मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — कृत्तिका नक्षत्र (साफ़ फ़ैसले लेने वाला)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- कृत्तिका नक्षत्र — साफ़ फ़ैसले लेने वाला+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 7 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 6:52 शाम – 8:25 रात11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- रोहिणीपाद 4
- योग
- विष्कम्भ
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:44 सुबह – 6:34 सुबह50मिशुभ8:50 सुबह – 10:16 सुबह1घं 26मिअभिजित मुहूर्त12:45 दोपहर – 1:31 दोपहर46मिचर1:08 दोपहर – 2:34 दोपहर1घं 26मिअमृत4:00 शाम – 5:26 शाम1घं 26मिगोधूलि मुहूर्त6:52 शाम – 7:17 शाम25मिलाभ6:52 शाम – 8:25 रात1घं 34मिशुभ9:59 रात – 11:33 रात1घं 34मिअमृत11:33 रात – 1:07 रात, 5 मार्च1घं 34मिचर1:07 रात – 2:41 रात, 5 मार्च1घं 34मिलाभ5:49 सुबह – 7:23 सुबह, 5 मार्च1घं 34मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 6:54 शाम – 8:27 रात9 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 4
- योग
- सौभाग्य
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त5:41 सुबह – 6:31 सुबह50मिअमृत7:21 सुबह – 8:48 सुबह1घं 27मिशुभ10:14 सुबह – 11:41 सुबह1घं 27मिअभिजित मुहूर्त1:07 दोपहर – 1:31 दोपहर23मिलाभ4:01 शाम – 5:27 शाम1घं 27मिअमृत5:27 शाम – 6:54 शाम1घं 27मिगोधूलि मुहूर्त6:54 शाम – 7:19 शाम25मिचर6:54 शाम – 8:27 रात1घं 33मिलाभ11:33 रात – 12:20 रात, 7 मार्च47मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
अमृत 1:06 रात – 2:39 रात, 8 मार्च9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- पुनर्वसुपाद 4
- योग
- शोभन
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त5:40 सुबह – 6:30 सुबह50मिलाभ11:40 सुबह – 1:07 दोपहर1घं 27मिअभिजित मुहूर्त12:44 दोपहर – 1:07 दोपहर23मिविजय मुहूर्त3:03 दोपहर – 3:49 दोपहर46मिगोधूलि मुहूर्त6:55 शाम – 7:20 शाम25मिलाभ8:28 रात – 10:01 रात1घं 33मिशुभ11:34 रात – 1:06 रात, 8 मार्च1घं 33मिअमृत1:06 रात – 2:39 रात, 8 मार्च1घं 33मिचर2:39 रात – 4:12 सुबह, 8 मार्च1घं 33मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 8:29 रात – 10:01 रात10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 1
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त5:39 सुबह – 6:28 सुबह50मिलाभ7:18 सुबह – 8:45 सुबह1घं 27मिविजय मुहूर्त3:03 दोपहर – 3:50 दोपहर47मिचर4:01 शाम – 5:29 शाम1घं 27मिलाभ5:29 शाम – 6:56 शाम1घं 27मिगोधूलि मुहूर्त6:56 शाम – 7:21 शाम25मिशुभ8:29 रात – 10:01 रात1घं 33मिअमृत10:01 रात – 11:34 रात1घं 33मिचर11:34 रात – 1:06 रात, 9 मार्च1घं 33मिलाभ4:11 सुबह – 5:44 सुबह, 9 मार्च1घं 33मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 10:02 रात – 11:34 रात11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 2
- योग
- धृति
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:36 सुबह – 6:25 सुबह49मिअमृत10:59 सुबह – 11:38 सुबह40मिअभिजित मुहूर्त1:06 दोपहर – 1:30 दोपहर23मिशुभ1:06 दोपहर – 2:34 दोपहर1घं 28मिविजय मुहूर्त3:04 दोपहर – 3:51 दोपहर47मिचर5:30 शाम – 6:58 शाम1घं 28मिगोधूलि मुहूर्त6:58 शाम – 7:23 शाम24मिलाभ10:02 रात – 11:34 रात1घं 32मिशुभ1:06 रात – 2:37 रात, 11 मार्च1घं 32मिअमृत2:37 रात – 4:09 सुबह, 11 मार्च1घं 32मिचर4:09 सुबह – 5:41 सुबह, 11 मार्च1घं 32मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 6:59 शाम – 8:31 रात11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण प्रतिपदा
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 2
- योग
- गण्ड
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:35 सुबह – 6:24 सुबह49मिशुभ8:41 सुबह – 10:10 सुबह1घं 28मिअभिजित मुहूर्त12:43 दोपहर – 1:30 दोपहर47मिचर1:06 दोपहर – 2:34 दोपहर1घं 28मिअमृत4:03 शाम – 5:31 शाम1घं 28मिगोधूलि मुहूर्त6:59 शाम – 7:24 शाम24मिलाभ6:59 शाम – 8:31 रात1घं 32मिशुभ10:02 रात – 11:34 रात1घं 32मिअमृत11:34 रात – 1:05 रात, 12 मार्च1घं 32मिचर1:05 रात – 2:37 रात, 12 मार्च1घं 32मिलाभ5:40 सुबह – 7:11 सुबह, 12 मार्च1घं 32मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 10:03 रात – 11:34 रात11 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- हस्तपाद 3
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:34 सुबह – 6:23 सुबह49मिचर8:40 सुबह – 10:09 सुबह1घं 29मिलाभ10:09 सुबह – 11:37 सुबह1घं 29मिअमृत11:37 सुबह – 1:06 दोपहर1घं 29मिअभिजित मुहूर्त12:42 दोपहर – 1:06 दोपहर24मिशुभ2:35 दोपहर – 4:03 शाम1घं 29मिविजय मुहूर्त3:04 दोपहर – 3:51 दोपहर47मिगोधूलि मुहूर्त7:00 शाम – 7:25 शाम24मिशुभ7:00 शाम – 8:32 रात1घं 31मिअमृत8:32 रात – 10:03 रात1घं 31मिचर10:03 रात – 11:34 रात1घं 31मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 7:01 शाम – 8:32 रात11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- चित्रापाद 3
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त5:32 सुबह – 6:21 सुबह49मिशुभ11:10 सुबह – 11:37 सुबह27मिअभिजित मुहूर्त1:06 दोपहर – 1:29 दोपहर24मिलाभ4:04 शाम – 5:33 शाम1घं 29मिअमृत5:33 शाम – 7:01 शाम1घं 29मिगोधूलि मुहूर्त7:01 शाम – 7:26 शाम24मिचर7:01 शाम – 8:32 रात1घं 31मिलाभ11:34 रात – 1:05 रात, 14 मार्च1घं 31मिशुभ2:36 रात – 4:06 सुबह, 14 मार्च1घं 31मिअमृत4:06 सुबह – 5:37 सुबह, 14 मार्च1घं 31मिचर5:37 सुबह – 7:08 सुबह, 14 मार्च1घं 31मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
अप्रैल 2028
शुभ 12:56 दोपहर – 2:36 दोपहर8 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- मूलपाद 2
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:52 सुबह – 5:35 सुबह43मिचर6:18 सुबह – 7:57 सुबह1घं 40मिअमृत9:37 सुबह – 11:17 सुबह1घं 40मिअभिजित मुहूर्त12:56 दोपहर – 1:23 दोपहर27मिशुभ12:56 दोपहर – 2:36 दोपहर1घं 40मिविजय मुहूर्त3:09 दोपहर – 4:03 शाम53मिचर5:56 शाम – 7:35 शाम1घं 40मिगोधूलि मुहूर्त7:35 शाम – 7:57 शाम21मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 8 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 12:56 दोपहर – 2:36 दोपहर10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 2
- योग
- शिव
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:51 सुबह – 5:33 सुबह43मिअभिजित मुहूर्त12:30 दोपहर – 1:23 दोपहर53मिचर12:56 दोपहर – 2:36 दोपहर1घं 40मिअमृत4:16 शाम – 5:56 शाम1घं 40मिगोधूलि मुहूर्त7:36 शाम – 7:58 शाम21मिलाभ7:36 शाम – 8:56 रात1घं 20मिशुभ10:16 रात – 11:36 रात1घं 20मिअमृत11:36 रात – 12:55 रात, 16 अप्रैल1घं 20मिचर12:55 रात – 2:15 रात, 16 अप्रैल1घं 20मिलाभ4:55 सुबह – 6:15 सुबह, 16 अप्रैल1घं 20मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
अमृत 11:16 सुबह – 12:56 दोपहर13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 1
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त4:50 सुबह – 5:32 सुबह43मिचर7:55 सुबह – 9:35 सुबह1घं 40मिलाभ9:35 सुबह – 11:16 सुबह1घं 40मिअमृत11:16 सुबह – 12:56 दोपहर1घं 40मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 12:56 दोपहर27मिशुभ2:36 दोपहर – 4:17 शाम1घं 40मिविजय मुहूर्त3:10 दोपहर – 4:03 शाम54मिगोधूलि मुहूर्त7:37 शाम – 7:59 शाम21मिशुभ7:37 शाम – 8:57 रात1घं 19मिअमृत8:57 रात – 10:16 रात1घं 19मिचर10:16 रात – 11:36 रात1घं 19मिलाभ2:15 रात – 3:34 रात, 17 अप्रैल1घं 19मिशुभ4:54 सुबह – 6:13 सुबह, 17 अप्रैल1घं 19मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 11:15 सुबह – 12:56 दोपहर4 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- धनिष्ठापाद 1
