माया से पूछें
होम / शुभ मुहूर्त / संपत्ति संपत्ति मुहूर्त 2026 — शुभ दिन आगे 21 शुभ दिन · न्यूयॉर्क · आज से आगे
पूरा साल एक नज़र में जिन दिनों पर निशान है वे शुभ हैं, और रंग जितना गहरा दिन उतना अच्छा। जिस महीने में एक भी नहीं, उसके नीचे वजह लिखी है — खाली नहीं छोड़ा जाता।
सितंबर 2026 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14
ये दिन कैसे चुने जाते हैं दिन किस बात से तय होता है पहले सौर मास — कुछ राशियों में सूर्य हो तो विवाह नहीं होता। फिर उस दिन के सूर्योदय का नक्षत्र। फिर वे समय जिनमें कोई शुभ काम शुरू नहीं होता: चातुर्मास, अधिक मास, पितृ पक्ष।
दर्जा किस बात से वार और तिथि पसंद की बात हैं, रोक की नहीं। शास्त्र इन्हें सौर मास और नक्षत्र से नीचे रखते हैं, और जिन पंचांगों से हम मिलान करते हैं वे ऐसे दिन भी छापते हैं। इसलिए ऐसा दिन हम देते हैं और साथ में लिख देते हैं कि क्या कम है — फ़ैसला आपका।
समय कौन-सा वही नाम वाले मुहूर्त जो परंपरा में हैं — अभिजित, ब्रह्म मुहूर्त, गोधूलि, और शुभ चौघड़िया — उनमें से राहु काल, गुलिक, यमगंड और भद्रा काट कर। बीच के बचे हुए ख़ाली समय नहीं, जिनका कोई उपयोग नहीं।
पंचांगों से कितना मिलता है 2026 के लिए दिल्ली में दृक पंचांग जो 59 विवाह तिथियाँ छापता है, वे सब हमारे पास हैं। कुछ और भी हैं जो उनके पास नहीं — उनकी सूची चुनी हुई है, महीने में पाँच के आसपास; हमारी में हर वह दिन है जो नियमों पर खरा उतरता है। हर दिन के साथ उसका दर्जा लिखा है।
यह क्या नहीं है तारीख़ और जगह से निकला मुहूर्त सबके लिए एक जैसा है। किसी ख़ास जोड़े के लिए इनमें से दिन चुनना सलाह का काम है, और यह पन्ना वह होने का दावा नहीं करता — यहाँ किसी की जन्म कुंडली नहीं ली गई।
Muhurta Chintamani (Rama Daivajna) · Drik Panchang, "Property Purchase Muhurat — auspicious dates for registration"
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अक्तूबर 2026 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31
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नवंबर 2026 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30
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दिसंबर 2026 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31
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जनवरी 2027 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31
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फ़रवरी 2027 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28
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मार्च 2027 र सो मं बु गु शु श 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31
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सितंबर 2026 लाभ 12:48 दोपहर – 2:18 दोपहर11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल त्रयोदशी
नक्षत्र शतभिषापाद 1