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (4)
ब्रह्म मुहूर्त4:47 सुबह – 5:29 सुबह42मिलाभ11:15 सुबह – 12:56 दोपहर1घं 41मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 12:56 दोपहर27मिविजय मुहूर्त3:10 दोपहर – 4:04 शाम54मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — धनिष्ठा नक्षत्र (धन और लय — व्यवस्था से बरकत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- धनिष्ठा नक्षत्र — धन और लय — व्यवस्था से बरकत+18
- चुनने के लिए 4 समय+8
लाभ 5:59 शाम – 7:40 शाम10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- धनिष्ठापाद 4
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:46 सुबह – 5:28 सुबह42मिलाभ6:45 सुबह – 7:51 सुबह1घं 7मिविजय मुहूर्त3:10 दोपहर – 4:04 शाम54मिचर4:18 शाम – 5:59 शाम1घं 41मिलाभ5:59 शाम – 7:40 शाम1घं 41मिगोधूलि मुहूर्त7:40 शाम – 8:01 रात21मिशुभ8:59 रात – 10:18 रात1घं 19मिअमृत10:18 रात – 11:36 रात1घं 19मिचर11:36 रात – 12:55 रात, 20 अप्रैल1घं 19मिलाभ3:32 रात – 4:50 सुबह, 20 अप्रैल1घं 19मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — धनिष्ठा नक्षत्र (धन और लय — व्यवस्था से बरकत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- धनिष्ठा नक्षत्र — धन और लय — व्यवस्था से बरकत+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
लाभ 12:55 दोपहर – 2:37 दोपहर11 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 4
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:45 सुबह – 5:27 सुबह42मिचर11:14 सुबह – 12:55 दोपहर1घं 42मिअभिजित मुहूर्त12:28 दोपहर – 1:22 दोपहर54मिलाभ12:55 दोपहर – 2:37 दोपहर1घं 42मिशुभ6:00 शाम – 7:42 शाम1घं 42मिगोधूलि मुहूर्त7:42 शाम – 8:02 रात21मिअमृत7:42 शाम – 9:00 रात1घं 18मिचर9:00 रात – 10:18 रात1घं 18मिलाभ12:54 रात – 2:13 रात, 21 अप्रैल1घं 18मिशुभ3:31 रात – 4:49 सुबह, 21 अप्रैल1घं 18मिअमृत4:49 सुबह – 6:07 सुबह, 21 अप्रैल1घं 18मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चर 6:07 सुबह – 7:49 सुबह12 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 3
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:44 सुबह – 5:26 सुबह42मिचर6:07 सुबह – 7:49 सुबह1घं 42मिअमृत9:31 सुबह – 11:13 सुबह1घं 42मिअभिजित मुहूर्त12:55 दोपहर – 1:22 दोपहर27मिशुभ12:55 दोपहर – 2:37 दोपहर1घं 42मिविजय मुहूर्त3:11 दोपहर – 4:05 शाम54मिचर6:01 शाम – 7:43 शाम1घं 42मिगोधूलि मुहूर्त7:43 शाम – 8:03 रात21मिलाभ10:18 रात – 11:36 रात1घं 18मिशुभ12:54 रात – 2:12 रात, 22 अप्रैल1घं 18मिअमृत2:12 रात – 3:30 रात, 22 अप्रैल1घं 18मिचर3:30 रात – 4:48 सुबह, 22 अप्रैल1घं 18मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 12 समय+8
शुभ 7:48 सुबह – 9:30 सुबह5 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 3
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:43 सुबह – 5:24 सुबह42मिशुभ7:48 सुबह – 9:30 सुबह1घं 42मिअभिजित मुहूर्त12:27 दोपहर – 1:22 दोपहर55मिचर12:55 दोपहर – 1:27 दोपहर32मिलाभ4:47 सुबह – 6:04 सुबह, 23 अप्रैल1घं 18मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- चुनने के लिए 5 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 11:11 सुबह – 12:54 दोपहर9 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- भरणीपाद 2
- योग
- आयुष्मान
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:40 सुबह – 5:21 सुबह41मिलाभ11:11 सुबह – 12:54 दोपहर1घं 43मिअभिजित मुहूर्त12:27 दोपहर – 12:54 दोपहर28मिविजय मुहूर्त3:12 दोपहर – 4:07 शाम55मिगोधूलि मुहूर्त7:47 शाम – 8:07 रात20मिलाभ9:03 रात – 10:20 रात1घं 17मिशुभ11:37 रात – 12:54 रात, 26 अप्रैल1घं 17मिअमृत12:54 रात – 2:10 रात, 26 अप्रैल1घं 17मिचर2:10 रात – 3:27 रात, 26 अप्रैल1घं 17मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 6:00 सुबह – 7:44 सुबह10 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- कृत्तिकापाद 2
- योग
- सौभाग्य
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:38 सुबह – 5:19 सुबह41मिलाभ6:00 सुबह – 7:44 सुबह1घं 43मिविजय मुहूर्त3:12 दोपहर – 4:07 शाम55मिचर4:21 शाम – 6:04 शाम1घं 43मिलाभ6:04 शाम – 7:48 शाम1घं 43मिगोधूलि मुहूर्त7:48 शाम – 8:08 रात20मिशुभ9:04 रात – 10:21 रात1घं 16मिअमृत10:21 रात – 11:37 रात1घं 16मिचर11:37 रात – 12:53 रात, 27 अप्रैल1घं 16मिलाभ3:26 रात – 4:43 सुबह, 27 अप्रैल1घं 16मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + कृत्तिका नक्षत्र (साफ़ फ़ैसले लेने वाला)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- कृत्तिका नक्षत्र — साफ़ फ़ैसले लेने वाला+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 12:54 दोपहर – 2:38 दोपहर9 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- रोहिणीपाद 2
- योग
- शोभन
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:37 सुबह – 5:18 सुबह41मिचर11:10 सुबह – 12:54 दोपहर1घं 44मिअभिजित मुहूर्त12:26 दोपहर – 1:22 दोपहर55मिलाभ12:54 दोपहर – 2:38 दोपहर1घं 44मिशुभ6:05 शाम – 7:49 शाम1घं 44मिगोधूलि मुहूर्त7:49 शाम – 8:09 रात20मिअमृत7:49 शाम – 9:05 रात1घं 16मिचर9:05 रात – 10:21 रात1घं 16मिलाभ12:53 रात – 2:09 रात, 28 अप्रैल1घं 16मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
शुभ 7:41 सुबह – 9:25 सुबह11 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 2
- योग
- सुकर्मा
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:35 सुबह – 5:16 सुबह40मिशुभ7:41 सुबह – 9:25 सुबह1घं 44मिअभिजित मुहूर्त12:26 दोपहर – 1:21 दोपहर56मिचर12:54 दोपहर – 2:38 दोपहर1घं 44मिअमृत4:22 शाम – 6:07 शाम1घं 44मिगोधूलि मुहूर्त7:51 शाम – 8:11 रात20मिलाभ7:51 शाम – 9:06 रात1घं 15मिशुभ10:22 रात – 11:37 रात1घं 15मिअमृत11:37 रात – 12:53 रात, 30 अप्रैल1घं 15मिचर12:53 रात – 2:08 रात, 30 अप्रैल1घं 15मिलाभ4:39 सुबह – 5:55 सुबह, 30 अप्रैल1घं 15मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 9:24 सुबह – 11:09 सुबह13 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- पुनर्वसुपाद 2
- योग
- धृति
इस दिन का समय (13)
ब्रह्म मुहूर्त4:34 सुबह – 5:15 सुबह40मिचर7:40 सुबह – 9:24 सुबह1घं 45मिलाभ9:24 सुबह – 11:09 सुबह1घं 45मिअमृत11:09 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 45मिअभिजित मुहूर्त12:26 दोपहर – 12:53 दोपहर28मिशुभ2:38 दोपहर – 4:23 शाम1घं 45मिविजय मुहूर्त3:13 दोपहर – 4:09 शाम56मिगोधूलि मुहूर्त7:52 शाम – 8:12 रात20मिशुभ7:52 शाम – 9:07 रात1घं 15मिअमृत9:07 रात – 10:22 रात1घं 15मिचर10:22 रात – 11:38 रात1घं 15मिलाभ2:08 रात – 3:23 रात, 1 मई1घं 15मिशुभ4:38 सुबह – 5:54 सुबह, 1 मई1घं 15मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18
- चुनने के लिए 13 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
मई 2028
शुभ 9:24 सुबह – 11:08 सुबह7 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- पुष्यपाद 2
- योग
- शूल