योग शूल इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:10 सुबह – 5:58 सुबह 48मि चर 11:17 सुबह – 12:48 दोपहर 1घं 31मि अभिजित मुहूर्त 12:23 दोपहर – 1:12 दोपहर 48मि लाभ 12:48 दोपहर – 2:18 दोपहर 1घं 31मि शुभ 5:19 शाम – 6:50 शाम 1घं 31मि गोधूलि मुहूर्त 6:50 शाम – 7:14 शाम 24मि अमृत 6:50 शाम – 8:19 रात 1घं 30मि चर 8:19 रात – 9:49 रात 1घं 30मि लाभ 12:48 रात – 2:18 रात, 25 सितंबर 1घं 30मि शुभ 3:47 रात – 5:17 सुबह, 25 सितंबर 1घं 30मि अमृत 5:17 सुबह – 6:46 सुबह, 25 सितंबर 1घं 30मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
68 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18 त्रयोदशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Shula योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 अक्तूबर 2026 लाभ 9:41 रात – 11:13 रात10 समय
वार शुक्रवार
तिथि कृष्ण सप्तमी
नक्षत्र मृगशिरापाद 3
योग व्यतीपात इस दिन का समय (10) ब्रह्म मुहूर्त 5:15 सुबह – 6:04 सुबह 49मि अभिजित मुहूर्त 12:45 दोपहर – 1:08 दोपहर 23मि शुभ 12:45 दोपहर – 2:13 दोपहर 1घं 28मि विजय मुहूर्त 2:42 दोपहर – 3:29 दोपहर 47मि
नवंबर 2026 अमृत 5:41 शाम – 7:26 शाम8 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल तृतीया
नक्षत्र मूलपाद 1
योग सुकर्मा इस दिन का समय (8) ब्रह्म मुहूर्त 5:47 सुबह – 6:43 सुबह 56मि चर 11:25 सुबह – 12:40 दोपहर 1घं 15मि अभिजित मुहूर्त 12:20 दोपहर – 1:00 दोपहर 40मि लाभ 12:40 दोपहर – 1:55 दोपहर 1घं 15मि
दिसंबर 2026 अमृत 5:29 शाम – 7:19 शाम11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल द्वितीया
नक्षत्र मूलपाद 4
योग गण्ड इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 6:11 सुबह – 7:10 सुबह 59मि चर 11:39 सुबह – 12:49 दोपहर 1घं 10मि अभिजित मुहूर्त 12:30 दोपहर – 1:07 दोपहर 37मि लाभ 12:49 दोपहर – 1:59 दोपहर 1घं 10मि
जनवरी 2027 चर 4:55 सुबह – 6:30 सुबह, 2 जनवरी6 समय
वार शुक्रवार
तिथि कृष्ण दशमी
नक्षत्र स्वातिपाद 1
योग सुकर्मा इस दिन का समय (6) ब्रह्म मुहूर्त 6:22 सुबह – 7:21 सुबह 59मि चर 8:20 सुबह – 9:30 सुबह 1घं 10मि अमृत 10:40 सुबह – 11:50 सुबह 1घं 10मि शुभ 1:00 दोपहर – 2:10 दोपहर 1घं 10मि
फ़रवरी 2027 शुभ 4:32 सुबह – 6:13 सुबह, 12 फ़रवरी11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल पंचमी
नक्षत्र रेवतीपाद 3
योग साध्य इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 6:07 सुबह – 7:01 सुबह 54मि चर 11:52 सुबह – 1:10 दोपहर 1घं 19मि अभिजित मुहूर्त 12:49 दोपहर – 1:32 दोपहर 42मि लाभ 1:10 दोपहर – 2:29 दोपहर 1घं 19मि
मार्च 2027 शुभ 5:36 शाम – 7:06 शाम8 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल एकादशी
नक्षत्र पुष्यपाद 3
योग अतिगण्ड इस दिन का समय (8) ब्रह्म मुहूर्त 5:27 सुबह – 6:15 सुबह 48मि शुभ 5:36 शाम – 7:06 शाम 1घं 30मि गोधूलि मुहूर्त 7:06 शाम – 7:30 शाम 24मि अमृत 7:06 शाम – 8:35 रात 1घं 29मि
जिन महीनों में मुहूर्त है चर 5:09 शाम – 6:37 शाम 1घं 28मि
गोधूलि मुहूर्त 6:37 शाम – 7:01 शाम 25मि
लाभ 9:41 रात – 11:13 रात 1घं 32मि
शुभ 12:45 रात – 2:18 रात, 3 अक्तूबर 1घं 32मि
अमृत 2:18 रात – 3:50 रात, 3 अक्तूबर 1घं 32मि
चर 3:50 रात – 5:22 सुबह, 3 अक्तूबर 1घं 32मि
यह दिन क्यों अति शुभ — मृगशिरा नक्षत्र (कोमलता — नरम शुरुआत)
68 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है मृगशिरा नक्षत्र — कोमलता — नरम शुरुआत+18 सप्तमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 10 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Vyatipata योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 लाभ 12:44 रात – 2:18 रात, 9 अक्तूबर6 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण त्रयोदशी
नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनीपाद 4
योग शुक्ल इस दिन का समय (6) ब्रह्म मुहूर्त 5:19 सुबह – 6:10 सुबह 50मि चर 11:17 सुबह – 12:43 दोपहर 1घं 26मि अभिजित मुहूर्त 12:20 दोपहर – 12:46 दोपहर 26मि लाभ 12:44 रात – 2:18 रात, 9 अक्तूबर 1घं 34मि शुभ 3:52 रात – 5:26 सुबह, 9 अक्तूबर 1घं 34मि अमृत 5:26 सुबह – 7:01 सुबह, 9 अक्तूबर 1घं 34मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र (सुख और आराम — घर में चैन)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र — सुख और आराम — घर में चैन+18 त्रयोदशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 6 समय+8 चर 7:52 शाम – 9:29 रात11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल पंचमी
नक्षत्र ज्येष्ठापाद 2
योग सौभाग्य इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:24 सुबह – 6:16 सुबह 51मि चर 11:18 सुबह – 12:41 दोपहर 1घं 24मि अभिजित मुहूर्त 12:19 दोपहर – 1:04 दोपहर 45मि लाभ 12:41 दोपहर – 2:05 दोपहर 1घं 24मि शुभ 4:52 शाम – 6:16 शाम 1घं 24मि गोधूलि मुहूर्त 6:16 शाम – 6:42 शाम 26मि अमृत 6:16 शाम – 7:52 शाम 1घं 37मि चर 7:52 शाम – 9:29 रात 1घं 37मि लाभ 12:42 रात – 2:19 रात, 16 अक्तूबर 1घं 37मि शुभ 3:55 रात – 5:32 सुबह, 16 अक्तूबर 1घं 37मि अमृत 5:32 सुबह – 7:08 सुबह, 16 अक्तूबर 1घं 37मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — ज्येष्ठा नक्षत्र (बड़ों का संरक्षण)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है ज्येष्ठा नक्षत्र — बड़ों का संरक्षण+18 पंचमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 अमृत 6:06 शाम – 7:44 शाम11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल द्वादशी
नक्षत्र शतभिषापाद 4
योग वृद्धि इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:30 सुबह – 6:22 सुबह 53मि चर 11:19 सुबह – 12:40 दोपहर 1घं 21मि अभिजित मुहूर्त 12:18 दोपहर – 1:02 दोपहर 43मि लाभ 12:40 दोपहर – 2:02 दोपहर 1घं 21मि शुभ 4:44 शाम – 6:06 शाम 1घं 21मि गोधूलि मुहूर्त 6:06 शाम – 6:32 शाम 26मि अमृत 6:06 शाम – 7:44 शाम 1घं 39मि चर 7:44 शाम – 9:23 रात 1घं 39मि लाभ 12:41 रात – 2:20 रात, 23 अक्तूबर 1घं 39मि शुभ 3:58 रात – 5:37 सुबह, 23 अक्तूबर 1घं 39मि अमृत 5:37 सुबह – 7:16 सुबह, 23 अक्तूबर 1घं 39मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — शतभिषा नक्षत्र (सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है शतभिषा नक्षत्र — सुधार — बिगड़ा हुआ ठीक होता है+18 द्वादशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 लाभ 9:22 रात – 11:02 रात12 समय