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:33 सुबह – 5:14 सुबह40मिअमृत5:54 सुबह – 7:39 सुबह1घं 45मिशुभ9:24 सुबह – 11:08 सुबह1घं 45मिलाभ11:38 रात – 12:53 रात, 2 मई1घं 15मिशुभ2:08 रात – 3:23 रात, 2 मई1घं 15मिअमृत3:23 रात – 4:38 सुबह, 2 मई1घं 15मिचर4:38 सुबह – 5:52 सुबह, 2 मई1घं 15मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुष्य नक्षत्र (पोषण — सबसे टिकाऊ तारा)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुष्य नक्षत्र — पोषण — सबसे टिकाऊ तारा+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 7 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 11:08 सुबह – 12:53 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 2
- योग
- गण्ड
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:33 सुबह – 5:12 सुबह40मिलाभ11:08 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 45मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 12:53 दोपहर28मिविजय मुहूर्त3:14 दोपहर – 4:10 शाम56मिलाभ9:09 रात – 10:23 रात1घं 15मिशुभ11:38 रात – 12:53 रात, 3 मई1घं 15मिअमृत12:53 रात – 2:07 रात, 3 मई1घं 15मिचर2:07 रात – 3:22 रात, 3 मई1घं 15मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 11:07 सुबह – 12:53 दोपहर6 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 3
- योग
- व्याघात
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:31 सुबह – 5:10 सुबह40मिचर11:07 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 46मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 1:21 दोपहर56मिलाभ12:53 दोपहर – 2:39 दोपहर1घं 46मिशुभ3:21 रात – 4:35 सुबह, 5 मई1घं 14मिअमृत4:35 सुबह – 5:49 सुबह, 5 मई1घं 14मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 6 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 5:49 सुबह – 7:35 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 3
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:30 सुबह – 5:09 सुबह40मिचर5:49 सुबह – 7:35 सुबह1घं 46मिअमृत9:21 सुबह – 11:07 सुबह1घं 46मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:21 दोपहर28मिशुभ12:53 दोपहर – 2:39 दोपहर1घं 46मिविजय मुहूर्त3:14 दोपहर – 4:11 शाम57मिचर6:11 शाम – 7:57 शाम1घं 46मिलाभ10:25 रात – 11:39 रात1घं 14मिशुभ12:52 रात – 2:06 रात, 6 मई1घं 14मिअमृत2:06 रात – 3:20 रात, 6 मई1घं 14मिचर3:20 रात – 4:34 सुबह, 6 मई1घं 14मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
शुभ 7:34 सुबह – 9:20 सुबह10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- हस्तपाद 3
- योग
- वज्र
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:29 सुबह – 5:08 सुबह39मिशुभ7:34 सुबह – 9:20 सुबह1घं 46मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 1:21 दोपहर57मिचर12:53 दोपहर – 2:39 दोपहर1घं 46मिअमृत4:26 शाम – 6:12 शाम1घं 46मिलाभ7:58 शाम – 9:12 रात1घं 14मिशुभ10:25 रात – 11:39 रात1घं 14मिअमृत11:39 रात – 12:52 रात, 7 मई1घं 14मिचर12:52 रात – 2:06 रात, 7 मई1घं 14मिलाभ4:33 सुबह – 5:46 सुबह, 7 मई1घं 14मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vajra योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 5:45 सुबह – 7:32 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 4
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:27 सुबह – 5:06 सुबह39मिअमृत5:45 सुबह – 7:32 सुबह1घं 47मिशुभ9:19 सुबह – 11:06 सुबह1घं 47मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:21 दोपहर28मिलाभ4:27 शाम – 6:13 शाम1घं 47मिअमृत6:13 शाम – 8:00 रात1घं 47मिचर8:00 रात – 9:13 रात1घं 13मिलाभ11:39 रात – 12:52 रात, 9 मई1घं 13मिशुभ2:05 रात – 3:18 रात, 9 मई1घं 13मिअमृत3:18 रात – 4:31 सुबह, 9 मई1घं 13मिचर4:31 सुबह – 5:44 सुबह, 9 मई1घं 13मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 11:06 सुबह – 12:53 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण प्रतिपदा
- नक्षत्र
- विशाखापाद 4
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:26 सुबह – 5:05 सुबह39मिलाभ11:06 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 47मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिविजय मुहूर्त3:16 दोपहर – 4:13 शाम57मिलाभ9:14 रात – 10:27 रात1घं 13मिशुभ11:39 रात – 12:52 रात, 10 मई1घं 13मिअमृत12:52 रात – 2:05 रात, 10 मई1घं 13मिचर2:05 रात – 3:18 रात, 10 मई1घं 13मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
लाभ 5:43 सुबह – 7:31 सुबह8 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 4
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:26 सुबह – 5:04 सुबह39मिलाभ5:43 सुबह – 7:31 सुबह1घं 47मिविजय मुहूर्त3:16 दोपहर – 4:13 शाम57मिचर4:27 शाम – 6:15 शाम1घं 47मिलाभ6:15 शाम – 8:02 रात1घं 47मिशुभ9:15 रात – 10:27 रात1घं 12मिअमृत10:27 रात – 11:40 रात1घं 12मिचर11:40 रात – 12:31 रात, 11 मई51मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 8 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 6:16 शाम – 8:03 रात10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 4
- योग
- शिव
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:25 सुबह – 5:03 सुबह39मिचर12:22 दोपहर – 12:53 दोपहर31मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:21 दोपहर57मिलाभ12:53 दोपहर – 2:40 दोपहर1घं 48मिशुभ6:16 शाम – 8:03 रात1घं 48मिअमृत8:03 रात – 9:15 रात1घं 12मिचर9:15 रात – 10:28 रात1घं 12मिलाभ12:52 रात – 2:04 रात, 12 मई1घं 12मिशुभ3:17 रात – 4:29 सुबह, 12 मई1घं 12मिअमृत4:29 सुबह – 5:41 सुबह, 12 मई1घं 12मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
शुभ 7:28 सुबह – 9:16 सुबह10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 4
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:23 सुबह – 5:02 सुबह38मिशुभ7:28 सुबह – 9:16 सुबह1घं 48मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:21 दोपहर58मिचर12:53 दोपहर – 2:41 दोपहर1घं 48मिअमृत4:29 शाम – 6:17 शाम1घं 48मिलाभ8:05 रात – 9:17 रात1घं 12मिशुभ10:29 रात – 11:40 रात1घं 12मिअमृत11:40 रात – 12:52 रात, 14 मई1घं 12मिचर12:52 रात – 2:04 रात, 14 मई1घं 12मिलाभ4:27 सुबह – 5:39 सुबह, 14 मई1घं 12मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
चर 7:28 सुबह – 9:16 सुबह7 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 4
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:23 सुबह – 5:01 सुबह38मिचर7:28 सुबह – 9:16 सुबह1घं 48मिलाभ9:16 सुबह – 11:04 सुबह1घं 48मिअमृत11:04 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 48मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिशुभ2:41 दोपहर – 3:20 दोपहर39मिशुभ4:27 सुबह – 5:38 सुबह, 15 मई1घं 11मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- चुनने के लिए 7 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 5:38 सुबह – 7:27 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- श्रवणपाद 3
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:22 सुबह – 5:00 सुबह38मिअमृत5:38 सुबह – 7:27 सुबह1घं 49मिशुभ9:15 सुबह – 11:04 सुबह1घं 49मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:22 दोपहर29मिलाभ4:30 शाम – 6:19 शाम1घं 49मिअमृत6:19 शाम – 8:07 रात1घं 49मिचर8:07 रात – 9:18 रात1घं 11मिलाभ11:41 रात – 12:52 रात, 16 मई1घं 11मिशुभ2:03 रात – 3:15 रात, 16 मई1घं 11मिअमृत3:15 रात – 4:26 सुबह, 16 मई1घं 11मिचर4:26 सुबह – 5:37 सुबह, 16 मई1घं 11मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + श्रवण नक्षत्र (सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- श्रवण नक्षत्र — सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 11:04 सुबह – 12:53 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- धनिष्ठापाद 3
- योग
- ब्रह्म
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:21 सुबह – 4:59 सुबह38मिलाभ11:04 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 49मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिविजय मुहूर्त3:18 दोपहर – 4:16 शाम58मिलाभ9:19 रात – 10:30 रात1घं 11मिशुभ11:41 रात – 12:52 रात, 17 मई1घं 11मिअमृत12:52 रात – 2:03 रात, 17 मई1घं 11मिचर2:03 रात – 3:14 रात, 17 मई1घं 11मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — धनिष्ठा नक्षत्र (धन और लय — व्यवस्था से बरकत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- धनिष्ठा नक्षत्र — धन और लय — व्यवस्था से बरकत+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
लाभ 12:52 रात – 2:03 रात, 19 मई5 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 2
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:20 सुबह – 4:58 सुबह38मिचर11:03 सुबह – 11:36 सुबह33मिलाभ12:52 रात – 2:03 रात, 19 मई1घं 11मिशुभ3:14 रात – 4:24 सुबह, 19 मई1घं 11मिअमृत4:24 सुबह – 5:35 सुबह, 19 मई1घं 11मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 5 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 5:35 सुबह – 7:24 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 2
- योग
- विष्कम्भ
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:19 सुबह – 4:57 सुबह38मिचर5:35 सुबह – 7:24 सुबह1घं 50मिअमृत9:14 सुबह – 11:03 सुबह1घं 50मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:22 दोपहर29मिशुभ12:53 दोपहर – 2:42 दोपहर1घं 50मिविजय मुहूर्त3:19 दोपहर – 4:17 शाम58मिचर6:21 शाम – 8:11 रात1घं 50मिलाभ10:32 रात – 11:42 रात1घं 10मिशुभ12:52 रात – 2:03 रात, 20 मई1घं 10मिअमृत2:03 रात – 3:13 रात, 20 मई1घं 10मिचर3:13 रात – 4:23 सुबह, 20 मई1घं 10मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 7:24 सुबह – 9:13 सुबह10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 1
- योग
- प्रीति
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:19 सुबह – 4:56 सुबह38मिशुभ7:24 सुबह – 9:13 सुबह1घं 50मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:22 दोपहर59मिचर12:53 दोपहर – 2:43 दोपहर1घं 50मिअमृत4:32 शाम – 6:22 शाम1घं 50मिलाभ8:12 रात – 9:22 रात1घं 10मिशुभ10:32 रात – 11:42 रात1घं 10मिअमृत11:42 रात – 12:52 रात, 21 मई1घं 10मिचर12:52 रात – 2:03 रात, 21 मई1घं 10मिलाभ4:23 सुबह – 5:33 सुबह, 21 मई1घं 10मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
लाभ 9:13 सुबह – 11:03 सुबह11 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- अश्विनीपाद 1
- योग
- आयुष्मान
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:18 सुबह – 4:56 सुबह37मिचर7:23 सुबह – 9:13 सुबह1घं 50मिलाभ9:13 सुबह – 11:03 सुबह1घं 50मिअमृत11:03 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 50मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:53 दोपहर29मिशुभ2:43 दोपहर – 4:33 शाम1घं 50मिविजय मुहूर्त3:20 दोपहर – 4:18 शाम59मिशुभ8:13 रात – 9:23 रात1घं 10मिअमृत9:23 रात – 10:33 रात1घं 10मिचर10:33 रात – 11:43 रात1घं 10मिलाभ2:03 रात – 3:12 रात, 22 मई1घं 10मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अश्विनी नक्षत्र (तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अश्विनी नक्षत्र — तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है+18
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 4:34 शाम – 6:25 शाम9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- रोहिणीपाद 1
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:17 सुबह – 4:54 सुबह37मिलाभ5:31 सुबह – 7:22 सुबह1घं 51मिविजय मुहूर्त3:21 दोपहर – 4:20 शाम59मिचर4:34 शाम – 6:25 शाम1घं 51मिलाभ6:25 शाम – 8:15 रात1घं 51मिशुभ9:25 रात – 10:34 रात1घं 9मिअमृत10:34 रात – 11:43 रात1घं 9मिचर11:43 रात – 12:53 रात, 25 मई1घं 9मिलाभ3:12 रात – 4:21 सुबह, 25 मई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रोहिणी नक्षत्र (बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रोहिणी नक्षत्र — बढ़त और सुंदरता — फलता-फूलता है+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 11:03 सुबह – 12:53 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- मृगशिरापाद 1
- योग
- धृति
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:16 सुबह – 4:53 सुबह37मिचर11:03 सुबह – 12:53 दोपहर1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 1:23 दोपहर59मिलाभ12:53 दोपहर – 2:44 दोपहर1घं 51मिशुभ6:26 शाम – 8:16 रात1घं 51मिअमृत8:16 रात – 9:25 रात1घं 9मिचर9:25 रात – 10:35 रात1घं 9मिलाभ12:53 रात – 2:02 रात, 26 मई1घं 9मिशुभ3:11 रात – 4:20 सुबह, 26 मई1घं 9मिअमृत4:20 सुबह – 5:30 सुबह, 26 मई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — मृगशिरा नक्षत्र (कोमलता — नरम शुरुआत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मृगशिरा नक्षत्र — कोमलता — नरम शुरुआत+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चर 5:30 सुबह – 7:21 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 1
- योग
- शूल
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:16 सुबह – 4:53 सुबह37मिचर5:30 सुबह – 7:21 सुबह1घं 51मिअमृत9:12 सुबह – 11:02 सुबह1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:53 दोपहर – 1:23 दोपहर30मिशुभ12:53 दोपहर – 2:44 दोपहर1घं 51मिविजय मुहूर्त3:21 दोपहर – 4:20 शाम59मिचर6:26 शाम – 8:17 रात1घं 51मिलाभ10:35 रात – 11:44 रात1घं 9मिशुभ12:53 रात – 2:02 रात, 27 मई1घं 9मिअमृत2:02 रात – 3:11 रात, 27 मई1घं 9मिचर3:11 रात – 4:20 सुबह, 27 मई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 9:11 सुबह – 11:02 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- पुष्यपाद 1
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:52 सुबह37मिचर7:20 सुबह – 9:11 सुबह1घं 51मिलाभ9:11 सुबह – 11:02 सुबह1घं 51मिअमृत11:02 सुबह – 12:54 दोपहर1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:54 दोपहर30मिशुभ2:45 दोपहर – 4:36 शाम1घं 51मिविजय मुहूर्त3:22 दोपहर – 4:21 शाम59मिशुभ8:19 रात – 9:27 रात1घं 9मिअमृत9:27 रात – 10:36 रात1घं 9मिचर10:36 रात – 11:45 रात1घं 9मिलाभ2:02 रात – 3:11 रात, 29 मई1घं 9मिशुभ4:19 सुबह – 5:28 सुबह, 29 मई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुष्य नक्षत्र (पोषण — सबसे टिकाऊ तारा)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुष्य नक्षत्र — पोषण — सबसे टिकाऊ तारा+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 5:28 सुबह – 7:19 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 1