वार शुक्रवार
तिथि शुक्ल त्रयोदशी
नक्षत्र पूर्व भाद्रपदपाद 4
योग ध्रुव इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:31 सुबह – 6:23 सुबह 53मि चर 7:16 सुबह – 8:37 सुबह 1घं 21मि अमृत 9:58 सुबह – 11:19 सुबह 1घं 21मि अभिजित मुहूर्त 12:40 दोपहर – 1:02 दोपहर 22मि शुभ 12:40 दोपहर – 2:01 दोपहर 1घं 21मि विजय मुहूर्त 2:28 दोपहर – 3:11 दोपहर 43मि चर 4:43 शाम – 6:04 शाम 1घं 21मि गोधूलि मुहूर्त 6:04 शाम – 6:31 शाम 26मि लाभ 9:22 रात – 11:02 रात 1घं 39मि शुभ 12:41 रात – 2:20 रात, 24 अक्तूबर 1घं 39मि अमृत 2:20 रात – 3:59 रात, 24 अक्तूबर 1घं 39मि चर 3:59 रात – 5:38 सुबह, 24 अक्तूबर 1घं 39मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18 त्रयोदशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 12 समय+8 लाभ 9:17 रात – 10:59 रात12 समय
वार शुक्रवार
तिथि कृष्ण पंचमी
नक्षत्र आर्द्रापाद 2
योग शिव इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:36 सुबह – 6:30 सुबह 54मि चर 7:24 सुबह – 8:43 सुबह 1घं 19मि अमृत 10:02 सुबह – 11:21 सुबह 1घं 19मि अभिजित मुहूर्त 12:39 दोपहर – 1:00 दोपहर 21मि शुभ 12:39 दोपहर – 1:58 दोपहर 1घं 19मि विजय मुहूर्त 2:25 दोपहर – 3:07 दोपहर 42मि चर 4:36 शाम – 5:55 शाम 1घं 19मि गोधूलि मुहूर्त 5:55 शाम – 6:22 शाम 27मि लाभ 9:17 रात – 10:59 रात 1घं 41मि शुभ 12:40 रात – 2:21 रात, 31 अक्तूबर 1घं 41मि अमृत 2:21 रात – 4:03 सुबह, 31 अक्तूबर 1घं 41मि चर 4:03 सुबह – 5:44 सुबह, 31 अक्तूबर 1घं 41मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + आर्द्रा नक्षत्र (तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे)
88 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है आर्द्रा नक्षत्र — तूफ़ान जो हवा साफ़ कर दे+18 पंचमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 12 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 शुभ 4:26 शाम – 5:41 शाम 1घं 15मि
गोधूलि मुहूर्त 5:41 शाम – 6:09 शाम 28मि
अमृत 5:41 शाम – 7:26 शाम 1घं 45मि
चर 7:26 शाम – 9:11 रात 1घं 45मि
यह दिन क्यों अति शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18 तृतीया — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 8 समय+8 चर 7:22 शाम – 9:09 रात11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल दशमी
नक्षत्र पूर्व भाद्रपदपाद 2
योग हर्षण इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:54 सुबह – 6:51 सुबह 57मि चर 11:28 सुबह – 12:41 दोपहर 1घं 13मि अभिजित मुहूर्त 12:22 दोपहर – 1:01 दोपहर 39मि लाभ 12:41 दोपहर – 1:55 दोपहर 1घं 13मि शुभ 4:22 शाम – 5:35 शाम 1घं 13मि गोधूलि मुहूर्त 5:35 शाम – 6:04 शाम 28मि अमृत 5:35 शाम – 7:22 शाम 1घं 47मि चर 7:22 शाम – 9:09 रात 1घं 47मि लाभ 12:42 रात – 2:28 रात, 20 नवंबर 1घं 47मि शुभ 4:15 सुबह – 6:02 सुबह, 20 नवंबर 1घं 47मि अमृत 6:02 सुबह – 7:48 सुबह, 20 नवंबर 1घं 47मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र (गहरा भाव)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र — गहरा भाव+18 दशमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 लाभ 9:08 रात – 10:55 रात6 समय