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:51 सुबह37मिअमृत5:28 सुबह – 7:19 सुबह1घं 51मिशुभ9:11 सुबह – 11:02 सुबह1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:54 दोपहर – 1:23 दोपहर30मिलाभ4:37 शाम – 6:28 शाम1घं 51मिअमृत6:28 शाम – 8:20 रात1घं 51मिचर8:20 रात – 9:28 रात1घं 8मिलाभ11:45 रात – 12:54 रात, 30 मई1घं 8मिशुभ2:02 रात – 3:11 रात, 30 मई1घं 8मिअमृत3:11 रात – 4:19 सुबह, 30 मई1घं 8मिचर4:19 सुबह – 5:27 सुबह, 30 मई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 11:02 सुबह – 12:54 दोपहर4 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- मघापाद 1
- योग
- व्याघात
इस दिन का समय (4)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:51 सुबह37मिलाभ11:02 सुबह – 12:54 दोपहर1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:24 दोपहर – 12:54 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:23 दोपहर – 4:22 शाम1घंसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — मघा नक्षत्र (पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मघा नक्षत्र — पितरों का आसन — बड़े साथ खड़े रहते हैं+18
- चुनने के लिए 4 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyaghata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 5:27 सुबह – 7:19 सुबह9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 2
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:51 सुबह36मिलाभ5:27 सुबह – 7:19 सुबह1घं 52मिविजय मुहूर्त3:23 दोपहर – 4:23 शाम1घंचर4:38 शाम – 6:29 शाम1घं 52मिलाभ6:29 शाम – 8:21 रात1घं 52मिशुभ9:29 रात – 10:37 रात1घं 8मिअमृत10:37 रात – 11:46 रात1घं 8मिचर11:46 रात – 12:54 रात, 1 जून1घं 8मिलाभ3:10 रात – 4:18 सुबह, 1 जून1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
जून 2028
चर 5:26 सुबह – 7:18 सुबह7 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- हस्तपाद 2
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:50 सुबह36मिचर5:26 सुबह – 7:18 सुबह1घं 52मिअमृत9:10 सुबह – 11:02 सुबह1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:54 दोपहर – 1:24 दोपहर30मिशुभ12:54 दोपहर – 2:46 दोपहर1घं 52मिविजय मुहूर्त3:24 दोपहर – 4:23 शाम1घंचर6:30 शाम – 8:22 रात1घं 52मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 7 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 12:54 दोपहर – 2:47 दोपहर10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- चित्रापाद 2
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:50 सुबह36मिशुभ7:56 सुबह – 9:10 सुबह1घं 14मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 1:24 दोपहर1घंचर12:54 दोपहर – 2:47 दोपहर1घं 52मिअमृत4:39 शाम – 6:31 शाम1घं 52मिलाभ8:23 रात – 9:31 रात1घं 8मिशुभ10:39 रात – 11:47 रात1घं 8मिअमृत11:47 रात – 12:54 रात, 4 जून1घं 8मिचर12:54 रात – 2:02 रात, 4 जून1घं 8मिलाभ4:18 सुबह – 5:26 सुबह, 4 जून1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + चित्रा नक्षत्र (कारीगरी और सुंदरता)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- चित्रा नक्षत्र — कारीगरी और सुंदरता+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 7:18 सुबह – 9:10 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 3
- योग
- परिघ
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिचर7:18 सुबह – 9:10 सुबह1घं 52मिलाभ9:10 सुबह – 11:02 सुबह1घं 52मिअमृत11:02 सुबह – 12:55 दोपहर1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 12:55 दोपहर30मिशुभ2:47 दोपहर – 4:39 शाम1घं 52मिविजय मुहूर्त3:24 दोपहर – 4:24 शाम1घंशुभ8:24 रात – 9:31 रात1घं 8मिअमृत9:31 रात – 10:39 रात1घं 8मिचर10:39 रात – 11:47 रात1घं 8मिलाभ2:02 रात – 3:10 रात, 5 जून1घं 8मिशुभ4:18 सुबह – 5:25 सुबह, 5 जून1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Parigha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 2:02 रात – 3:10 रात, 7 जून6 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 3
- योग
- सिद्ध
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिविजय मुहूर्त3:25 दोपहर – 4:25 शाम1घंलाभ9:33 रात – 10:40 रात1घं 7मिशुभ11:47 रात – 12:55 रात, 7 जून1घं 7मिअमृत12:55 रात – 2:02 रात, 7 जून1घं 7मिचर2:02 रात – 3:10 रात, 7 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- चुनने के लिए 6 समय+8
चर 4:40 शाम – 6:33 शाम9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण प्रतिपदा
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 3
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिलाभ5:25 सुबह – 7:17 सुबह1घं 53मिविजय मुहूर्त3:25 दोपहर – 4:25 शाम1घंचर4:40 शाम – 6:33 शाम1घं 53मिलाभ6:33 शाम – 8:26 रात1घं 53मिशुभ9:33 रात – 10:40 रात1घं 7मिअमृत10:40 रात – 11:48 रात1घं 7मिचर11:48 रात – 12:55 रात, 8 जून1घं 7मिलाभ3:10 रात – 4:17 सुबह, 8 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
लाभ 12:55 दोपहर – 2:48 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- मूलपाद 3
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिचर11:03 सुबह – 12:55 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:25 दोपहर – 1:25 दोपहर1घंलाभ12:55 दोपहर – 2:48 दोपहर1घं 53मिशुभ6:33 शाम – 8:26 रात1घं 53मिअमृत8:26 रात – 9:33 रात1घं 7मिचर9:33 रात – 10:41 रात1घं 7मिलाभ12:55 रात – 2:03 रात, 9 जून1घं 7मिशुभ3:10 रात – 4:17 सुबह, 9 जून1घं 7मिअमृत4:17 सुबह – 5:24 सुबह, 9 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
चर 5:24 सुबह – 7:17 सुबह6 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 3
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिचर5:24 सुबह – 7:17 सुबह1घं 53मिअमृत9:10 सुबह – 11:03 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:56 दोपहर – 1:26 दोपहर30मिशुभ12:56 दोपहर – 2:30 दोपहर1घं 35मिचर3:10 रात – 4:17 सुबह, 10 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 6 समय+8
अमृत 11:03 सुबह – 12:56 दोपहर12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- श्रवणपाद 2
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिचर7:17 सुबह – 9:10 सुबह1घं 53मिलाभ9:10 सुबह – 11:03 सुबह1घं 53मिअमृत11:03 सुबह – 12:56 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:26 दोपहर – 12:56 दोपहर30मिशुभ2:49 दोपहर – 4:42 शाम1घं 53मिविजय मुहूर्त3:27 दोपहर – 4:27 शाम1घंशुभ8:28 रात – 9:35 रात1घं 7मिअमृत9:35 रात – 10:42 रात1घं 7मिचर10:42 रात – 11:49 रात1घं 7मिलाभ2:03 रात – 3:10 रात, 12 जून1घं 7मिशुभ4:17 सुबह – 5:24 सुबह, 12 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + श्रवण नक्षत्र (सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- श्रवण नक्षत्र — सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 5:24 सुबह – 7:17 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- धनिष्ठापाद 2
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिअमृत5:24 सुबह – 7:17 सुबह1घं 53मिशुभ9:10 सुबह – 11:03 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:56 दोपहर – 1:26 दोपहर30मिलाभ4:42 शाम – 6:35 शाम1घं 53मिअमृत6:35 शाम – 8:28 रात1घं 53मिचर8:28 रात – 9:35 रात1घं 7मिलाभ11:49 रात – 12:56 रात, 13 जून1घं 7मिशुभ2:03 रात – 3:10 रात, 13 जून1घं 7मिअमृत3:10 रात – 4:17 सुबह, 13 जून1घं 7मिचर4:17 सुबह – 5:24 सुबह, 13 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — धनिष्ठा नक्षत्र (धन और लय — व्यवस्था से बरकत)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- धनिष्ठा नक्षत्र — धन और लय — व्यवस्था से बरकत+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
अमृत 12:56 रात – 2:03 रात, 14 जून5 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 1
- योग
- विष्कम्भ
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिलाभ10:04 रात – 10:42 रात39मिशुभ11:49 रात – 12:56 रात, 14 जून1घं 7मिअमृत12:56 रात – 2:03 रात, 14 जून1घं 7मिचर2:03 रात – 3:10 रात, 14 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
56/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- चुनने के लिए 5 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 6:36 शाम – 8:29 रात9 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 1
- योग
- प्रीति
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिलाभ5:24 सुबह – 7:17 सुबह1घं 53मिविजय मुहूर्त3:27 दोपहर – 4:28 शाम1घंचर4:43 शाम – 6:36 शाम1घं 53मिलाभ6:36 शाम – 8:29 रात1घं 53मिशुभ9:36 रात – 10:43 रात1घं 7मिअमृत10:43 रात – 11:50 रात1घं 7मिचर11:50 रात – 12:57 रात, 15 जून1घं 7मिलाभ3:10 रात – 4:17 सुबह, 15 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 9 समय+8
चर 11:04 सुबह – 12:57 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 4
- योग
- आयुष्मान
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:48 सुबह36मिचर11:04 सुबह – 12:57 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:27 दोपहर – 1:27 दोपहर1घंलाभ12:57 दोपहर – 2:50 दोपहर1घं 53मिशुभ6:36 शाम – 8:29 रात1घं 53मिअमृत8:29 रात – 9:36 रात1घं 7मिचर9:36 रात – 10:43 रात1घं 7मिलाभ12:57 रात – 2:04 रात, 16 जून1घं 7मिशुभ3:10 रात – 4:17 सुबह, 16 जून1घं 7मिअमृत4:17 सुबह – 5:24 सुबह, 16 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
अमृत 4:58 शाम – 6:37 शाम7 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण दशमी
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 4
- योग
- शोभन
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिअमृत4:58 शाम – 6:37 शाम1घं 39मिलाभ8:30 रात – 9:37 रात1घं 7मिशुभ10:44 रात – 11:50 रात1घं 7मिअमृत11:50 रात – 12:57 रात, 18 जून1घं 7मिचर12:57 रात – 2:04 रात, 18 जून1घं 7मिलाभ4:18 सुबह – 5:24 सुबह, 18 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- चुनने के लिए 7 समय+8
लाभ 9:11 सुबह – 11:04 सुबह12 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण एकादशी
- नक्षत्र
- अश्विनीपाद 3
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (12)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिचर7:18 सुबह – 9:11 सुबह1घं 53मिलाभ9:11 सुबह – 11:04 सुबह1घं 53मिअमृत11:04 सुबह – 12:57 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:27 दोपहर – 12:57 दोपहर30मिशुभ2:51 दोपहर – 4:44 शाम1घं 53मिविजय मुहूर्त3:28 दोपहर – 4:29 शाम1घंशुभ8:30 रात – 9:37 रात1घं 7मिअमृत9:37 रात – 10:44 रात1घं 7मिचर10:44 रात – 11:51 रात1घं 7मिलाभ2:04 रात – 3:11 रात, 19 जून1घं 7मिशुभ4:18 सुबह – 5:24 सुबह, 19 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अश्विनी नक्षत्र (तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अश्विनी नक्षत्र — तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है+18
- चुनने के लिए 12 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 4:44 शाम – 6:37 शाम11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- कृष्ण द्वादशी
- नक्षत्र
- भरणीपाद 3
- योग
- सुकर्मा
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिअमृत5:24 सुबह – 7:18 सुबह1घं 53मिशुभ9:11 सुबह – 11:04 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:58 दोपहर – 1:28 दोपहर30मिलाभ4:44 शाम – 6:37 शाम1घं 53मिअमृत6:37 शाम – 8:31 रात1घं 53मिचर8:31 रात – 9:37 रात1घं 7मिलाभ11:51 रात – 12:58 रात, 20 जून1घं 7मिशुभ2:04 रात – 3:11 रात, 20 जून1घं 7मिअमृत3:11 रात – 4:18 सुबह, 20 जून1घं 7मिचर4:18 सुबह – 5:25 सुबह, 20 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — भरणी नक्षत्र (बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- भरणी नक्षत्र — बोझ उठाने वाला — काम पूरा करता है+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
लाभ 11:04 सुबह – 12:58 दोपहर4 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र
- कृत्तिकापाद 3
- योग
- धृति
इस दिन का समय (4)
ब्रह्म मुहूर्त4:13 सुबह – 4:49 सुबह36मिलाभ11:04 सुबह – 12:58 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:28 दोपहर – 12:58 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:29 दोपहर – 4:29 शाम1घंसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + कृत्तिका नक्षत्र (साफ़ फ़ैसले लेने वाला)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- कृत्तिका नक्षत्र — साफ़ फ़ैसले लेने वाला+18
- चुनने के लिए 4 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चर 5:25 सुबह – 7:19 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- शुक्ल प्रतिपदा
- नक्षत्र
- आर्द्रापाद 3
- योग
- वृद्धि
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:50 सुबह36मिचर5:25 सुबह – 7:19 सुबह1घं 53मिअमृत9:12 सुबह – 11:05 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:58 दोपहर – 1:29 दोपहर30मिशुभ12:58 दोपहर – 2:52 दोपहर1घं 53मिविजय मुहूर्त3:29 दोपहर – 4:30 शाम1घंचर6:38 शाम – 8:31 रात1घं 53मिलाभ10:45 रात – 11:52 रात1घं 7मिशुभ12:59 रात – 2:05 रात, 24 जून1घं 7मिअमृत2:05 रात – 3:12 रात, 24 जून1घं 7मिचर3:12 रात – 4:19 सुबह, 24 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 7:19 सुबह – 9:12 सुबह10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल द्वितीया
- नक्षत्र
- पुनर्वसुपाद 4
- योग
- ध्रुव
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:14 सुबह – 4:50 सुबह36मिशुभ7:19 सुबह – 9:12 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:28 दोपहर – 1:29 दोपहर1घंचर12:59 दोपहर – 2:52 दोपहर1घं 53मिअमृत4:45 शाम – 6:38 शाम1घं 53मिलाभ8:31 रात – 9:38 रात1घं 7मिशुभ10:45 रात – 11:52 रात1घं 7मिअमृत11:52 रात – 12:59 रात, 25 जून1घं 7मिचर12:59 रात – 2:06 रात, 25 जून1घं 7मिलाभ4:19 सुबह – 5:26 सुबह, 25 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
लाभ 9:12 सुबह – 11:06 सुबह8 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल तृतीया
- नक्षत्र
- पुष्यपाद 4
- योग
- हर्षण
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:50 सुबह36मिचर7:19 सुबह – 9:12 सुबह1घं 53मिलाभ9:12 सुबह – 11:06 सुबह1घं 53मिअमृत11:06 सुबह – 12:59 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 12:59 दोपहर30मिशुभ2:52 दोपहर – 4:45 शाम1घं 53मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:30 शाम1घंशुभ4:47 सुबह – 5:26 सुबह, 26 जून39मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुष्य नक्षत्र (पोषण — सबसे टिकाऊ तारा)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पुष्य नक्षत्र — पोषण — सबसे टिकाऊ तारा+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
अमृत 6:38 शाम – 8:32 रात11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल पंचमी
- नक्षत्र