वार शुक्रवार
तिथि शुक्ल एकादशी
नक्षत्र उत्तर भाद्रपदपाद 2
योग वज्र इस दिन का समय (6) ब्रह्म मुहूर्त 5:55 सुबह – 6:52 सुबह 57मि चर 7:48 सुबह – 9:02 सुबह 1घं 13मि लाभ 9:08 रात – 10:55 रात 1घं 47मि शुभ 12:42 रात – 2:29 रात, 21 नवंबर 1घं 47मि अमृत 2:29 रात – 4:16 सुबह, 21 नवंबर 1घं 47मि चर 4:16 सुबह – 6:03 सुबह, 21 नवंबर 1घं 47मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18 एकादशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 6 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चुनने से पहले यह जान लें Vajra योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 लाभ 12:44 रात – 2:32 रात, 27 नवंबर7 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण तृतीया
नक्षत्र मृगशिरापाद 4
योग साध्य इस दिन का समय (7) ब्रह्म मुहूर्त 6:00 सुबह – 6:58 सुबह 58मि चर 11:31 सुबह – 12:43 दोपहर 1घं 12मि अभिजित मुहूर्त 12:24 दोपहर – 1:02 दोपहर 38मि लाभ 12:43 दोपहर – 1:55 दोपहर 1घं 12मि लाभ 12:44 रात – 2:32 रात, 27 नवंबर 1घं 48मि शुभ 4:20 सुबह – 6:08 सुबह, 27 नवंबर 1घं 48मि अमृत 6:08 सुबह – 7:56 सुबह, 27 नवंबर 1घं 48मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + मृगशिरा नक्षत्र (कोमलता — नरम शुरुआत)
88 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है मृगशिरा नक्षत्र — कोमलता — नरम शुरुआत+18 तृतीया — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 7 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 शुभ 4:19 शाम – 5:29 शाम 1घं 10मि
गोधूलि मुहूर्त 5:29 शाम – 5:58 शाम 29मि
अमृत 5:29 शाम – 7:19 शाम 1घं 50मि
चर 7:19 शाम – 9:09 रात 1घं 50मि
लाभ 12:49 रात – 2:39 रात, 11 दिसंबर 1घं 50मि
शुभ 4:29 सुबह – 6:20 सुबह, 11 दिसंबर 1घं 50मि
अमृत 6:20 सुबह – 8:10 सुबह, 11 दिसंबर 1घं 50मि
यह दिन क्यों अति शुभ — मूल नक्षत्र (जड़ से शुरुआत)
68 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है मूल नक्षत्र — जड़ से शुरुआत+18 द्वितीया — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 चुनने से पहले यह जान लें Ganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 शुभ 12:50 रात – 2:40 रात, 12 दिसंबर11 समय
वार शुक्रवार
तिथि शुक्ल तृतीया
नक्षत्र पूर्वाषाढ़ापाद 3
योग वृद्धि इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 6:12 सुबह – 7:11 सुबह 59मि चर 8:10 सुबह – 9:20 सुबह 1घं 10मि अमृत 10:29 सुबह – 11:39 सुबह 1घं 10मि शुभ 12:49 दोपहर – 1:59 दोपहर 1घं 10मि विजय मुहूर्त 2:22 दोपहर – 3:00 दोपहर 37मि चर 4:19 शाम – 5:29 शाम 1घं 10मि गोधूलि मुहूर्त 5:29 शाम – 5:58 शाम 29मि लाभ 9:09 रात – 10:59 रात 1घं 50मि शुभ 12:50 रात – 2:40 रात, 12 दिसंबर 1घं 50मि अमृत 2:40 रात – 4:30 सुबह, 12 दिसंबर 1घं 50मि चर 4:30 सुबह – 6:20 सुबह, 12 दिसंबर 1घं 50मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र (शुरुआत में जोश)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र — शुरुआत में जोश+18 तृतीया — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 लाभ 9:15 रात – 11:06 रात8 समय