- आश्लेषापाद 4
- योग
- वज्र
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:51 सुबह36मिअमृत5:26 सुबह – 7:20 सुबह1घं 53मिशुभ9:13 सुबह – 11:06 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:59 दोपहर – 1:29 दोपहर30मिलाभ4:45 शाम – 6:38 शाम1घं 53मिअमृत6:38 शाम – 8:32 रात1घं 53मिचर8:32 रात – 9:38 रात1घं 7मिलाभ11:52 रात – 12:59 रात, 27 जून1घं 7मिशुभ2:06 रात – 3:13 रात, 27 जून1घं 7मिअमृत3:13 रात – 4:20 सुबह, 27 जून1घं 7मिचर4:20 सुबह – 5:27 सुबह, 27 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
68/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
चुनने से पहले यह जान लें
- Vajra योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
लाभ 11:06 सुबह – 12:59 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल षष्ठी
- नक्षत्र
- पूर्वा फाल्गुनीपाद 1
- योग
- सिद्धि
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:15 सुबह – 4:51 सुबह36मिलाभ11:06 सुबह – 12:59 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 12:59 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:30 शाम1घंलाभ9:39 रात – 10:46 रात1घं 7मिशुभ11:52 रात – 12:59 रात, 28 जून1घं 7मिअमृत12:59 रात – 2:06 रात, 28 जून1घं 7मिचर2:06 रात – 3:13 रात, 28 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
चर 4:45 शाम – 6:39 शाम5 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- शुक्ल सप्तमी
- नक्षत्र
- उत्तरा फाल्गुनीपाद 1
- योग
- व्यतीपात
इस दिन का समय (5)
ब्रह्म मुहूर्त4:16 सुबह – 4:52 सुबह36मिलाभ5:27 सुबह – 7:20 सुबह1घं 53मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:30 शाम1घंचर4:45 शाम – 6:39 शाम1घं 53मिलाभ6:39 शाम – 8:32 रात1घं 53मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (निभाया गया वचन)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र — निभाया गया वचन+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 5 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 11:07 सुबह – 1:00 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल अष्टमी
- नक्षत्र
- हस्तपाद 1
- योग
- वरीयान
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:16 सुबह – 4:52 सुबह36मिचर11:07 सुबह – 1:00 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:29 दोपहर – 1:30 दोपहर1घंलाभ1:00 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 53मिशुभ6:39 शाम – 8:31 रात1घं 53मिअमृत8:31 रात – 9:39 रात1घं 7मिचर9:39 रात – 10:46 रात1घं 7मिलाभ1:00 रात – 2:07 रात, 30 जून1घं 7मिशुभ3:14 रात – 4:21 सुबह, 30 जून1घं 7मिअमृत4:21 सुबह – 5:28 सुबह, 30 जून1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — हस्त नक्षत्र (काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- हस्त नक्षत्र — काम करने वाला हाथ — काम अच्छा बनता है+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
जुलाई 2028
शुभ 7:21 सुबह – 9:14 सुबह9 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- शुक्ल दशमी
- नक्षत्र
- स्वातिपाद 2
- योग
- शिव
इस दिन का समय (9)
ब्रह्म मुहूर्त4:17 सुबह – 4:53 सुबह36मिशुभ7:21 सुबह – 9:14 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:30 दोपहर – 1:30 दोपहर1घंचर1:00 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 53मिअमृत4:46 शाम – 6:38 शाम1घं 53मिलाभ8:31 रात – 9:38 रात1घं 7मिशुभ10:46 रात – 11:53 रात1घं 7मिअमृत11:53 रात – 1:00 रात, 2 जुलाई1घं 7मिचर1:00 रात – 2:07 रात, 2 जुलाई1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
76/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18
- चुनने के लिए 9 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 2:53 दोपहर – 4:46 शाम8 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- शुक्ल एकादशी
- नक्षत्र
- विशाखापाद 2
- योग
- साध्य
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:17 सुबह – 4:53 सुबह36मिशुभ2:53 दोपहर – 4:46 शाम1घं 53मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:31 शाम1घंशुभ8:31 रात – 9:38 रात1घं 7मिअमृत9:38 रात – 10:46 रात1घं 7मिचर10:46 रात – 11:53 रात1घं 7मिलाभ2:08 रात – 3:15 रात, 3 जुलाई1घं 7मिशुभ4:22 सुबह – 5:30 सुबह, 3 जुलाई1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — विशाखा नक्षत्र (साझा लक्ष्य)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- विशाखा नक्षत्र — साझा लक्ष्य+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
अमृत 5:30 सुबह – 7:22 सुबह11 समय
- वार
- सोमवार
- तिथि
- शुक्ल द्वादशी
- नक्षत्र
- अनुराधापाद 2
- योग
- शुभ
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:18 सुबह – 4:54 सुबह36मिअमृत5:30 सुबह – 7:22 सुबह1घं 53मिशुभ9:15 सुबह – 11:08 सुबह1घं 53मिअभिजित मुहूर्त1:00 दोपहर – 1:30 दोपहर30मिलाभ4:46 शाम – 6:38 शाम1घं 53मिअमृत6:38 शाम – 8:31 रात1घं 53मिचर8:31 रात – 9:38 रात1घं 7मिलाभ11:53 रात – 1:01 रात, 4 जुलाई1घं 7मिशुभ2:08 रात – 3:15 रात, 4 जुलाई1घं 7मिअमृत3:15 रात – 4:23 सुबह, 4 जुलाई1घं 7मिचर4:23 सुबह – 5:30 सुबह, 4 जुलाई1घं 7मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + अनुराधा नक्षत्र (टिकने वाली दोस्ती)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अनुराधा नक्षत्र — टिकने वाली दोस्ती+18
- सोमवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
लाभ 11:08 सुबह – 1:00 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- शुक्ल त्रयोदशी
- नक्षत्र
- ज्येष्ठापाद 2
- योग
- शुक्ल
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:18 सुबह – 4:54 सुबह36मिलाभ11:08 सुबह – 1:00 दोपहर1घं 53मिअभिजित मुहूर्त12:30 दोपहर – 1:00 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:31 दोपहर – 4:31 शाम1घंलाभ9:38 रात – 10:46 रात1घं 8मिशुभ11:53 रात – 1:01 रात, 5 जुलाई1घं 8मिअमृत1:01 रात – 2:08 रात, 5 जुलाई1घं 8मिचर2:08 रात – 3:16 रात, 5 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
चर 11:08 सुबह – 1:01 दोपहर10 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- शुक्ल पूर्णिमा
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ापाद 1
- योग
- इन्द्र
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:19 सुबह – 4:55 सुबह36मिचर11:08 सुबह – 1:01 दोपहर1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:31 दोपहर – 1:31 दोपहर1घंलाभ1:01 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 52मिशुभ6:38 शाम – 8:30 रात1घं 52मिअमृत8:30 रात – 9:38 रात1घं 8मिचर9:38 रात – 10:46 रात1घं 8मिलाभ1:01 रात – 2:09 रात, 7 जुलाई1घं 8मिशुभ3:17 रात – 4:24 सुबह, 7 जुलाई1घं 8मिअमृत4:24 सुबह – 5:32 सुबह, 7 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 10 समय+8
अमृत 9:17 सुबह – 11:09 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण प्रतिपदा
- नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ापाद 1
- योग
- वैधृति