वार शुक्रवार
तिथि कृष्ण द्वितीया
नक्षत्र पुनर्वसुपाद 4
योग इन्द्र इस दिन का समय (8) ब्रह्म मुहूर्त 6:20 सुबह – 7:19 सुबह 59मि चर 8:18 सुबह – 9:28 सुबह 1घं 10मि अमृत 10:37 सुबह – 11:47 सुबह 1घं 10मि शुभ 12:56 दोपहर – 2:06 दोपहर 1घं 10मि विजय मुहूर्त 2:29 दोपहर – 3:06 दोपहर 37मि चर 4:25 शाम – 5:34 शाम 1घं 10मि गोधूलि मुहूर्त 5:34 शाम – 6:04 शाम 29मि लाभ 9:15 रात – 11:06 रात 1घं 51मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
88 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18 द्वितीया — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 8 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 विजय मुहूर्त 2:33 दोपहर – 3:10 दोपहर 37मि
चर 4:55 सुबह – 6:30 सुबह, 2 जनवरी 1घं 35मि
यह दिन क्यों अति शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18 दशमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 6 समय+8 अमृत 5:52 शाम – 7:41 शाम9 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल सप्तमी
नक्षत्र उत्तर भाद्रपदपाद 4
योग शिव इस दिन का समय (9) ब्रह्म मुहूर्त 6:23 सुबह – 7:20 सुबह 58मि चर 11:53 सुबह – 1:05 दोपहर 1घं 12मि अभिजित मुहूर्त 12:46 दोपहर – 1:24 दोपहर 38मि लाभ 1:05 दोपहर – 2:17 दोपहर 1घं 12मि शुभ 4:41 शाम – 5:52 शाम 1घं 12मि गोधूलि मुहूर्त 5:52 शाम – 6:21 शाम 29मि अमृत 5:52 शाम – 7:41 शाम 1घं 48मि चर 7:41 शाम – 9:29 रात 1घं 48मि लाभ 1:05 रात – 2:53 रात, 15 जनवरी 1घं 48मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + उत्तर भाद्रपद नक्षत्र (गहरी समझ और ठहराव)
88 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है उत्तर भाद्रपद नक्षत्र — गहरी समझ और ठहराव+18 सप्तमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 9 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 शुभ 5:07 शाम – 6:26 शाम 1घं 19मि
गोधूलि मुहूर्त 6:26 शाम – 6:53 शाम 27मि
अमृत 6:26 शाम – 8:07 रात 1घं 41मि
चर 8:07 रात – 9:48 रात 1घं 41मि
लाभ 1:10 रात – 2:51 रात, 12 फ़रवरी 1घं 41मि
शुभ 4:32 सुबह – 6:13 सुबह, 12 फ़रवरी 1घं 41मि
अमृत 6:13 सुबह – 7:54 सुबह, 12 फ़रवरी 1घं 41मि
यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + रेवती नक्षत्र (सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय)
88 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है रेवती नक्षत्र — सुरक्षित पहुँच — पालन और आश्रय+18 पंचमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 लाभ 1:10 रात – 2:48 रात, 19 फ़रवरी11 समय
वार गुरुवार
तिथि शुक्ल त्रयोदशी
नक्षत्र पुनर्वसुपाद 4
योग आयुष्मान इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 6:00 सुबह – 6:53 सुबह 53मि चर 11:49 सुबह – 1:10 दोपहर 1घं 21मि अभिजित मुहूर्त 12:49 दोपहर – 1:32 दोपहर 43मि लाभ 1:10 दोपहर – 2:31 दोपहर 1घं 21मि शुभ 5:13 शाम – 6:35 शाम 1घं 21मि गोधूलि मुहूर्त 6:35 शाम – 7:01 शाम 26मि अमृत 6:35 शाम – 8:13 रात 1घं 39मि चर 8:13 रात – 9:52 रात 1घं 39मि लाभ 1:10 रात – 2:48 रात, 19 फ़रवरी 1घं 39मि शुभ 4:27 सुबह – 6:06 सुबह, 19 फ़रवरी 1घं 39मि अमृत 6:06 सुबह – 7:45 सुबह, 19 फ़रवरी 1घं 39मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुनर्वसु नक्षत्र (लौटना और नयापन)
88 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पुनर्वसु नक्षत्र — लौटना और नयापन+18 त्रयोदशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 अमृत 6:43 शाम – 8:19 रात11 समय
वार गुरुवार
तिथि कृष्ण पंचमी
नक्षत्र स्वातिपाद 2
योग वृद्धि इस दिन का समय (11) ब्रह्म मुहूर्त 5:53 सुबह – 6:44 सुबह 52मि चर 11:46 सुबह – 1:09 दोपहर 1घं 23मि अभिजित मुहूर्त 12:47 दोपहर – 1:32 दोपहर 44मि लाभ 1:09 दोपहर – 2:33 दोपहर 1घं 23मि शुभ 5:19 शाम – 6:43 शाम 1घं 23मि गोधूलि मुहूर्त 6:43 शाम – 7:08 शाम 26मि अमृत 6:43 शाम – 8:19 रात 1घं 36मि चर 8:19 रात – 9:56 रात 1घं 36मि लाभ 1:09 रात – 2:45 रात, 26 फ़रवरी 1घं 36मि शुभ 4:22 सुबह – 5:58 सुबह, 26 फ़रवरी 1घं 36मि अमृत 5:58 सुबह – 7:34 सुबह, 26 फ़रवरी 1घं 36मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — स्वाति नक्षत्र (संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है स्वाति नक्षत्र — संतुलन — अपने पैरों पर खड़ा+18 पंचमी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 11 समय+8 चर 8:35 रात – 10:05 रात 1घं 29मि
लाभ 1:04 रात – 2:33 रात, 19 मार्च 1घं 29मि
शुभ 4:02 सुबह – 5:32 सुबह, 19 मार्च 1घं 29मि
अमृत 5:32 सुबह – 7:01 सुबह, 19 मार्च 1घं 29मि
यह दिन क्यों अति शुभ — सर्वार्थ सिद्धि योग + पुष्य नक्षत्र (पोषण — सबसे टिकाऊ तारा)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है पुष्य नक्षत्र — पोषण — सबसे टिकाऊ तारा+18 एकादशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 8 समय+8 सर्वार्थ सिद्धि योग — हर काम बनता है, ऐसा कहा जाता है+10 चुनने से पहले यह जान लें Atiganda योग — शास्त्र इससे बचने को कहते हैं-10 अमृत 10:03 सुबह – 11:33 सुबह12 समय
वार शुक्रवार
तिथि शुक्ल द्वादशी
नक्षत्र आश्लेषापाद 3
योग सुकर्मा इस दिन का समय (12) ब्रह्म मुहूर्त 5:26 सुबह – 6:13 सुबह 48मि चर 7:01 सुबह – 8:32 सुबह 1घं 31मि अमृत 10:03 सुबह – 11:33 सुबह 1घं 31मि अभिजित मुहूर्त 1:04 दोपहर – 1:28 दोपहर 24मि शुभ 1:04 दोपहर – 2:35 दोपहर 1घं 31मि विजय मुहूर्त 3:05 दोपहर – 3:54 दोपहर 48मि चर 5:36 शाम – 7:07 शाम 1घं 31मि गोधूलि मुहूर्त 7:07 शाम – 7:31 शाम 24मि लाभ 10:05 रात – 11:34 रात 1घं 29मि शुभ 1:03 रात – 2:32 रात, 20 मार्च 1घं 29मि अमृत 2:32 रात – 4:01 सुबह, 20 मार्च 1घं 29मि चर 4:01 सुबह – 5:30 सुबह, 20 मार्च 1घं 29मि
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यह दिन क्यों अति शुभ — आश्लेषा नक्षत्र (गहरा लगाव)
78 /100 अति शुभ
यह दिन अच्छा क्यों है आश्लेषा नक्षत्र — गहरा लगाव+18 द्वादशी — पसंदीदा तिथि+12 चुनने के लिए 12 समय+8