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:20 सुबह – 4:56 सुबह36मिचर5:32 सुबह – 7:24 सुबह1घं 52मिअमृत9:17 सुबह – 11:09 सुबह1घं 52मिअभिजित मुहूर्त1:01 दोपहर – 1:31 दोपहर30मिशुभ1:01 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 52मिविजय मुहूर्त3:31 दोपहर – 4:30 शाम1घंचर6:38 शाम – 8:30 रात1घं 52मिलाभ10:45 रात – 11:53 रात1घं 8मिशुभ1:01 रात – 2:09 रात, 8 जुलाई1घं 8मिअमृत2:09 रात – 3:17 रात, 8 जुलाई1घं 8मिचर3:17 रात – 4:25 सुबह, 8 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तराषाढ़ा नक्षत्र (टिकने वाली जीत)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तराषाढ़ा नक्षत्र — टिकने वाली जीत+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vaidhriti योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 7:25 सुबह – 9:17 सुबह10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण द्वितीया
- नक्षत्र
- श्रवणपाद 1
- योग
- विष्कम्भ
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:20 सुबह – 4:57 सुबह36मिशुभ7:25 सुबह – 9:17 सुबह1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:31 दोपहर – 1:31 दोपहर1घंचर1:01 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 52मिअमृत4:45 शाम – 6:37 शाम1घं 52मिलाभ8:29 रात – 9:37 रात1घं 8मिशुभ10:45 रात – 11:53 रात1घं 8मिअमृत11:53 रात – 1:01 रात, 9 जुलाई1घं 8मिचर1:01 रात – 2:09 रात, 9 जुलाई1घं 8मिलाभ4:25 सुबह – 5:33 सुबह, 9 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + श्रवण नक्षत्र (सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- श्रवण नक्षत्र — सुनना और सीखना — सलाह मानी जाती है+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Vishkambha योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
शुभ 8:29 रात – 9:37 रात6 समय
- वार
- रविवार
- तिथि
- कृष्ण तृतीया
- नक्षत्र
- धनिष्ठापाद 1
- योग
- प्रीति
इस दिन का समय (6)
ब्रह्म मुहूर्त4:21 सुबह – 4:57 सुबह36मिशुभ8:29 रात – 9:37 रात1घं 8मिअमृत9:37 रात – 10:45 रात1घं 8मिचर10:45 रात – 11:53 रात1घं 8मिलाभ2:10 रात – 3:18 रात, 10 जुलाई1घं 8मिशुभ4:26 सुबह – 5:34 सुबह, 10 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — धनिष्ठा नक्षत्र (धन और लय — व्यवस्था से बरकत)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- धनिष्ठा नक्षत्र — धन और लय — व्यवस्था से बरकत+18
- चुनने के लिए 6 समय+8
लाभ 11:10 सुबह – 1:01 दोपहर8 समय
- वार
- मंगलवार
- तिथि
- कृष्ण पंचमी
- नक्षत्र
- शतभिषापाद 4
- योग
- सौभाग्य
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:22 सुबह – 4:58 सुबह36मिलाभ11:10 सुबह – 1:01 दोपहर1घं 52मिअभिजित मुहूर्त12:32 दोपहर – 1:01 दोपहर30मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:30 शाम1घंलाभ9:36 रात – 10:45 रात1घं 8मिशुभ11:53 रात – 1:02 रात, 12 जुलाई1घं 8मिअमृत1:02 रात – 2:10 रात, 12 जुलाई1घं 8मिचर2:10 रात – 3:19 रात, 12 जुलाई1घं 8मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18
- चुनने के लिए 8 समय+8
लाभ 5:36 सुबह – 7:27 सुबह8 समय
- वार
- बुधवार
- तिथि
- कृष्ण षष्ठी
- नक्षत्र
- पूर्व भाद्रपदपाद 3
- योग
- शोभन
इस दिन का समय (8)
ब्रह्म मुहूर्त4:23 सुबह – 4:59 सुबह37मिलाभ5:36 सुबह – 7:27 सुबह1घं 51मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:30 शाम59मिचर4:45 शाम – 6:36 शाम1घं 51मिलाभ6:36 शाम – 8:28 रात1घं 51मिशुभ9:36 रात – 10:45 रात1घं 9मिअमृत10:45 रात – 11:53 रात1घं 9मिचर11:53 रात – 1:02 रात, 13 जुलाई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18
- बुधवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 8 समय+8
शुभ 6:36 शाम – 8:27 रात7 समय
- वार
- गुरुवार
- तिथि
- कृष्ण सप्तमी
- नक्षत्र
- उत्तर भाद्रपदपाद 3
- योग
- अतिगण्ड
इस दिन का समय (7)
ब्रह्म मुहूर्त4:23 सुबह – 5:00 सुबह37मिशुभ6:36 शाम – 8:27 रात1घं 51मिअमृत8:27 रात – 9:36 रात1घं 9मिचर9:36 रात – 10:45 रात1घं 9मिलाभ1:02 रात – 2:11 रात, 14 जुलाई1घं 9मिशुभ3:20 रात – 4:28 सुबह, 14 जुलाई1घं 9मिअमृत4:28 सुबह – 5:37 सुबह, 14 जुलाई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
78/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18
- गुरुवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 7 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
चुनने से पहले यह जान लें
- Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10
चर 5:37 सुबह – 7:28 सुबह11 समय
- वार
- शुक्रवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- रेवतीपाद 2
- योग
- सुकर्मा
इस दिन का समय (11)
ब्रह्म मुहूर्त4:24 सुबह – 5:00 सुबह37मिचर5:37 सुबह – 7:28 सुबह1घं 51मिअमृत9:19 सुबह – 11:11 सुबह1घं 51मिअभिजित मुहूर्त1:02 दोपहर – 1:31 दोपहर30मिशुभ1:02 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 51मिविजय मुहूर्त3:30 दोपहर – 4:29 शाम59मिचर6:35 शाम – 8:26 रात1घं 51मिलाभ10:44 रात – 11:53 रात1घं 9मिशुभ1:02 रात – 2:11 रात, 15 जुलाई1घं 9मिअमृत2:11 रात – 3:20 रात, 15 जुलाई1घं 9मिचर3:20 रात – 4:29 सुबह, 15 जुलाई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
88/100अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18
- शुक्रवार — पसंदीदा वार+12
- चुनने के लिए 11 समय+8
- सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10
शुभ 7:29 सुबह – 9:20 सुबह10 समय
- वार
- शनिवार
- तिथि
- कृष्ण अष्टमी
- नक्षत्र
- अश्विनीपाद 2
- योग
- धृति
इस दिन का समय (10)
ब्रह्म मुहूर्त4:24 सुबह – 5:01 सुबह37मिशुभ7:29 सुबह – 9:20 सुबह1घं 51मिअभिजित मुहूर्त12:32 दोपहर – 1:31 दोपहर59मिचर1:02 दोपहर – 2:53 दोपहर1घं 51मिअमृत4:44 शाम – 6:35 शाम1घं 51मिलाभ8:26 रात – 9:35 रात1घं 9मिशुभ10:44 रात – 11:53 रात1घं 9मिअमृत11:53 रात – 1:02 रात, 16 जुलाई1घं 9मिचर1:02 रात – 2:11 रात, 16 जुलाई1घं 9मिलाभ4:30 सुबह – 5:39 सुबह, 16 जुलाई1घं 9मिसमय GMT-4 में▤ कैलेंडर में जोड़ें
यह दिन क्यों
शुभ — अश्विनी नक्षत्र (तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है)
66/100शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है
- अश्विनी नक्षत्र — तेज़ शुरुआत — काम चल पड़ता है+18
- चुनने के लिए 10 समय+8
ये दिन कैसे चुने जाते हैं
दिन किस बात से तय होता है
पहले सौर मास — कुछ राशियों में सूर्य हो तो विवाह नहीं होता। फिर उस दिन के सूर्योदय का नक्षत्र। फिर वे समय जिनमें कोई शुभ काम शुरू नहीं होता: चातुर्मास, अधिक मास, पितृ पक्ष।
दर्जा किस बात से
वार और तिथि पसंद की बात हैं, रोक की नहीं। शास्त्र इन्हें सौर मास और नक्षत्र से नीचे रखते हैं, और जिन पंचांगों से हम मिलान करते हैं वे ऐसे दिन भी छापते हैं। इसलिए ऐसा दिन हम देते हैं और साथ में लिख देते हैं कि क्या कम है — फ़ैसला आपका।
समय कौन-सा
वही नाम वाले मुहूर्त जो परंपरा में हैं — अभिजित, ब्रह्म मुहूर्त, गोधूलि, और शुभ चौघड़िया — उनमें से राहु काल, गुलिक, यमगंड और भद्रा काट कर। बीच के बचे हुए ख़ाली समय नहीं, जिनका कोई उपयोग नहीं।
पंचांगों से कितना मिलता है
2026 के लिए दिल्ली में दृक पंचांग जो 59 विवाह तिथियाँ छापता है, वे सब हमारे पास हैं। कुछ और भी हैं जो उनके पास नहीं — उनकी सूची चुनी हुई है, महीने में पाँच के आसपास; हमारी में हर वह दिन है जो नियमों पर खरा उतरता है। हर दिन के साथ उसका दर्जा लिखा है।
यह क्या नहीं है
तारीख़ और जगह से निकला मुहूर्त सबके लिए एक जैसा है। किसी ख़ास जोड़े के लिए इनमें से दिन चुनना सलाह का काम है, और यह पन्ना वह होने का दावा नहीं करता — यहाँ किसी की जन्म कुंडली नहीं ली गई।
Muhurta Chintamani (Rama Daivajna) · Bhaktimala, "Mundan Muhurat — auspicious dates for the first tonsure"